ब्रेकिंग
कमरे में फंदे से लटका मिला महिला का शव, मायके वालों ने 10 लाख रुपये और बुलेट की मांग को लेकर हत्या का लगाया आरोपसुबह-सुबह चाचा लगा रहे थे झाड़ू, तभी भतीजे ने चला दी गोली; हालत गंभीरचीनी महंगी होने का एथेनॉल से नहीं है कनेक्शन! केंद्र ने बताया क्यों बढ़े दाम, त्योहार से पहले जानें पूरी वजह7 मौतों के बाद अशोकधाम में बड़ा बदलाव! चौथी सोमवारी पर अरघा से जलाभिषेक, जिगजैग रूट से होगी एंट्रीBihar News : 20 रुपये में बिकता था अश्लील वीडियो! टेलीग्राम से चलता था पूरा खेल, 1200 से ज्यादा वीडियो की खरीद-बिक्री का खुलासाकमरे में फंदे से लटका मिला महिला का शव, मायके वालों ने 10 लाख रुपये और बुलेट की मांग को लेकर हत्या का लगाया आरोपसुबह-सुबह चाचा लगा रहे थे झाड़ू, तभी भतीजे ने चला दी गोली; हालत गंभीरचीनी महंगी होने का एथेनॉल से नहीं है कनेक्शन! केंद्र ने बताया क्यों बढ़े दाम, त्योहार से पहले जानें पूरी वजह7 मौतों के बाद अशोकधाम में बड़ा बदलाव! चौथी सोमवारी पर अरघा से जलाभिषेक, जिगजैग रूट से होगी एंट्रीBihar News : 20 रुपये में बिकता था अश्लील वीडियो! टेलीग्राम से चलता था पूरा खेल, 1200 से ज्यादा वीडियो की खरीद-बिक्री का खुलासा

कोरोना संकट के बीच फट पड़ी धरती, कई मकान धंस गए

DESK : कोरोना संकट के बीच झारखंड के खूंटी के खलाड़ी में धरती फटने और धंसने का मामला सामने आया है. जिसके बदा से इलाके के लोगों में डर का माहौल है. लोगों को इसके पीछे की वजह पता

FirstBihar
Anamika
2 मिनट

DESK : कोरोना संकट के बीच झारखंड के खूंटी के खलाड़ी में धरती फटने और धंसने का मामला सामने आया है. जिसके बदा से इलाके के लोगों में डर का माहौल है. लोगों को इसके पीछे की वजह पता नहीं चल पा रहा है.

बताया जाता है कि विश्रामपुर पंचायत के जामुन दोहर बस्ती में 14 अप्रैल की देर रात घर को लोग सो रहे थे. तभी उन्हें भूकंप का एहसास हुआ. जबतक वे कुछ समझ पाते तब तक उनका घर 5 फुट तक धंस गया. लोग डर कर अपने घर से बाहर निकल आए तो देखा कि सड़कों में भी दरार पड़ चुकी है. गांव के प्रदीप तुरी और अरविंद तुरी ने बताया कि मंगलवार की रात को 8 बजे भूकंप जैसा अहसास हुआ. उसके बाद कोई नुकसान नहीं हुआ औऱ हमलोग सो गए. तभी रात के ढ़ाई बजे उनका घर धंसने लगा. वे लोग पूरे परिवार के साथ घर से बाहर भाग गए. तो देखा कि सड़क में भी दरार है. बुधवार सुबह तक दरार और बढ़ गई है.

खबर के मुताबिक जामुन दोहर बस्ती एनके एरिया के केडीएच खुली खदान से 200 मीटर के दायरे में है. यह बस्ती बंद पड़े कोयला खदान के उपर बसी है. कोयला खदान के उपर बने क्षेत्र में ऐसी घटनाएं आये दिन होते रहती है.