ब्रेकिंग
अशोकधाम भगदड़ के बाद अलर्ट मोड में सरकार, अंतिम सोमवारी और पूर्णिमा के मौके पर 10 अधिकारियों की प्रतिनियुक्ति, पूरी लिस्ट देखिएपश्चिम चंपारण बस हादसा: पांच लोगों की मौत के बाद सड़क पर उतरे परिजन, शव सड़क पर रखकर की मुआवजे की मांगलुंगी पहनकर प्रेस कॉन्फ्रेंस करने पहुंचे विधायक IP गुप्ता, पत्रकारों से बोले-‘मोदी जी मेरे सपने में आए थे’ पटना में डराने लगी गंगा: भद्र घाट और महावीर घाट की सड़क पर पानी; SDRF और NDRF को अलर्ट रहने के निर्देशस्कूल से लौट रही छात्रा पर धारदार हथियार से हमला, गर्दन पर गंभीर चोट; हालत नाजुक अशोकधाम भगदड़ के बाद अलर्ट मोड में सरकार, अंतिम सोमवारी और पूर्णिमा के मौके पर 10 अधिकारियों की प्रतिनियुक्ति, पूरी लिस्ट देखिएपश्चिम चंपारण बस हादसा: पांच लोगों की मौत के बाद सड़क पर उतरे परिजन, शव सड़क पर रखकर की मुआवजे की मांगलुंगी पहनकर प्रेस कॉन्फ्रेंस करने पहुंचे विधायक IP गुप्ता, पत्रकारों से बोले-‘मोदी जी मेरे सपने में आए थे’ पटना में डराने लगी गंगा: भद्र घाट और महावीर घाट की सड़क पर पानी; SDRF और NDRF को अलर्ट रहने के निर्देशस्कूल से लौट रही छात्रा पर धारदार हथियार से हमला, गर्दन पर गंभीर चोट; हालत नाजुक

सुशांत के साथ हो रहा था बड़ा फर्जीवाड़ा, उनकी कंपनी के दस्तावेज पर मिले फर्जी हस्ताक्षर

DESK : पटना सुशांत सिंह राजपूत की मौत के मामले में हर दिन कई खुलासे हो रहे हैं. इन सब के बीच अब यह बात सामने आई है कि 2020 में सुशांत की कंपनी के दस्तावेज में कई बार उनके फर्जी हस्ताक्षर किए गए हैं

FirstBihar
Anamika
2 मिनट

DESK : पटना सुशांत सिंह राजपूत की मौत के मामले में हर दिन कई खुलासे हो रहे हैं. इन सब के बीच अब यह बात सामने आई है कि 2020 में सुशांत की कंपनी के दस्तावेज में कई बार उनके फर्जी हस्ताक्षर किए गए हैं. 

यह बात सामने आने के बाद जांच एजेंसिया अब इसकी जांच में जुट गई है. आखिर क्यों सुशांत की कंपनी के दस्तावेज में उनके फर्जी हस्ताक्षर किए गए और ये फर्जी हस्ताक्षर किसने किए? यह कहीं उनके साथ की जा रही जालसाजी का एक हिस्सा तो नहीं था. 

वहीं जानबूझ कर सुशांत से फायदा उठाने के लिए उनके नाम पर फर्जी हस्ताक्षर कराए जाने का शक है. व जांच एजेंसियां इस केस में जुडे लोगों से भी इसे लेकर पूछताछ कर रही है. लेकिन इन सब के बीच बड़ा सवाल यह है कि सुशांत के साथ आखिर इतना बड़ा फर्जीवाड़ा कौन कर रहा था. और इसके पीछे का उसका मकसद क्या था. क्या वह सुशांत के बहुत करीब रहने वाला ही कोई था या फिर उनकी कंपनी से जुड़े लोगों में से कोई इस तरह का काम कर रहा था. सुशांत का फर्जी साइन करके उसे उससे क्या फायदा मिलने वाला था.