ब्रेकिंग
Ashok Dham Stamped : 8 मौतों के बाद खुली प्रशासन की आंख! अब अशोक धाम में CCTV, बैरिकेडिंग और ‘एक ट्रेन’ का ज्ञानBihar News : बिहार के गांवों में अब खुलेगी मोबाइल नेटवर्क की पोल! डाक सेवक बताएंगे Airtel-Jio में किसका सिग्नल कितना दमदारबिहार में Student Credit Card लेने वालों के लिए बड़ी खबर! सरकार ने कॉलेजों पर कसा शिकंजा, अब होगी जमीनी जांचBihar weather : बिहार में फिर बदलेगा मौसम का मिजाज! 27 अगस्त तक बारिश का अलर्ट, पटना समेत इन इलाकों में बरसेंगे बादलबख्तियारपुर में शिवचर्चा की आरती के दौरान घर में लगी आग, तीन लोगों की दर्दनाक मौतAshok Dham Stamped : 8 मौतों के बाद खुली प्रशासन की आंख! अब अशोक धाम में CCTV, बैरिकेडिंग और ‘एक ट्रेन’ का ज्ञानBihar News : बिहार के गांवों में अब खुलेगी मोबाइल नेटवर्क की पोल! डाक सेवक बताएंगे Airtel-Jio में किसका सिग्नल कितना दमदारबिहार में Student Credit Card लेने वालों के लिए बड़ी खबर! सरकार ने कॉलेजों पर कसा शिकंजा, अब होगी जमीनी जांचBihar weather : बिहार में फिर बदलेगा मौसम का मिजाज! 27 अगस्त तक बारिश का अलर्ट, पटना समेत इन इलाकों में बरसेंगे बादलबख्तियारपुर में शिवचर्चा की आरती के दौरान घर में लगी आग, तीन लोगों की दर्दनाक मौत

दिल्ली से दरभंगा पैदल पहुंचे मजदूर, घर पहुंचने से पहले किया गया क्वॉरेंटाइन

DARBHANGA: लॉकडाउन के बाद दिल्ली से 11 मजदूर पैदल चलते हुए दरभंगा पहुंचे. पैदल आने में मजदूरों को 13 दिन लग गया. लेकिन घर जाने से पहले से ही मजदूरों को पुलिस ने पकड़ा और सभी क

FirstBihar
Manish Kumar
2 मिनट

DARBHANGA: लॉकडाउन के बाद दिल्ली से 11 मजदूर पैदल चलते हुए दरभंगा पहुंचे. पैदल आने में मजदूरों को 13 दिन लग गया. लेकिन घर जाने से पहले से ही मजदूरों को पुलिस ने पकड़ा और सभी को 14 दिनों के लिए क्वॉरेंटाइन सेंटर भेज दिया. 

गश्ती कर रही पुलिस ने पकड़ा

बताया जा रहा है कि जैसे ही मजदूर दरभंगा पहुंचे की रात में गश्त कर रही पुलिस ने सभी को पकड़ लिया. पूछताछ किया और सभी को मेडिकल जांच के लिए भेजा. फिर सभी को 14 दिन के लिए क्वॉरेंटाइन सेंटर भेज दिया गया. सभी ने गुजारिश की घर जाने दिया जाए, लेकिन सभी को घर जाने से रोक दिया गया. सभी मजदूरों बिरौल और बहेड़ी गांव के रहने वाले हैं. 


दरभंगा डीएम ने कहा कि बाहर से मजदूरों का आने का सिलसिला जारी है. ऐसे लोगों को क्वॉरंटाइन सेंटर में रखा जा रहा है. यहां पर खाने और रहने की अच्छी व्यवस्था है. जो लोग बाहर से आ रहे है वह खुद मेडिकल जांच के लिए आए है. जिससे कोरोना जैसे खतरनाक बीमारी से लड़ा का सकें. बता दें कि लॉकडाउन के बाद हजारों मजदूर बिहार के अलग-अलग जिलों में दिल्ली, गाजियाबाद और नोएडा से पैदल ही बिहार आ गए है.

टैग्स