ब्रेकिंग न्यूज़

नीतीश कुमार के राज्यसभा जाने पर आया चिराग पासवान का रिएक्शन, जानिए.. क्या बोले LJP(R) चीफ? नीतीश कुमार के राज्यसभा जाने पर आया चिराग पासवान का रिएक्शन, जानिए.. क्या बोले LJP(R) चीफ? Bihar News : 20 साल तक बिहार में चला Nitish Kumar का जादू, BJP से गठबंधन कई बार बिगड़ा और कई बार बना; पढ़िए क्या रहा है हिस्ट्री Bihar Politics : सीएम नीतीश से मिलने मुख्यमंत्री आवास पहुंचे अमित शाह, NDA नेताओं के साथ नामांकन करने निकलें UPSC Success Story: डॉक्टर बनने का टूटा सपना, 120 दिन की तैयारी और बिना कोचिंग बनी IAS, जानिए पूरी कहानी Bihar Politics : BJP ने दिया नीतीश कुमार को धोखा, चाचा को निमंत्रण देने के सवाल पर बोले तेजस्वी ....बिहार की जनता चाहती है सत्ता परिवर्तन Petrol-Diesel Price Today: कच्चे तेल में अचानक उछाल, क्या आपके शहर में भी बढ़ेंगे पेट्रोल-डीजल के दाम? जानिए Bihar Politics : शादी में जिसने किया था कार ड्राइव उससे ही पहला चुनाव हार गए थे नीतीश कुमार , जानिए क्या था नाम और कब हुआ था चुनाव नीतीश कुमार के राज्यसभा जाने के बाद बिहार का अगला मुख्यमंत्री कौन होगा? गिरिराज सिंह ने दिया जवाब नीतीश कुमार के राज्यसभा जाने के बाद बिहार का अगला मुख्यमंत्री कौन होगा? गिरिराज सिंह ने दिया जवाब

पूर्णिया: मरीज की मौत के बाद परिजनों ने किया हंगामा, डॉक्टर पर इलाज में लापरवाही का लगाया आरोप

22-Apr-2021 11:30 AM

By Tahsin Ali

PURNEA: जिले के लाइन बाजार में आए दिन मरीज की मौत के बाद हंगामे की बात सामने आती है। ताजा मामला एक निजी क्लिनिक का है जहां सड़क हादसे में मौत के बाद परिजनों ने जमकर हंगामा मचाया। परिजनों ने डॉक्टर पर इलाज में लापरवाही का आरोप लगाया। हंगामे की सूचना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने समझा बुझाकर मामले को शांत कराया। 


गौरतलब है कि पूर्णिया के डगरूआ थाना क्षेत्र के लशनपुर निवासी मो. सलीमुद्दीन आलम ट्रक की चपेट में आने से गंभीर रूप से घायल हो गए थे। जिसके बाद ट्रक का मालिक उन्हें इलाज के लिए लाइन बाजार स्थित एक निजी क्लीनिक में ले गये। जबकि परिजन यहां इलाज नहीं कराना चाहते थे लेकिन जबरन ट्रक ऑनर ने इसी क्लिनिक में इलाज के लिए दबाव बनाया। जिसके बाद परिजन इलाज के लिए तैयार हुए। परिजनों का आरोप है कि यहां मरीज को दवाइयां गलत दी गयी और इलाज में भी लापरवाही बरती गयी जिसके कारण मरीज की मौत हो गयी।  


मृतक के परिजनों का यह भी आरोप है कि बीते शाम को ही मरीज़ की मौत क्लीनिक में हो गयी थी। लेकिन आनन-फानन में डॉक्टर ने मामले को दबाने के लिए उन्हें सदर अस्पताल में लाकर छोड़ दिया। जहां सदर अस्पताल के डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। मृतक की मौत की खबर सूचनते ही परिजन आक्रोशित हो उठे और हंगामा करने लगे। हंगामे की सूचना पाकर मौके पर आए सहायक खजांची थानाध्यक्ष संजय कुमार सिंह ने समझा-बुझाकर मामले को शांत कराया। जब डॉक्टर के द्वारा मोटी रकम मृतक के परिजनों को दी गयी तब परिजन शव लेकर घर की ओर रवाना हुए। 



ख़बर कवरेज करने के दौरान पत्रकार को रोकने की कोशिश

जब हंगामा चरम पर था तब ख़बर संकलन कर रहे पत्रकारों को रोकने की कोशिश की गई । वीडियो फुटेज में एक महिला (डॉक्टर पक्ष) ने कैमरा की तरफ इशारा करते हुए कैमरा बन्द करने को कहा । पत्रकार ने जब कड़े शब्द में कहा कि हम अपना काम कर रहे हैं तब जाकर वो वहां से किनारा कस ली । पत्रकारों के पहुंचने से पहले बाहर के कुछ लोग पहुंच कर परिजनों पर दबाव बनाने की कोशिश कर रहे थे । जिसे कैमरे में कैद होता देख सब अलग हो गए ।



आपको बता दें कि स्वास्थ्य की नगरी कहे जाने वाले पूर्णिया के लाइन बाज़ार में आए दिन मरीज की मौत के बाद हंगामे का सिलसिला बदस्तूर जारी है। डॉक्टरों की लापरवाही और दलालों के कारण मौत होने का मामला लगातार सामने आता है लेकिन दोषियों पर कार्रवाई नहीं हो पाती है। परिजनों द्वारा हंगामा मचाने पर मुआवजा देकर मामले को मैनेज कर लिया जाता है। मुआवजा मिलने के बाद परिजन शव को लेकर अंतिम संस्कार के लिए निकल पड़ते हैं। जिसके बाद एक बार फिर से यह सिलसिला यूं चलता रहता है। यह सब दलाल के कारण होता है जिन्हें क्लिनिक की तरफ से कमीशन दिए जाते है। कमीशन के चक्कर में दलाल मरीज को डॉक्टर के पास लाता है मरीज को भगवान भरोसे छोड़कर निकल पड़ता है अगले मरीज की खोज में.....