ब्रेकिंग
Bihar Crime News : छठ का चूल्हा बनाने के लिए मिट्टी लेने गई थीं दो बच्चियां, अचानक धंस गई मिट्टी; एक की दर्दनाक मौत✦Munger News Today : मुंगेर में 16 साल बाद फिर गूंजेगी पहाड़ों में हथौड़ों की आवाज! सभी पहाड़ों पर पत्थर खनन शुरू कराने की तैयारी तेज, CM सम्राट ने दिया बड़ा भरोसा✦ Anant Singh : 25 नवंबर को बेटी की शादी, उससे पहले प्रयागराज निकले छोटे सरकार! अनंत सिंह ने बताया कौन है वह खास दोस्त, जिससे मिलने जा रहे हैं✦Bihar News: बिहार में ट्रैफिक चालान भरने के लिए नहीं लगाने होंगे चक्कर, इस दिन से GPay और PhonePe के माध्यम से घर बैठे जमा करें जुर्माना✦Bihar News : बिहार में NDA सरकार के एक साल पूरे होने पर बड़ा धमाका! 21 नवंबर को PM मोदी आएंगे वैशाली, सम्राट चौधरी ने बनाई पूरी रणनीति✦Bihar Crime News : छठ का चूल्हा बनाने के लिए मिट्टी लेने गई थीं दो बच्चियां, अचानक धंस गई मिट्टी; एक की दर्दनाक मौत✦Munger News Today : मुंगेर में 16 साल बाद फिर गूंजेगी पहाड़ों में हथौड़ों की आवाज! सभी पहाड़ों पर पत्थर खनन शुरू कराने की तैयारी तेज, CM सम्राट ने दिया बड़ा भरोसा✦ Anant Singh : 25 नवंबर को बेटी की शादी, उससे पहले प्रयागराज निकले छोटे सरकार! अनंत सिंह ने बताया कौन है वह खास दोस्त, जिससे मिलने जा रहे हैं✦Bihar News: बिहार में ट्रैफिक चालान भरने के लिए नहीं लगाने होंगे चक्कर, इस दिन से GPay और PhonePe के माध्यम से घर बैठे जमा करें जुर्माना✦Bihar News : बिहार में NDA सरकार के एक साल पूरे होने पर बड़ा धमाका! 21 नवंबर को PM मोदी आएंगे वैशाली, सम्राट चौधरी ने बनाई पूरी रणनीति

BIHAR TEACHER NEWS : शिक्षकों को मिली बड़ी खुशखबरी, पटना HC ने दिया बड़ा आदेश; पढ़िए यह खबर

BIHAR TEACHER NEWS: पटना हाईकोर्ट ने राज्य के हजारों निजी डिग्री कॉलेजों में कार्यरत शिक्षकों को बड़ी राहत देते हुए एक ऐतिहासिक फैसला सुनाया है और निजी डिग्री कॉलेजों के शिक्षकों को सैलरी और पेंशन देने का

Bihar News
बिहार न्यूज
© GOOGLE
Viveka Nand
3 मिनट

BIHAR TEACHER NEWS:  पटना हाईकोर्ट ने राज्य के हजारों निजी डिग्री कॉलेजों में कार्यरत शिक्षकों को बड़ी राहत देते हुए एक ऐतिहासिक फैसला सुनाया है। कोर्ट ने आदेश दिया है कि 19 अप्रैल 2007 से पहले नियुक्त सभी योग्य शिक्षकों को वेतन, पेंशन और अन्य सेवा लाभ दिए जाएं। यह आदेश तीन महीने के भीतर लागू करने का निर्देश दिया गया है।


यह फैसला कार्यकारी मुख्य न्यायाधीश अशुतोष कुमार और न्यायमूर्ति पार्थ सारथी की खंडपीठ ने सुनाया, जिसने राज्य सरकार की दो अपीलों को खारिज करते हुए शिक्षकों के पक्ष में निर्णय दिया। अदालत ने कहा कि शिक्षकों को बिहार विश्वविद्यालय अधिनियम, 1976 की धारा 57-A में 2015 में किए गए संशोधन का लाभ मिलेगा, चाहे उनके कॉलेज 'डिफिसिट ग्रांट' योजना में आते हों या 'परफॉर्मेंस ग्रांट' में।


राज्य सरकार ने कोर्ट में तर्क दिया था कि यह संशोधन केवल परफॉर्मेंस ग्रांट प्राप्त कॉलेजों पर लागू होता है, लेकिन कोर्ट ने इस तर्क को खारिज करते हुए इसे शिक्षा नीति की भावना के खिलाफ और असंवैधानिक बताया। कोर्ट ने कहा कि समान कार्य के लिए समान वेतन और सेवा लाभ एक मौलिक सिद्धांत है, और इसमें किसी प्रकार का भेदभाव नहीं किया जा सकता।


कोर्ट ने यह भी माना कि अधिकांश शिक्षक कॉलेजों की गवर्निंग बॉडी की अनुशंसा पर नियमित प्रक्रिया के तहत नियुक्त किए गए थे। राज्य विश्वविद्यालय सेवा आयोग (BPSC का शिक्षकीय समकक्ष) के विघटन के बाद नियुक्तियाँ कॉलेज स्तर पर की गई थीं, और शिक्षक वर्षों से शिक्षण कार्य कर रहे हैं।


कोर्ट ने यह भी स्पष्ट किया कि सेवानिवृत्त शिक्षकों को UGC वेतनमान के अनुरूप पेंशन दी जाए, जिससे वर्षों से सेवा देने वाले वरिष्ठ शिक्षकों को भी न्याय मिल सकेगा। फैसले के बाद राज्य भर में शिक्षकों और शिक्षक संगठनों में खुशी की लहर है। बिहार कॉलेज टीचर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष प्रो. अरविंद सिंह ने इसे "शिक्षकों के वर्षों की लड़ाई का न्यायपूर्ण अंत" बताया और कहा कि सरकार को आदेश का शीघ्र पालन करना चाहिए।