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बिहार में दूध उत्पादन में रिकॉर्ड बढ़ोतरी, प्रतिदिन 26 लाख लीटर पहुंचा उत्पादन; डेयरी सेक्टर को मिली मजबूती

Bihar Milk Production: बिहार में दूध उत्पादन में रिकॉर्ड वृद्धि दर्ज की गई है। डेयरी विभाग के अनुसार राज्य में प्रतिदिन उत्पादन 22 लाख से बढ़कर 26 लाख लीटर पहुंच गया है। बेहतर मौसम, हरे चारे की उपलब्धता को इसका प्रमुख कारण बताया गया है।

Bihar Milk Production
प्रतिकात्मक तस्वीर
© Google
Mukesh Srivastava
2 मिनट

Bihar Milk Production: बिहार में इस वर्ष दूध उत्पादन में उल्लेखनीय बढ़ोतरी दर्ज की गई है। डेयरी, मत्स्य एवं पशु संसाधन विभाग के अनुसार राज्य में अब प्रतिदिन करीब 26 लाख लीटर दूध का उत्पादन हो रहा है। पिछले वर्ष यह आंकड़ा लगभग 22 लाख लीटर प्रतिदिन था, यानी एक साल में लगभग 4 लाख लीटर की बढ़ोतरी हुई है।


विभाग का कहना है कि इस वृद्धि के पीछे हरे चारे की बेहतर उपलब्धता, अनुकूल मौसम और दुधारु पशुओं में किसी बड़ी संक्रामक बीमारी का न फैलना प्रमुख कारण रहे हैं। सामान्यतः गर्मी के मौसम में दूध उत्पादन घट जाता है, लेकिन इस बार लगातार बारिश और बेहतर मौसम ने उत्पादन को बढ़ाने में अहम भूमिका निभाई। अधिकारियों के अनुसार इस वर्ष गाय और भैंसों में कोई बड़ी बीमारी नहीं फैली, जिससे पशुपालकों को नुकसान नहीं हुआ और दूध उत्पादन स्थिर बना रहा।


हालांकि राज्य में पशुधन की संख्या में थोड़ी गिरावट दर्ज की गई है। 20वीं पशुधन गणना 2019 के अनुसार बिहार में 1 करोड़ 53 लाख गाय और 77 लाख भैंस थीं, जबकि मार्च 2025 के प्रारंभिक आंकड़ों के अनुसार गायों की संख्या घटकर लगभग 1 करोड़ 48 लाख रह गई है। भैंसों की संख्या में भी कमी देखी गई है। राज्य में पोल्ट्री पक्षियों की संख्या 2.25 करोड़ से अधिक बताई जा रही है, हालांकि 2025 की पशुगणना की अंतिम रिपोर्ट अभी जारी नहीं हुई है।


इसके बावजूद विभाग का मानना है कि बेहतर पशु प्रबंधन, संतुलित आहार और हरे चारे की उपलब्धता के कारण दूध उत्पादन में वृद्धि हुई है। इससे डेयरी क्षेत्र को मजबूती मिली है और पशुपालकों की आय बढ़ने की उम्मीद जताई जा रही है।

रिपोर्टिंग
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रिपोर्टर

FIRST BIHAR

FirstBihar संवाददाता