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मगध मेडिकल कॉलेज में जूनियर डॉक्टरों का हंगामा, OPD सेवाएं ठप; सैकड़ों मरीज बिना इलाज लौटे

Bihar News: गया के मगध मेडिकल कॉलेज अस्पताल में जूनियर डॉक्टरों ने एसी, हॉस्टल और अन्य बुनियादी सुविधाओं की मांग को लेकर विरोध प्रदर्शन किया। आंदोलन के कारण कई विभागों की ओपीडी सेवाएं प्रभावित रहीं।

Bihar News
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Mukesh Srivastava
3 मिनट

Bihar News: गयाजी स्थित मगध मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (एमएमसीएच) में शुक्रवार को जूनियर डॉक्टरों के विरोध प्रदर्शन का सीधा असर मरीजों पर पड़ा। एसी, हॉस्टल और अन्य बुनियादी सुविधाओं की मांग को लेकर डॉक्टरों ने कई विभागों की ओपीडी सेवाएं बाधित कर दीं, जिससे इलाज के लिए पहुंचे सैकड़ों मरीजों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा। कई मरीज बिना इलाज कराए ही वापस लौटने को मजबूर हुए।


जूनियर डॉक्टरों का कहना है कि अस्पताल के ओपीडी और ऑपरेशन थिएटर में लंबे समय से एयर कंडीशनर (एसी) की व्यवस्था नहीं थी। भीषण गर्मी में बिना एसी के काम करना बेहद मुश्किल हो गया था। इसी मुद्दे को लेकर डॉक्टरों ने विरोध प्रदर्शन शुरू किया और कई विभागों की ओपीडी सेवाएं बंद करा दीं हालांकि बाद में अस्पताल प्रशासन ने एसी की व्यवस्था कर दी, लेकिन इसके बावजूद डॉक्टरों का आंदोलन समाप्त नहीं हुआ। उन्होंने हॉस्टल और अन्य मूलभूत सुविधाओं की समस्याओं को लेकर प्रदर्शन जारी रखा।


प्रदर्शन कर रहे डॉक्टरों का आरोप है कि प्रथम वर्ष के कई छात्र-छात्राओं को अब तक हॉस्टल उपलब्ध नहीं कराया गया है, जिसके कारण उन्हें बाहर किराए पर रहना पड़ रहा है। वहीं पुराने हॉस्टल जर्जर स्थिति में हैं और वहां कभी भी कोई बड़ा हादसा हो सकता है।


डॉक्टरों का कहना है कि हॉस्टल, सड़क, नाली और अन्य सुविधाओं को लेकर कई बार प्रशासन को आवेदन दिया गया, लेकिन अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। उन्होंने बताया कि बारिश के मौसम में हॉस्टल से अस्पताल तक पहुंचना भी काफी मुश्किल हो जाता है।


विरोध प्रदर्शन का असर अस्पताल के रजिस्ट्रेशन काउंटर पर भी देखने को मिला। सुबह कुछ मरीजों का पर्चा कट सका, लेकिन बाद में पंजीकरण प्रक्रिया बाधित हो गई। इसके चलते बड़ी संख्या में मरीजों को बिना इलाज कराए लौटना पड़ा।


अस्पताल पहुंचे मरीजों और उनके परिजनों ने नाराजगी जताते हुए कहा कि इलाज के लिए समय और पैसा खर्च कर अस्पताल पहुंचने के बावजूद उन्हें डॉक्टर नहीं मिल सके। कई मरीजों ने कहा कि बार-बार अस्पताल आना हर किसी के लिए संभव नहीं है और ऐसी स्थिति में गरीब मरीज सबसे ज्यादा प्रभावित होते हैं।


मगध मेडिकल कॉलेज अस्पताल के अधीक्षक डॉ. प्रवीण कुमार अग्रवाल ने बताया कि जूनियर डॉक्टर अपनी मांगों को लेकर विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। प्रशासन उनकी समस्याओं के समाधान के लिए लगातार बातचीत कर रहा है। उन्होंने उम्मीद जताई कि जल्द ही सभी मुद्दों का समाधान निकाल लिया जाएगा और अस्पताल की सेवाएं फिर से सामान्य हो जाएंगी।

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FIRST BIHAR

FirstBihar संवाददाता