BIHAR NEWS : समस्तीपुर जिले के विभूतिपुर थाना क्षेत्र में गुरुवार सुबह एक दर्दनाक सड़क हादसे ने तीन परिवारों की खुशियां छीन लीं। सिंघियाघाट-हरिचक मुख्य पथ पर खोकसाहा और खदियाही चौक के बीच नामचीन बसेरा बड़ चौराहे के समीप ऑटो और बाइक की आमने-सामने हुई जोरदार टक्कर में तीन लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि आठ अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के बाद घटनास्थल पर अफरा-तफरी मच गई और स्थानीय लोगों की भारी भीड़ जुट गई।
मृतकों की पहचान विभूतिपुर वार्ड संख्या 5 निवासी स्वर्गीय बंकुल महतो के पुत्र राज कुमार महतो (55 वर्ष), उनकी पत्नी संयोगिता देवी (45 वर्ष) तथा खानपुर थाना क्षेत्र के आमसौर वार्ड संख्या 2 निवासी हरेराम सहनी (59 वर्ष) के रूप में की गई है। बताया जा रहा है कि राज कुमार महतो अपनी पत्नी के साथ सुबह खेत की ओर जा रहे थे, तभी उनकी बाइक दुर्घटना की चपेट में आ गई।
घटना के संबंध में मिली जानकारी के अनुसार खानपुर थाना क्षेत्र के आमसौर गांव की नौ महिलाएं एक किराए के ऑटो से गंगा स्नान के लिए निकली थीं। इसी दौरान विभूतिपुर थाना क्षेत्र के नामचीन बसेरा बड़ चौराहे के पास तेज रफ्तार ऑटो और बाइक के बीच जोरदार टक्कर हो गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि बाइक सवार दंपति सड़क पर दूर जा गिरे, जबकि ऑटो में सवार कई महिलाएं घायल हो गईं।
हादसे के तुरंत बाद स्थानीय लोगों ने राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया। घायलों को आनन-फानन में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र विभूतिपुर पहुंचाया गया। अस्पताल में मौजूद चिकित्सकों ने राज कुमार महतो, संयोगिता देवी और हरेराम सहनी को मृत घोषित कर दिया। वहीं अन्य घायलों का उपचार शुरू किया गया।
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र विभूतिपुर के ऑन ड्यूटी चिकित्सक डॉ. तुषांत ने बताया कि आमसौर वार्ड संख्या 2 निवासी अरुण सहनी की पत्नी गीता देवी की हालत गंभीर होने के कारण प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें बेहतर इलाज के लिए सदर अस्पताल रेफर कर दिया गया है। जबकि अन्य घायल महिलाओं का इलाज सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में किया गया। घायलों में पवित्री देवी, फूल शंकर देवी, तेतरी देवी, सुधा देवी, अमेरिका देवी, सीता देवी और ममता देवी शामिल हैं। चिकित्सकों के अनुसार सभी घायलों की स्थिति फिलहाल खतरे से बाहर बताई जा रही है, हालांकि कुछ को गंभीर चोटें आई हैं।
दुर्घटना की सूचना मिलते ही विभूतिपुर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति का जायजा लिया। पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त वाहन को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है। वहीं तीनों मृतकों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजने की प्रक्रिया पूरी की जा रही है। हादसे के बाद मृतक दंपति के घर में मातम पसरा हुआ है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। गांव में भी शोक की लहर दौड़ गई है। दूसरी ओर आमसौर गांव में भी हरेराम सहनी की मौत की खबर से परिवार और ग्रामीणों में गहरा दुख देखा गया।
स्थानीय लोगों का कहना है कि इस सड़क पर अक्सर तेज रफ्तार वाहनों के कारण दुर्घटनाएं होती रहती हैं। ग्रामीणों ने प्रशासन से सड़क सुरक्षा के लिए ठोस कदम उठाने और दुर्घटना संभावित क्षेत्रों में आवश्यक संकेतक लगाने की मांग की है।फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है और दुर्घटना के वास्तविक कारणों का पता लगाने का प्रयास कर रही है। इस दर्दनाक हादसे ने एक बार फिर सड़क सुरक्षा और यातायात नियमों के पालन की आवश्यकता को उजागर कर दिया है।




