Bihar News: बालिका गृह से रिहा युवती ने सोशल मीडिया पर लगाई सुरक्षा की गुहार, परिजनों से बताया जान का खतरा Bihar News: बालिका गृह से रिहा युवती ने सोशल मीडिया पर लगाई सुरक्षा की गुहार, परिजनों से बताया जान का खतरा Bihar Budget Session : बिहार में बिजली बिल बकाएदारों के लिए राहत, ऊर्जा मंत्री ने इन चीजों में दी बड़ी छूट Patna Crime News: पटना में बुजुर्ग व्यक्ति की गला रेतकर बेरहमी से हत्या, वारदात से इलाके में सनसनी; CCTV फुटेज आया सामने Patna Crime News: पटना में बुजुर्ग व्यक्ति की गला रेतकर बेरहमी से हत्या, वारदात से इलाके में सनसनी; CCTV फुटेज आया सामने Bihar News: महोदय...आप हमारे अंगरक्षक हैं, भाजपा विधायक की यह बात सुनकर विधानसभा में जमकर लगे ठहाके, हंसते हुए अध्यक्ष बोले- अंगरक्षक नहीं संरक्षक बोलिए... Bihar teachers : बिहार में शिक्षा सेवकों के लिए बड़ी खुशखबरी, इस काम के लिए मिलेंगे 10-10 हजार रुपये आर्थिक सहायता SUCCESS STORY: कौन है बिहार के गौतम कुमार? बिहार के खाने को दिलाई ग्लोबल पहचान, पीएम मोदी तक पहुंची थाली Padma Shri : हुजूर..आपको तो पद्मश्री मिलनी चाहिए, भाजपा विधायक की बात सुनकर गदगद हो गए स्पीकर, मंद -मंद मुस्कुराने लगे प्रेम कुमार Bihar Land Survey : ''कार्रवाई शब्द बेहद आसान लगता है ...', विधानसभा में बोले विजय कुमार सिन्हा- हम एक्शन नहीं लेते इनाम देते हैं ...
23-Nov-2020 07:16 AM
PATNA : बिहार में नई सरकार के पूर्व शिक्षा मंत्री मेवालाल चौधरी की मुसीबत और बढ़ती दिख रही है। बिहार कृषि विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति डॉ मेवालाल चौधरी के खिलाफ भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप हैं और उनके खिलाफ मामला न्यायालय में चल रहा है। तारापुर से विधायक मेवालाल चौधरी के ऊपर भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप होने के बावजूद नीतीश कैबिनेट में उन्हें जगह दी गई थी लेकिन मामले ने इतना तूल पकड़ा कि आखिरकार मेवालाल चौधरी को इस्तीफा देना पड़ा। मेवालाल चौधरी के खिलाफ केस में पुलिस भी एक्टिव हो गई है और मामला एक बार फिर राजभवन तक जा सकता है।
दरअसल मेवालाल चौधरी के खिलाफ भ्रष्टाचार के मामले में एसएसपी आशीष भारती ने अभियोजन की स्वीकृति के लिए बिहार कृषि विश्वविद्यालय के कुलपति को पत्र लिखा है। एसएसपी के पत्र के बाद कुलपति डॉ एके सिंह ने राजभवन से निर्देश लेने के लिए तैयारियां शुरू कर दी हैं। कुलपति डॉ ए के सिंह राजभवन के साथ-साथ कानूनी विशेषज्ञों से राय लेने की तैयारी में हैं। मेवालाल चौधरी पर आरोप है कि उन्होंने कुलपति रहते बीएयू में असिस्टेंट प्रोफेसर की नियुक्ति में अनियमितता की।
कानूनी जानकारों के मुताबिक कोर्ट में चार्जशीट दाखिल करने के पहले अभियोजन की स्वीकृति जरूरी है। इसी सिलसिले में एसएसपी ने मेवालाल चौधरी और बीएयू के तत्कालीन सहायक निदेशक डॉ एमके वाधवानी के खिलाफ अभियोजन स्वीकृति के लिए आदेश की मांग की है। माना जा रहा है कि बीएयू की तरफ से आज इस पत्र का जवाब दिया जाएगा। कुलपति डॉ एके सिंह ने कहा है कि इस मामले में वह कानूनी विशेषज्ञों से राय लेने के निर्देश के बाद ही कोई कदम उठाएंगे। कानूनी जानकारों के मुताबिक अब कुलपति को कुलाधिपति सह राज्यपाल से अभियोजन की स्वीकृति का आदेश लेना होगा। कुलाधिपति के आदेश के बाद ही पुलिस चार्जशीट दायर कर पाएगी और उसके बाद निगरानी कोर्ट में ट्रायल की शुरुआत होगी। फिलहाल हाईकोर्ट से मेवालाल चौधरी और डॉ एमके वाधवानी जमानत पर हैं।