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Bihar News: सड़क हादसे में घायल लोगों की मदद करने वालों को अब दुगने से ज्यादा इनाम, पहचान भी रखी जाएगी गुप्त

Bihar News: पटना DTO ने गुड सेमेरिटन के लिए नई गाइडलाइन जारी की है। सड़क हादसे में घायल की मदद करने वालों की पहचान गुप्त रखी जाएगी, इनाम 10,000 से बढ़कर हुआ इतना..

Bihar News
प्रतीकात्मक
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Deepak Kumar
Deepak Kumar
3 मिनट

Bihar News: बिहार में सड़क दुर्घटना के पीड़ितों की जान बचाने वालों के लिए अच्छी खबर है। अब घायलों की मदद करना पहले से ज्यादा आसान और सुरक्षित होने वाला है। पटना जिला परिवहन कार्यालय (DTO) ने गुड सेमेरिटन के लिए नई गाइडलाइन जारी की है, जिसके तहत अब से घायल को अस्पताल पहुंचाने वाले की पहचान पूरी तरह से गुप्त रखी जाएगी।


पुलिस और अस्पताल प्रशासन को सख्त निर्देश दिए गए हैं कि मददगार से अनावश्यक पूछताछ या बार-बार बयान के लिए उन्हें परेशान न किया जाए। साथ ही, गुड सेमेरिटन को मिलने वाली इनाम राशि को 10,000 रुपये से बढ़ाकर अब 25,000 रुपये कर दिया गया है। यह बदलाव सड़क सुरक्षा नियमों में संशोधन के बाद लागू हुआ है, ताकि ज्यादा से ज्यादा लोग बिना डर के घायलों की मदद के लिए आगे आएं।


पहले कई मामलों में देखा गया है कि मददगारों को अस्पताल में पूछताछ और पुलिस द्वारा बार-बार थाने बुलाए जाने की वजह से काफी परेशानी होती थी। इससे लोग दूसरी बार मदद करने से हिचकते थे। नई गाइडलाइन इस डर को खत्म करने के लिए बनाई गई है। अब न तो मददगार का नाम सार्वजनिक होगा न ही उन्हें बेवजह बयान के लिए परेशान किया जाएगा। पटना DTO ने पुलिस प्रशासन के साथ बैठक कर इस बारे में जागरूकता फैलाने का फैसला किया है। इसके लिए जागरूकता अभियान भी चलाया जाएगा ताकि ज्यादा से ज्यादा लोग गुड सेमेरिटन बनकर सड़क हादसों में घायलों की जान बचा सकें।


ज्ञात हो कि सड़क दुर्घटना में 'गोल्डन आवर' (पहले 60 मिनट) बेहद अहम होता है, क्योंकि इस दौरान तुरंत इलाज से जान बचने की संभावना कई गुना बढ़ जाती है। नई गाइडलाइन के तहत अस्पतालों को भी निर्देश दिए गए हैं कि वे मददगारों से न्यूनतम सवाल पूछें और उनकी गोपनीयता का सम्मान करें। ऐसे में अगर आप भी सड़क पर किसी घायल को देखते हैं तो बिना डर के उन्हें अस्पताल पहुंचाएं, आपकी पहचान सुरक्षित रहेगी और साथ ही इनाम भी मिलेगा।

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