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Bihar Secretariat CCTV : सरकारी भवनों में गलियारों से परिसर तक कैमरे, सरकार ने जारी किया आदेश; जानिए किन्हें होगा फायदा

राज्य सरकार ने सुरक्षा व्यवस्था को और सुदृढ़ बनाने की दिशा में एक बड़ा और अहम फैसला लिया है। अब सचिवालय और प्रमुख सरकारी भवनों में आने-जाने वाले हर व्यक्ति की गतिविधियों पर सीसीटीवी कैमरों के जरिए पैनी नजर रखी जाएगी।

Bihar Secretariat CCTV : सरकारी भवनों में गलियारों से परिसर तक कैमरे, सरकार ने जारी किया आदेश; जानिए किन्हें होगा फायदा
Tejpratap
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Bihar Secretariat CCTV : राज्य सरकार ने सचिवालय और प्रमुख सरकारी भवनों की सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। अब राज्य के सभी सचिवालय परिसरों में आने-जाने वाले हर व्यक्ति पर सीसीटीवी कैमरों की कड़ी नजर रहेगी। गृह विभाग ने इस महत्वाकांक्षी योजना को स्वीकृति दे दी है, जिसके तहत पुराने और नए सचिवालय के साथ-साथ अन्य प्रमुख सरकारी भवनों में व्यापक स्तर पर सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे।


इस योजना के अंतर्गत पुराना सचिवालय, नया सचिवालय, अधिवेश भवन, सिंचाई भवन, विकास भवन, सूचना भवन और विश्वेश्वरैया भवन को सीसीटीवी निगरानी से पूरी तरह लैस किया जाएगा। भवनों के मुख्य प्रवेश द्वार, गलियारे, सीढ़ियां, पार्किंग एरिया और पूरे परिसर में बड़ी संख्या में हाई-रिजॉल्यूशन कैमरे लगाए जाएंगे, ताकि हर गतिविधि पर नजर रखी जा सके। इससे न सिर्फ सुरक्षा व्यवस्था मजबूत होगी, बल्कि सरकारी कार्यों में पारदर्शिता भी बढ़ेगी।


सरकार की ओर से इस पूरी परियोजना पर कुल 29 करोड़ 23 लाख 83 हजार रुपये खर्च किए जाएंगे। इसमें से चालू वित्तीय वर्ष 2025-26 में 23 करोड़ 57 लाख 56 हजार रुपये खर्च करने की स्वीकृति दी गई है। शेष राशि अगले चरण में जारी की जाएगी। विभागीय अधिकारियों के अनुसार, बजट स्वीकृत होते ही टेंडर प्रक्रिया और तकनीकी तैयारियां शुरू कर दी गई हैं, ताकि तय समय-सीमा के भीतर काम पूरा किया जा सके।


सीसीटीवी कैमरों की प्रभावी निगरानी के लिए प्रत्येक भवन में एक-एक कंट्रोल एंड कमांड सेंटर भी बनाया जाएगा। इन केंद्रों के लिए हर भवन में एक अलग कमरा चिन्हित किया गया है, जहां से रियल टाइम फुटेज की निगरानी की जा सकेगी। कंट्रोल एंड कमांड सेंटर में प्रशिक्षित कर्मियों की तैनाती की जाएगी, जो चौबीसों घंटे कैमरों से मिलने वाले फुटेज पर नजर रखेंगे। किसी भी संदिग्ध गतिविधि की स्थिति में तुरंत संबंधित विभाग और सुरक्षा एजेंसियों को अलर्ट किया जा सकेगा।


गृह विभाग के अधिकारियों का कहना है कि सचिवालय और प्रमुख सरकारी भवनों में रोजाना बड़ी संख्या में कर्मचारी, अधिकारी और आम लोग आते-जाते हैं। ऐसे में सुरक्षा को लेकर किसी भी तरह की चूक भारी पड़ सकती है। सीसीटीवी कैमरों के जरिए न केवल अपराधों पर अंकुश लगेगा, बल्कि आपात स्थिति में त्वरित कार्रवाई भी संभव हो सकेगी। साथ ही, किसी घटना की जांच के दौरान फुटेज अहम साक्ष्य के रूप में काम आएगा।


इसी क्रम में राज्य के पुलिस थानों में भी सीसीटीवी कैमरे लगाने का काम तेजी से आगे बढ़ रहा है। गृह विभाग के अनुसार, राज्य के पुराने पुलिस थानों में कैमरे लगाने का कार्य लगभग पूरा हो चुका है। अब नवसृजित यानी नए बनाए गए 176 थानों में भी सीसीटीवी कैमरे लगाए जा रहे हैं। विभागीय आंकड़ों के मुताबिक, अब तक राज्य के 1212 पुलिस थानों को सीसीटीवी निगरानी से आच्छादित किया जा चुका है।


पुलिस थानों में कैमरे लगने से न सिर्फ पुलिस कार्यप्रणाली में पारदर्शिता बढ़ी है, बल्कि आम जनता का भरोसा भी मजबूत हुआ है। हिरासत में होने वाली घटनाओं, थाने में आने-जाने वालों और पुलिसकर्मियों की गतिविधियों पर निगरानी रखी जा सकेगी। इससे मानवाधिकार उल्लंघन की शिकायतों में कमी आने की उम्मीद है।


कुल मिलाकर, राज्य सरकार की यह पहल सुरक्षा, पारदर्शिता और जवाबदेही की दिशा में एक अहम कदम मानी जा रही है। सचिवालय और सरकारी भवनों से लेकर पुलिस थानों तक सीसीटीवी कैमरों का जाल बिछने से प्रशासनिक व्यवस्था अधिक सुदृढ़ और भरोसेमंद होने की उम्मीद है।

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FirstBihar न्यूज़ डेस्क

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