ब्रेकिंग
बिहार में बड़ा हादसा टला: गंगा के बीच अचानक नाव में आई खराबी, 12 लोगों को सुरक्षित निकाला गया, रेस्क्यू ऑपरेशन जारीसांसद पप्पू यादव ने स्पेशल कोर्ट में किया सरेंडर, अदालत से मिली बेल; क्या है मामला?बेगूसराय गैंगरेप पीड़िता से मिले तेजस्वी यादव, कानून-व्यवस्था को लेकर सरकार पर बोला तीखा हमलाप्रमोशन मिलने के बाद IAS बने बिहार के 14 अधिकारियों की पोस्टिंग, विभिन्न विभागों में मिली नई जिम्मेदारी; लिस्ट देखिए..पटना से दिल्ली तक जमीन..फ्लैट..मकान, धन कुबेर निकला बिहार का भ्रष्ट इंजीनियर पवन कुमार, EOU की छापेमारी में करोड़ों की संपत्ति का खुलासाबिहार में बड़ा हादसा टला: गंगा के बीच अचानक नाव में आई खराबी, 12 लोगों को सुरक्षित निकाला गया, रेस्क्यू ऑपरेशन जारीसांसद पप्पू यादव ने स्पेशल कोर्ट में किया सरेंडर, अदालत से मिली बेल; क्या है मामला?बेगूसराय गैंगरेप पीड़िता से मिले तेजस्वी यादव, कानून-व्यवस्था को लेकर सरकार पर बोला तीखा हमलाप्रमोशन मिलने के बाद IAS बने बिहार के 14 अधिकारियों की पोस्टिंग, विभिन्न विभागों में मिली नई जिम्मेदारी; लिस्ट देखिए..पटना से दिल्ली तक जमीन..फ्लैट..मकान, धन कुबेर निकला बिहार का भ्रष्ट इंजीनियर पवन कुमार, EOU की छापेमारी में करोड़ों की संपत्ति का खुलासा

Bihar Teacher: बिहार के चार दर्जन से अधिक शिक्षकों को कई महीनों से नहीं मिली सैलरी, राज्यपाल और सीएम से लगाई गुहार

Bihar Teacher: बिहार के दरभंगा संस्कृत विश्वविद्यालय के शिक्षक वेतन के लिए तरस रहे हैं. परेशान शिक्षकों ने सीएम नीतीश कुमार और राज्यपाल से गुहार लगाई है.

Bihar Teacher News
शिक्षकों को नहीं मिला वेतन
© google
Mukesh Srivastava
2 मिनट

Bihar Teacher: बिहार राज्य विश्वविद्यालय सेवा आयोग द्वारा नियुक्त कामेश्वर सिंह दरभंगा संस्कृत विश्वविद्यालय के लगभग 60 शिक्षक पिछले 13 महीनों से बिना वेतन के सेवा दे रहे हैं। इस लंबे समय तक वेतन न मिलने के कारण इन शिक्षकों की आर्थिक स्थिति काफी खराब हो गई है। 


इस समस्या से निपटने के लिए विश्वविद्यालय के व्याकरण, ज्योतिष, दर्शन और हिंदी विभाग के शिक्षकों ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और कुलाधिपति सह राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान को पत्र लिखकर वेतन भुगतान की मांग की है।इन  शिक्षकों को अपने परिवार का भरण-पोषण करने में भी काफी मुश्किल हो रही है।


नवनियुक्त शिक्षकों ने पत्र में बताया है कि वे देश के विभिन्न हिस्सों से यहां आकर सेवा दे रहे हैं। परिवार चलाने के लिए हर महीने खर्च होता है, लेकिन वेतन न मिलने के कारण उन्हें उधार लेकर और कर्ज लेकर गुजारा करना पड़ रहा है। अब तो लोग उन्हें कर्ज देने से भी मना कर रहे हैं।


शिक्षकों ने बताया कि उन्होंने अप्रैल 2023 में विश्वविद्यालय में योगदान दिया था। तब से लेकर अब तक लगभग 19 महीने हो चुके हैं, लेकिन उन्हें केवल तीज-त्योहारों के समय ही कुछ महीनों का वेतन मिला है। विश्वविद्यालय के कुलसचिव ने बताया है कि सरकार से धनराशि नहीं मिलने के कारण शिक्षकों का वेतन भुगतान नहीं किया जा सका है।

रिपोर्टिंग
F

रिपोर्टर

FIRST BIHAR

FirstBihar संवाददाता