ब्रेकिंग
योगी ने कर दिया फैजल खान का इलाज, कोचिंग हुआ सीलजमीन विवाद में अंचल कार्यालय बना रणक्षेत्र, सुनवाई के दौरान आपस में भिड़ीं महिलाएंघूसखोरी मामले में पूर्व महिला दारोगा पूनम कुमारी दोषी करार, कोर्ट ने सुनाई 3 साल की सजाबेतिया में दिल को दहला देने वाली घटना: पत्नी और 3 बच्चों को पति ने नहर में फेंका, तीनों मासूम की हुई दर्दनाक मौतभरत तिवारी एनकाउंटर केस में आया नया मोड़, SDPO-थानेदार समेत अन्य पुलिसकर्मियों पर दर्ज हुआ मुकदमायोगी ने कर दिया फैजल खान का इलाज, कोचिंग हुआ सीलजमीन विवाद में अंचल कार्यालय बना रणक्षेत्र, सुनवाई के दौरान आपस में भिड़ीं महिलाएंघूसखोरी मामले में पूर्व महिला दारोगा पूनम कुमारी दोषी करार, कोर्ट ने सुनाई 3 साल की सजाबेतिया में दिल को दहला देने वाली घटना: पत्नी और 3 बच्चों को पति ने नहर में फेंका, तीनों मासूम की हुई दर्दनाक मौतभरत तिवारी एनकाउंटर केस में आया नया मोड़, SDPO-थानेदार समेत अन्य पुलिसकर्मियों पर दर्ज हुआ मुकदमा

जहरीली शराब से मौत के बाद भी लोग पी रहे शराब, सहरसा में नशे की हालत में मिला सरकारी स्कूल का कर्मचारी

SAHARSA: बिहार में बीते दिनों जहरीली शराब के कई लोगों की मौतें हुई लेकिन इस घटना के बाद भी लोग अपनी आदतों से बाज नहीं आ रहे हैं। चोरी छिपे शराब पीकर अपनी जान जोखिम में डाल रहे

जहरीली शराब से मौत के बाद भी लोग पी रहे शराब, सहरसा में नशे की हालत में मिला सरकारी स्कूल का कर्मचारी
Jitendra Vidyarthi
2 मिनट

SAHARSA: बिहार में बीते दिनों जहरीली शराब के कई लोगों की मौतें हुई लेकिन इस घटना के बाद भी लोग अपनी आदतों से बाज नहीं आ रहे हैं। चोरी छिपे शराब पीकर अपनी जान जोखिम में डाल रहे है। पुलिस को शराब कारोबारियों का सुराग मिले ना मिले लेकिन शराबियों को शराब आसानी से मिल जा रही है। यह हम नहीं कह रहे बल्कि रविवार देर शाम एग्रीकल्चर कॉलोनी स्थित झाड़ी में पड़ा शराबी बयां कर रहा है।


एग्रीकल्चर कॉलोनी में लोगों ने झाड़ी के पास शराबी को नशे में धुत गिरा देखा। झा़ड़ी में बेसुध पड़े शराबी की पहचान की गयी। शराब के नशे में धुत यह शख्स सरकारी स्कूल का कर्मचारी है। शिक्षा कॉलोनी निवासी बबलू मल्लिक के रूप में इनकी पहचान हुई। जो राजकीय कन्या उच्च विद्यालय में चतुर्थ वर्गीय कर्मी के रुप में कार्यरत है।


जिसके बाद बेसुध पड़े बबलू मल्लिक को झाड़ी से किसी तरह बाहर निकाला गया। जब शराबी से पूछा गया कि उसने शराब कहां पिया है। तो उसने शराब का अड्डा बताने से इनकार कर दिया। हालांकि झाड़ी में पड़े शख्स इस तरह से नशे में था कि वह सीधा खड़ा तक नहीं हो पा रहा था। जिसके बाद बबलू के परिजनों को इस बात की जानकारी मिली। घर के लोग पहुंचे और किसी तरह से उसे उठाकर वहाँ से घर ले गये। इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि जिला मुख्यालय में जब इस तरह से आसानी से शराब की उपलब्ध हो जा रही है तो ग्रामीण क्षेत्रों का क्या हाल होगा?

टैग्स
रिपोर्टिंग
R

रिपोर्टर

RITESH HUNNY

FirstBihar संवाददाता