बिहार में शराबबंदी कानून का माखौल उड़ा रही खाकी, दारोगा का शराब के साथ वीडियो वायरल; जांच के आदेश बिहार में शराबबंदी कानून का माखौल उड़ा रही खाकी, दारोगा का शराब के साथ वीडियो वायरल; जांच के आदेश निशांत को ही सीएम बनाना होता तो BJP नीतीश को जबरदस्ती राज्यसभा क्यों भेजती? JDU कार्यकर्ताओं की मांग पर बोले मुकेश सहनी निशांत को ही सीएम बनाना होता तो BJP नीतीश को जबरदस्ती राज्यसभा क्यों भेजती? JDU कार्यकर्ताओं की मांग पर बोले मुकेश सहनी मेला दिखाने के बहाने युवती से दुष्कर्म, रेप के बाद बॉयफ्रेंड ने लड़की को दोस्तों के सामने परोसा, विरोध करने पर मार डाला मेला दिखाने के बहाने युवती से दुष्कर्म, रेप के बाद बॉयफ्रेंड ने लड़की को दोस्तों के सामने परोसा, विरोध करने पर मार डाला बिहार में बिना जुताई अब आलू की खेती: जीरो टिलेज पर सरकार का फोकस, जल्द लागू होगी नई तकनीक बिहार में बिना जुताई अब आलू की खेती: जीरो टिलेज पर सरकार का फोकस, जल्द लागू होगी नई तकनीक बिहार में अब सरकारी टेंडरों पर रहेगी EOU की पैनी नजर, 5 सदस्यीय टीम गठित; गड़बड़ी करने वालों का खेल खत्म बिहार में अब सरकारी टेंडरों पर रहेगी EOU की पैनी नजर, 5 सदस्यीय टीम गठित; गड़बड़ी करने वालों का खेल खत्म
31-Aug-2024 01:41 PM
By First Bihar
DELHI: कोलकाता रेप कांड को लेकर देश की सियासत गर्म है। मामले की जांच सीबीआई कर रही है। इसी बीच पीएम मोदी का बड़ा बयान आया है। न्यायपालिका के राष्ट्रीय सम्मेलन को संबोधित करते हुए सीजेआई की मौजूदगी मे पीएम मोदी ने देशभर के जजों से बड़ी अपील कर दी और कहा कि महिलाओं को जल्द इंसाफ मिले, तभी उन्हें भरोसा मिलेगा।
दरअसल, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को भारत के सर्वोच्च न्यायालय की स्थापना के 75 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में डाक टिकट और सिक्के का अनावरण किया। भारत के मुख्य न्यायाधीश डी वाई चंद्रचूड़ के साथ साथ बड़ी संख्या में मौजूद जजों के राष्ट्रीय सम्मेलन के उद्घाटन सत्र को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि महिलाओं के खिलाफ अत्याचार, बच्चों की सुरक्षा समाज की गंभीर चिंता है।
उन्होंने कहा कि महिलाओं की सुरक्षा के लिए कई कठोर कानून बनाए गए हैं लेकिन हमें इसे और सक्रिय बनाने की जरुरत है। महिला अत्याचार से जुड़े मामलों में जितनी जल्द फैसले आएंगे, आधी आबादी को सुरक्षा का उतना ही बड़ा भरोसा मिलेगा। न्याय मिलने में देरी को खत्म करने के लिए कई स्तर पर काम हुए हैं। पिछले 10 वर्षों में देश के बुनियादी ढांचे के विकास पर करीब 8 हजार करोड़ रुपए खर्च किए गए।
प्रधानमंत्री ने कहा कि लोकतंत्र में न्यायपालिका संविधान की संरक्षक मानी जाती है, जो अपने आप में एक बहुत बड़ी जिम्मेदारी है। पूरे भरोसे के साथ कह सकते हैं कि सुप्रीम कोर्ट और हमारी न्यायपालिका ने अपनी इस जिम्मेवारी का बखूबी निर्वहन किया है। जब कभी भी देश की सुरक्षा का सवाल आया तब न्यायपालिका ने राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखकर भारत की एकता की रक्षा की है।