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04-Aug-2022 02:30 PM
By Ajit Kumar
PATNA : सरकारी स्कूलों में बच्चों की उपस्थिति बढ़ाने और अधिक से अधिक बच्चों को स्कूलों से जोड़ने के उद्देश्य से शुरू की गई कल्याणकारी योजना मिड डे मील का बिहार में बुरा हाल है। कभी मध्याह्न भोजन के चावल की चोरी तो कभी मिड डे मील की गुणवत्ता पर सवाल उठते रहे हैं। ताजा मामला जहानाबाद से सामने आया है जिसने सभी को हैरत में डाल दिया है। मामला जिले के सेरथुआ मध्य विद्यालय का है। यहां पढ़ाई के लिए स्कूल आने वाले बच्चों से मिड डे मील का भोजना बनवाया जाता है।
दरअसल, स्कूली बच्चों से मध्याह्न भोजन का खाना तैयार करवाने के वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ है। इस वायरल वीडियो में स्कूल के छोटे-छोटे बच्चों से मिड डे मील का भोजना बनवाया जा रहा है। वीडियो में साफ तौर पर देखा जा सकता है कि कोई बच्ची सब्जी काट रही है तो कोई चावल चुन रही है। क्लास रूम में बच्चियों को पढ़ाने के बजाए उनसे चुल्हा चौका कराया जा रहा है।
पढ़ाई छोड़कर बच्चों को घंटों मिड डे मील के लिए मशक्कत करनी पड़ती है। हालांकि फर्स्ट बिहार इस वायरल वीडियो की सत्यता की पुष्टि नहीं करता है। पूरे मामले पर जिला शिक्षा पदाधिकारी रोशन आरा ने बताया कि इस तरह का वीडियो उनके संज्ञान में आया है। जो लोग भी बच्चियों से इस तरह के काम करवा रहे हैं वह बिल्कुल गलत है और इस मामले में दोषी शिक्षकों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
बता दें कि कुछ दिन पहले ही सुलेमानपुर विद्यालय का एक वीडियो वायरल हुआ था। जिसमें स्कूल के प्रधानाध्यापक एवं शिक्षकों के द्वारा स्कूल में बच्चों से लकड़ी काटने, ईट और करकट काम करवाया जा रहा था। इसका वीडियो वायरल होने के बाद जहानाबाद डीएम रिची पाण्डेय ने खुद स्कूल पहुंचकर पूरे मामले की जांच की थी और प्रधानाध्यापक पर कार्रवाई करने के लिए जिला शिक्षा पदाधिकारी को आदेश भी दिया था।
PATNA : सरकारी स्कूलों में बच्चों की उपस्थिति बढ़ाने और अधिक से अधिक बच्चों को स्कूलों से जोड़ने के उद्देश्य से शुरू की गई कल्याणकारी योजना मिड डे मील का बिहार में बुरा हाल है। कभी मध्याह्न भोजन के चावल की चोरी तो कभी मिड डे मील की गुणवत्ता पर सवाल उठते रहे हैं। ताजा मामला जहानाबाद से सामने आया है जिसने सभी को हैरत में डाल दिया है। मामला जिले के सेरथुआ मध्य विद्यालय का है। यहां पढ़ाई के लिए स्कूल आने वाले बच्चों से मिड डे मील का भोजना बनवाया जाता है।
दरअसल, स्कूली बच्चों से मध्याह्न भोजन का खाना तैयार करवाने के वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ है। इस वायरल वीडियो में स्कूल के छोटे-छोटे बच्चों से मिड डे मील का भोजना बनवाया जा रहा है। वीडियो में साफ तौर पर देखा जा सकता है कि कोई बच्ची सब्जी काट रही है तो कोई चावल चुन रही है। क्लास रूम में बच्चियों को पढ़ाने के बजाए उनसे चुल्हा चौका कराया जा रहा है।
पढ़ाई छोड़कर बच्चों को घंटों मिड डे मील के लिए मशक्कत करनी पड़ती है। हालांकि फर्स्ट बिहार इस वायरल वीडियो की सत्यता की पुष्टि नहीं करता है। पूरे मामले पर जिला शिक्षा पदाधिकारी रोशन आरा ने बताया कि इस तरह का वीडियो उनके संज्ञान में आया है। जो लोग भी बच्चियों से इस तरह के काम करवा रहे हैं वह बिल्कुल गलत है और इस मामले में दोषी शिक्षकों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
बता दें कि कुछ दिन पहले ही सुलेमानपुर विद्यालय का एक वीडियो वायरल हुआ था। जिसमें स्कूल के प्रधानाध्यापक एवं शिक्षकों के द्वारा स्कूल में बच्चों से लकड़ी काटने, ईट और करकट काम करवाया जा रहा था। इसका वीडियो वायरल होने के बाद जहानाबाद डीएम रिची पाण्डेय ने खुद स्कूल पहुंचकर पूरे मामले की जांच की थी और प्रधानाध्यापक पर कार्रवाई करने के लिए जिला शिक्षा पदाधिकारी को आदेश भी दिया था।