सहरसा कोर्ट का अनोखा फैसला: फर्जी दस्तावेज मामले में आरोपी को मिली जमानत, 6 महीने मंदिर में सेवा की शर्त महाशिवरात्रि और होली से पूर्व हाई अलर्ट: डीजे पर रोक शराबबंदी पर सख्ती बिहार में सिलेंडर हादसा: भांजे की छठ्ठी में मधुबनी में मामा झुलसा, गयाजी में धमाके से 3 घर जलकर राख मोतिहारी में सूखा नशा के खिलाफ पुलिस की बड़ी कार्रवाई, स्मैक-गांजा के साथ महिला गिरफ्तार होली को लेकर एक्शन में पुलिस, सिविल ड्रेस में शराब तस्करों के ठिकानों पर कर रही रेड, जमुई में बाप-बेटे को दबोचा बिहार में अपराधियों का तांडव: समस्तीपुर में ज्वेलरी शॉप में करोड़ों की लूट, फायरिंग करते फरार हुए अपराधी प्रेमचंद रंगशाला में ‘सरगम’ की गूंज: श्रैफिकुलम विद्या बोधि स्कूल का भव्य वार्षिक समारोह Bihar Crime News: बिहार में दिनदहाड़े 10 लाख के ज्वेलरी की चोरी, बदमाशों ने बाइक की डिक्की से उड़ाए गहने Bihar Crime News: बिहार में दिनदहाड़े 10 लाख के ज्वेलरी की चोरी, बदमाशों ने बाइक की डिक्की से उड़ाए गहने ‘प्रेग्नेंट करो और पैसे कमाओ’, बिहार में साइबर अपराधियों का हैरान करने वाला ऑफर; युवकों को भेजते थे हॉट महिलाओं की तस्वीर
02-Aug-2023 07:52 PM
By First Bihar
मोदी सरनेम से जुड़े मानहानि केस में कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने सुप्रीम कोर्ट में बुधवार को जवाब दाखिल करते हुए दोषसिद्धि पर रोक लगाने की मांग की है। राहुल गांधी ने सुप्रीम कोर्ट में जवाब दाखिल करते हुए कहा कि, उनकी अपील सेशंस कोर्ट में लंबित है। उसमें सफलता की संभावना है। इसलिए उनके दोषसिद्धि पर सुप्रीम कोर्ट रोक लगा दे। राहुल गांधी ने कहा है कि - पूर्णेश मोदी ने सीधे उनका बयान नहीं सुना था,इसलिए उनके मामले को एक अपवाद की तरह देख कर राहत दी है।
दरअसल, मोदी उपनाम मानहानि मामले में शिकायतकर्ता पूर्णेश मोदी ने सुप्रीम कोर्ट में 31 जुलाई को जवाब दाखिल किया था। इसमें उन्होंने राहुल गांधी की याचिका खारिज करने की मांग की थी। इसके बाद अब इस मामले में राहुल गांधी ने अपनी दोषसिद्धि पर रोक की मांग की है। इस पुरे मामले पर 4 अगस्त को सुनवाई होनी है।
पूर्णेश मोदी ने कहा है कि- राहुल गांधी को राहत देने का कोई आधार नहीं है। उनका आचरण घमंड भरा है। वो बिना वजह एक पूरे वर्ग को अपमानित करने के बाद उन्होंने माफी मांगने से मना किया है। मानहानि मामले में राहुल गांधी को इस साल मार्च में सूरत की एक कोर्ट ने दो साल कैद की सजा सुनाई थी और गुजरात हाई कोर्ट ने सात जुलाई को उनकी दोषसिद्धि पर रोक लगाने से इनकार कर दिया था। इसके बाद कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने सुप्रीम कोर्ट का रुख किया, जिसने 21 जुलाई को गुजरात सरकार समेत संबंधित पक्षों को नोटिस जारी कर जवाब दाखिल करने को कहा था।
राहुल गांधी ने 13 अप्रैल 2019 को कर्नाटक के कोलार में एक चुनावी सभा को संबोधित करते हुए कहा था, “सभी चोरों का उपनाम मोदी क्यों होता है?” इसे लेकर पूर्णेश मोदी ने 2019 में उनके खिलाफ आपराधिक मानहानि का मामला दर्ज कराया था। अब इस मामले में राहुल गांधी ने कहा कि मानहानि केस में अधिकतम सज़ा के चलते संसद सदस्यता गई है। पूर्णेश मोदी खुद मूल रूप से मोदी समाज के नहीं हैं। राहुल गांधी ने कहा कि - इससे पहले उन्हें किसी केस में सज़ा नहीं मिली है। इसलिए माफी नहीं मांगने के चलते घमंडी कहना गलत है।