INS Udaygiri and INS Himgiri: भारतीय नौसेना को मिली दोहरी ताकत : INS उदयगिरि और INS हिमगिरि बेड़े में शामिल

INS Udaygiri and INS Himgiri: भारतीय नौसेना के बेड़े को दो नए स्टेल्थ फ्रिगेट्स INS उदयगिरि और INS हिमगिरि को शामिल किया जाएगा। ये दोनों युद्धपोत दोपहर 2:45 बजे आधिकारिक रूप से नौसेना में शामिल होंगे।

1st Bihar Published by: First Bihar Updated Tue, 26 Aug 2025 01:16:54 PM IST

 भारतीय नौसेना  स्टेल्थ फ्रिगेट्स  ब्रह्मोस मिसाइल

भारतीय नौसेना स्टेल्थ फ्रिगेट्स ब्रह्मोस मिसाइल - फ़ोटो file photo

INS Udaygiri and INS Himgiri: भारतीय नौसेना में आज दो अत्याधुनिक स्टेल्थ फ्रिगेट्स INS उदयगिरि और INS हिमगिरि शामिल होंगे। पहली बार अलग-अलग शिपयार्ड में बने युद्धपोत एक साथ बेड़े का हिस्सा बन रहे हैं। ब्रह्मोस मिसाइल और उन्नत सेंसर से लैस ये पोत समुद्र में भारत की ताकत को और मजबूत करेंगे। तो आइए जानते हैं कि इसकी खास बात क्या है  ?


जानकारी के अनुसार, भारतीय नौसेना के बेड़े को दो नए स्टेल्थ फ्रिगेट्स INS उदयगिरि और INS हिमगिरि को शामिल किया जाएगा। ये दोनों युद्धपोत दोपहर 2:45 बजे आधिकारिक रूप से नौसेना में शामिल होंगे। पहली बार देश के दो अलग-अलग शिपयार्ड में बने युद्धपोत एक साथ नौसेना का हिस्सा बन रहे हैं। इनके साथ भारत के पास तीन फ्रिगेट स्क्वाड्रन तैयार हो जाएंगे, जो स्वदेशी क्षमता और औद्योगिक तकनीक का प्रतीक होंगे। 


बताया जा रहा है कि उदयगिरि, नीलगिरी क्लास स्टेल्थ फ्रिगेट, 1 जुलाई को भारतीय नौसेना को सौंपा गया था, जबकि एडवांस स्टेल्थ फ्रिगेट हिमगिरि 31 जुलाई को प्रोजेक्ट-17A के तहत नेवी को मिला था। आज ये दोनों फ्रिगेट्स आधिकारिक तौर पर नौसेना की शक्ति में जुड़ जाएंगे। INS उदयगिरि को मुंबई स्थित मझगांव डॉक शिपबिल्डर्स लिमिटेड (MDL) ने तैयार किया है। 


इधर, यह प्रोजेक्ट 17A का दूसरा युद्धपोत है और इसे अब तक की अपनी श्रेणी का सबसे तेज जहाज माना जा रहा है। वहीं, INS हिमगिरि कोलकाता स्थित गार्डन रीच शिपबिल्डर्स एंड इंजीनियर्स (GRSE) द्वारा निर्मित पहला P17A युद्धपोत है।