सहरसा कोर्ट का अनोखा फैसला: फर्जी दस्तावेज मामले में आरोपी को मिली जमानत, 6 महीने मंदिर में सेवा की शर्त महाशिवरात्रि और होली से पूर्व हाई अलर्ट: डीजे पर रोक शराबबंदी पर सख्ती बिहार में सिलेंडर हादसा: भांजे की छठ्ठी में मधुबनी में मामा झुलसा, गयाजी में धमाके से 3 घर जलकर राख मोतिहारी में सूखा नशा के खिलाफ पुलिस की बड़ी कार्रवाई, स्मैक-गांजा के साथ महिला गिरफ्तार होली को लेकर एक्शन में पुलिस, सिविल ड्रेस में शराब तस्करों के ठिकानों पर कर रही रेड, जमुई में बाप-बेटे को दबोचा बिहार में अपराधियों का तांडव: समस्तीपुर में ज्वेलरी शॉप में करोड़ों की लूट, फायरिंग करते फरार हुए अपराधी प्रेमचंद रंगशाला में ‘सरगम’ की गूंज: श्रैफिकुलम विद्या बोधि स्कूल का भव्य वार्षिक समारोह Bihar Crime News: बिहार में दिनदहाड़े 10 लाख के ज्वेलरी की चोरी, बदमाशों ने बाइक की डिक्की से उड़ाए गहने Bihar Crime News: बिहार में दिनदहाड़े 10 लाख के ज्वेलरी की चोरी, बदमाशों ने बाइक की डिक्की से उड़ाए गहने ‘प्रेग्नेंट करो और पैसे कमाओ’, बिहार में साइबर अपराधियों का हैरान करने वाला ऑफर; युवकों को भेजते थे हॉट महिलाओं की तस्वीर
23-Jul-2023 04:22 PM
By FIRST BIHAR
PATNA: बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष सम्राट चौधरी ने पीएमसीएच के अधीक्षक को पत्र लिखा है। अधीक्षक से स्व. विजय कुमार सिंह की पोस्टमार्टम रिपोर्ट का पूरा विवरण और वीडियोग्राफी उपलब्ध कराने की मांग की है। सम्राट चौधरी ने पत्र में लिखा है कि 13 जुलाई को भाजपा द्वारा पटना में आयोजित शांतिपूर्ण जुलूस में शामिल जहानाबाद के हमारी पार्टी के जिला महामंत्री विजय कुमार सिंह पर पुलिस ने लाठीचार्ज किया था। जिसके कारण उनकी मौत हो गयी थी। शव का पोस्टमार्टम पटना मेडिकल कॉलेज में किया गया था। इसलिए पोस्टमार्टम रिपोर्ट का पूरा विवरण और वीडियोग्राफी उपलब्ध कराने की मांग की है।
वही पूर्व केंद्रीय मंत्री व भाजपा नेता आरसीपी सिंह ने कहा कि स्वर्गीय विजय सिंह के परिजनों से वे मिले थे उन्होंने बताया कि विजय सिंह जी को किसी प्रकार की कोई बीमारी नहीं थी। जब कि बिहार सरकार दावा करती है कि उनकी मौत हृदय की बीमारी के कारण हुई है। आरसीपी सिंह ने कहा कि ये बहुत ही दुखद घटना है। विजय सिंह ने अपना पूरा का पूरा जीवन पार्टी को समर्पित किया। जीवनभर पार्टी के काम में ही लगे रहे। पार्टी के आह्वान पर 13 जुलाई को पटना गये और विधानसभा मार्च में शामिल हुए थे। सब जानते है कि किस प्रकार उनकी हत्या की गयी। सबसे दुखद यह है कि उनकी मौत को लेकर सरकार की कोई संवेदना ही नहीं दिखी।
घरवालों से पता चला कि उनको किसी प्रकार की बीमारी नहीं थी। कभी भी किसी प्रकार का दवा उन्होंने नहीं लिया था। जबकि सरकार दावा करती है कि विजय सिंह की मौत हार्ट अटैक से हुई है। उनको पहले से हृदय रोग की बीमारी होती तो इलाज हुआ होता। वे दवा लिये होते और घर वालों को इसकी जानकारी होती। पटना में आयोजित विधानसभा मार्च में शामिल होने गये लाठीचार्ज हुआ और भगदड़ में उनकी मौत हो गयी। आरसीपी ने कहा कि विजय सिंह भारत के एक नागरिक थे और बिहार के निवासी थे। नीतीश भी एनडीए में वर्षो तक रहे हैं 2019 के चुनाव में विजय सिंह जी ने अच्छी भूमिका निभाई थी। जबकि नीतीश कहते हैं संघर्ष के माध्यम से सत्ता में आए।
आरसीपी ने कहा कि जरा उनसे पूछिए कि कभी उन्होंने लाठी खाए है। यदि लाठी खाए होते तो इस तरह का बयान सरकार के तरफ से नहीं आया होता। कम से कम संवेदनशील होते परिवार के साथ खड़ा होते। इधर बीजेपी नेता विजय सिंह की मौत को लेकर राजनीति भी शुरू हो गयी है। विजय सिंह की मौत के बाद आनंद मोहन ने उनकी पत्नी को एमएलसी और राज्यसभा भेजने की बात कही थी। इस पर आरसीपी ने कहा कि कोई क्या कह देता है इस पर मत जाइए सिर्फ कहने से नहीं होता है। इस घड़ी में परिवार के साथ पूरे समाज को खड़ा होना चाहिए। विजय सिंह कमाने वाले व्यक्ति थे वो अब नहीं रहे। उन्होंने पूरा जीवन समाज की सेवा में दिया। पूरा संगठन और समाज आज उनके साथ खड़ा है। जो भी उपयुक्त होगा किया जाएगा।
