1st Bihar Published by: FIRST BIHAR Updated Sun, 14 Sep 2025 02:50:38 PM IST
- फ़ोटो Google
Bihar News: बिहार में खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग ने जन वितरण प्रणाली के तहत खराब गुणवत्ता वाले खाद्यान्न की आपूर्ति के मामले में कड़ा एक्शन लिया है। विभाग ने जांच प्रतिवेदन के आधार पर राज्य खाद्य निगम के 6 सहायक प्रबंधकों और 6 गुणवत्ता नियंत्रकों को सस्पेंड कर दिया गया है। यह कार्रवाई गंभीर अनियमितताओं के मद्देनज़र की गई है।
इससे पहले विभाग ने 6 आपूर्ति निरीक्षकों / प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारियों को भी निलंबित किया था। साथ ही, 27 आपूर्ति निरीक्षकों और 7 सहायक जिला आपूर्ति पदाधिकारियों से स्पष्टीकरण मांगा गया है। जांच में यह सामने आया कि कई दुकानों में खाद्यान्न की कमी, निम्न गुणवत्ता, और स्टॉक में गड़बड़ी पाई गई थी।
राज्यभर में चल रहे "जीरो ऑफिस डे" अभियान के तहत पीडीएस दुकानों का गहन निरीक्षण किया जा रहा है। अब तक कुल 53,869 में से 49,209 दुकानों का निरीक्षण पूरा किया गया है। निरीक्षण में चौंकाने वाले आंकड़े सामने आए। जिसके बाद 10,735 दुकानों को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है।
वहीं निरीक्षण के दौरान 1,349 दुकानों में कम वजन की शिकायतें मिलीं। 1,230 दुकानों में खराब गुणवत्ता वाला अनाज पाए गए। वहीं 4,428 दुकानों में अनाज वितरण न होने की शिकायत मिली है। इसको लेकर 108 के खिलाफ केस दर्ज की गई है और 178 दुकानों का लाइसेंस रद्द किया गया है।
खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री लेसी सिंह ने कहा कि सरकार का मकसद है कि हर लाभुक को समय पर, सही वजन और गुणवत्ता वाला खाद्यान्न मिले। उन्होंने कहा कि इस महाअभियान का उद्देश्य पीडीएस में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करना है। जो भी दोषी पाया जाएगा, उस पर सख्त कार्रवाई होगी। पीडीएस प्रणाली की कमियों को दूर करने के लिए यह अभियान जारी रहेगा।