ब्रेकिंग
बिहार में म्यूजिक कंपनी के डायरेक्टर के घर ED की रेड, करोड़ों की ठगी और मनी लॉन्ड्रिंग का मामलाBihar News : विधायक बनते ही मैदान में उतरे प्रशांत किशोर! 11 अगस्त से बांकीपुर के हर वार्ड में जाएंगे, 3 महीने में बदलाव का बड़ा वादा"Bihar News : ईओ विमल कुमार हत्याकांड में बड़ा एक्शन! CM सम्राट चौधरी ने दिए स्पीडी ट्रायल के आदेश, पत्नी ने रखीं 5 बड़ी मांगेंBihar News : 15 अगस्त से पहले बड़ा तोहफा! बिहार के 11 लाख परिवारों को मिलेगा नया राशन कार्ड, जानिए आवेदन की पूरी प्रक्रियाBihar Weather Alert: बिहार के 17 जिलों में आज बारिश और वज्रपात का खतरा, घर से निकलने से पहले जरूर पढ़ें मौसम विभाग की चेतावनी!बिहार में म्यूजिक कंपनी के डायरेक्टर के घर ED की रेड, करोड़ों की ठगी और मनी लॉन्ड्रिंग का मामलाBihar News : विधायक बनते ही मैदान में उतरे प्रशांत किशोर! 11 अगस्त से बांकीपुर के हर वार्ड में जाएंगे, 3 महीने में बदलाव का बड़ा वादा"Bihar News : ईओ विमल कुमार हत्याकांड में बड़ा एक्शन! CM सम्राट चौधरी ने दिए स्पीडी ट्रायल के आदेश, पत्नी ने रखीं 5 बड़ी मांगेंBihar News : 15 अगस्त से पहले बड़ा तोहफा! बिहार के 11 लाख परिवारों को मिलेगा नया राशन कार्ड, जानिए आवेदन की पूरी प्रक्रियाBihar Weather Alert: बिहार के 17 जिलों में आज बारिश और वज्रपात का खतरा, घर से निकलने से पहले जरूर पढ़ें मौसम विभाग की चेतावनी!

zero gst items : 22 सितंबर के बाद बेहद सस्‍ते मिलेंगे ये सामान...; जानिए आप कैसे उठा सकते हैं '0' GST का फायदा

zero gst items : पिछले कुछ वर्षों से लगातार यह शिकायत सामने आ रही थी कि जीएसटी की दरें कई आवश्यक वस्तुओं और सेवाओं पर अपेक्षाकृत अधिक हैं। महंगाई के कारण मध्यम वर्ग और गरीब तबके की जेब पर दबाव बढ़ रहा था।

zero gst items
zero gst items
© FILE PHOTO
Tejpratap
Tejpratap
5 मिनट

zero gst items : भारत सरकार आम नागरिकों को 22 सितंबर से बड़ा तोहफा देने जा रही है। इस दिन से लागू होने वाले नए GST रिफॉर्म का असर सीधे-सीधे आपकी जेब पर दिखेगा। खाने-पीने की चीजों से लेकर रोजमर्रा की जरूरत की वस्तुएं और महंगे इलेक्ट्रॉनिक सामान तक पर टैक्स कम किया जा रहा है। सरकार का दावा है कि इस फैसले से न केवल आम लोगों को राहत मिलेगी, बल्कि अर्थव्यवस्था में खपत (Consumption) भी बढ़ेगी।


क्यों जरूरी था जीएसटी रिफॉर्म?

पिछले कुछ वर्षों से लगातार यह शिकायत सामने आ रही थी कि जीएसटी की दरें कई आवश्यक वस्तुओं और सेवाओं पर अपेक्षाकृत अधिक हैं। महंगाई के कारण मध्यम वर्ग और गरीब तबके की जेब पर दबाव बढ़ रहा था। ऐसे में सरकार ने व्यापक समीक्षा कर यह तय किया कि रोजमर्रा से जुड़ी चीजों और उपभोक्ता वस्तुओं पर टैक्स घटाया जाए। विशेषज्ञों का मानना है कि यह कदम खासकर त्योहारी सीजन से पहले लोगों की क्रयशक्ति बढ़ाएगा और मार्केट की डिमांड को भी तेज करेगा।

क्या-क्या होगा सस्ता?

