बिहार में हेल्थ सेक्टर की बड़ी छलांग! रोबोटिक सर्जरी से कैंसर पर जीत, आई बैंक भी हुआ शुरू

Robotic Surgery in Bihar: बिहार के सरकारी अस्पतालों में मरीजों के लिए बड़ी राहत वाली सुविधा शुरू हो गई है। पहली बार रोबोटिक सर्जरी से कैंसर और गंभीर बीमारियों का इलाज अब कम दर्द और कम जोखिम के साथ संभव है। वहीं, राजेंद्र नगर नेत्र अस्पताल में पटना का

1st Bihar Published by: First Bihar Updated Mar 13, 2026, 1:04:12 PM

बिहार में हेल्थ सेक्टर की बड़ी छलांग! रोबोटिक सर्जरी से कैंसर पर जीत, आई बैंक भी हुआ शुरू

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Robotic Surgery in Bihar: बिहार के अस्पतालों में अब मरीजों के लिए बड़ी राहत वाली सुविधा शुरू हो गई है। राज्य के सरकारी अस्पतालों में पहली बार रोबोटिक सर्जरी शुरू हो गई है, जो कैंसर और गंभीर बीमारियों के मरीजों के लिए किसी वरदान से कम नहीं। इसके साथ ही, राजेंद्र नगर नेत्र अस्पताल में पटना का पांचवां आई बैंक भी खुलने वाला है। इससे आंखों के मरीजों को अब घर के पास ही इलाज और कॉर्निया ट्रांसप्लांट की सुविधा मिल सकेगी।


रोबोटिक सर्जरी से कैंसर का इलाज आसान

आईजीआईएमएस के गैस्ट्रो सर्जरी विभाग के डॉ. राकेश कुमार ने बताया कि रोबोटिक सर्जरी से खाने की थैली, छोटी और बड़ी आंत, मलद्वार और किडनी के कैंसर के मरीजों को सबसे ज्यादा फायदा होगा। इस तकनीक से ऑपरेशन में चीरा बहुत छोटा रहता है, खून कम बहता है और कैंसर को जड़ से निकालना आसान हो जाता है।


डॉ. राकेश ने कहा कि अब मरीजों को पुराने तरीके की तुलना में कम दर्द और कम जोखिम के साथ ऑपरेशन मिलेगा। मरीज जल्दी ठीक हो जाएंगे और अपने काम पर लौट सकेंगे।


आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का बड़ा फायदा

रोबोट में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस लगी है, जिससे ऑपरेशन में सटीकता बढ़ जाती है। यह केवल खराब टीशू को हटाता है और अच्छे उत्तक को सुरक्षित रखता है। ऑपरेशन के दौरान ब्लड ट्रांसफ्यूजन की भी जरूरत नहीं पड़ती। यूरो रोबोटिक सर्जन डॉ. रोहित उपाध्याय ने बताया कि रोबोट की मदद से सर्जरी सुरक्षित, तेज़ और कम जोखिम वाली होती है।


हाल ही में पीत की थैली और हायटस हर्निया की सफल रोबोटिक सर्जरी की गई। अगले हफ्ते किडनी के कैंसर और गंभीर संक्रमण वाले मरीजों की भी रोबोटिक सर्जरी की जाएगी।


उद्घाटन और नई तकनीक

इस नई सुविधा का उद्घाटन स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडे करेंगे। बिहार में यह पहली बार है जब किसी सरकारी अस्पताल में दाविन्सी मशीन लगाई गई है। इसे दुनिया की सबसे एडवांस रोबोटिक तकनीक माना जाता है। मुख्यमंत्री और स्वास्थ्य मंत्री के अथक प्रयास से ही यह संभव हो पाया है।


राजेंद्र नगर नेत्र अस्पताल में नया आई बैंक

राजेंद्र नगर नेत्र अस्पताल में नया आई बैंक खुलने जा रहा है। इसके शुरू होने के बाद कॉर्निया प्रत्यारोपण की सुविधा भी अस्पताल में मिल सकेगी। निदेशक डॉ. अजित कुमार द्विवेदी ने बताया कि अस्पताल में हर दिन लगभग 600 मरीज आते हैं। अब जिन मरीजों को कॉर्निया ट्रांसप्लांट की जरूरत होगी, उन्हें बाहर किसी दूसरे अस्पताल जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी।


आई बैंक से और सुविधा

आई बैंक से मृत शरीर से टीशू निकालने और सुरक्षित रखने की सुविधा भी शुरू होगी। जरूरत पड़ने पर अन्य अस्पतालों को भी टीशू उपलब्ध कराया जा सकेगा। इससे पटना में अब कुल पांच आई बैंक होंगे – पीएमसीएच, आईजीआईएमएस, एम्स, एनएमसीएच और राजेंद्र नगर नेत्र अस्पताल।


मरीजों के लिए राहत

राज्य सरकार और स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि रोबोटिक सर्जरी और आई बैंक जैसी सुविधाओं से मरीजों को बेहतर इलाज मिलेगा और उन्हें जल्दी स्वस्थ होने में मदद मिलेगी।