नए जीएसटी रेट्स लागू होने के बाद जिन वस्तुओं और सेवाओं की कीमत में कमी आएगी, उनमें प्रमुख रूप से शामिल हैं:

खाने-पीने की चीजें

पैकेटबंद खाद्य सामग्री जैसे आटा, चावल, दाल

दूध उत्पाद जैसे पनीर, घी, मक्खन

ब्रेड, बिस्कुट और स्नैक्स

पहले इन पर 5% या 12% तक जीएसटी लगता था, जिसे अब घटाकर 0% से 5% कर दिया गया है।

रोजमर्रा की जरूरत की वस्तुएं

साबुन, टूथपेस्ट, शैम्पू

डिटर्जेंट और क्लीनिंग प्रोडक्ट

बच्चों के कपड़े और जूते

अब इन पर जीएसटी की दर 18% से घटाकर 12% या 5% कर दी गई है।

इलेक्ट्रॉनिक सामान और होम अप्लायंसेज

एसी, फ्रिज, वॉशिंग मशीन, टीवी

मोबाइल फोन और लैपटॉप

किचन अप्लायंसेज (मिक्सर, इंडक्शन, गीजर आदि)

इन वस्तुओं पर पहले 28% तक टैक्स लगता था, जिसे घटाकर 18% किया जा रहा है।

ऑटोमोबाइल सेक्टर

टू-व्हीलर (स्कूटी और बाइक)

कार (हैचबैक और सेडान)

इलेक्ट्रिक व्हीकल्स


नए जीएसटी दरें लागू होने के बाद उपभोक्ताओं को सीधा फायदा होगा। उदाहरण के लिए  अगर कोई परिवार महीने का राशन 5,000 रुपये का लेता है, तो अब उसे 300-500 रुपये तक की बचत होगी। इलेक्ट्रॉनिक सामान खरीदने पर 2,000 से लेकर 15,000 रुपये तक की राहत मिल सकती है। बाइक और कार खरीदने पर कीमत में 10,000 से 50,000 रुपये तक का अंतर पड़ेगा। त्योहारी सीजन में यह बदलाव उपभोक्ताओं के लिए और भी फायदेमंद साबित होगा क्योंकि इस दौरान लोग नई खरीदारी करते हैं।


विशेषज्ञों का कहना है कि इस जीएसटी कटौती से बाजार में डिमांड बढ़ेगी। ऑटो सेक्टर और कंज्यूमर ड्यूरेबल्स (AC-TV आदि) सेक्टर को इससे बड़ा लाभ मिलेगा। बिक्री बढ़ने से कंपनियों का प्रोडक्शन भी तेज होगा और रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे। खाद्य वस्तुओं और FMCG सेक्टर में भी खपत बढ़ेगी, जिससे छोटे दुकानदारों से लेकर बड़ी कंपनियों तक सभी को फायदा होगा।


सरकार का यह कदम केवल आम लोगों को राहत देने के लिए नहीं है, बल्कि इसके पीछे एक बड़ी आर्थिक रणनीति भी है। कीमतें घटने से महंगाई दर पर भी नियंत्रण होगा। लोग ज्यादा खरीदारी करेंगे, जिससे अर्थव्यवस्था को गति मिलेगी। आने वाले समय में चुनावी माहौल को देखते हुए सरकार यह संदेश देना चाहती है कि वह आम जनता की परवाह करती है।


22 सितंबर से लागू होने वाले नए जीएसटी रिफॉर्म आम नागरिकों के लिए वाकई एक बड़ा तोहफा साबित होंगे। खाने-पीने की चीजों से लेकर रोजमर्रा की जरूरत और महंगे इलेक्ट्रॉनिक सामान तक सस्ते होंगे। इससे न केवल आपकी जेब पर बोझ कम होगा बल्कि बाजार और उद्योग जगत को भी नई ताकत मिलेगी। त्योहारी सीजन से ठीक पहले यह फैसला सरकार की दूरगामी रणनीति को भी दर्शाता है। अब देखना होगा कि आने वाले समय में इस कदम का कितना असर महंगाई और बाजार पर देखने को मिलता है।