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03-May-2025 12:24 PM
By First Bihar
New Traffic Rules: सड़क हादसों की बढ़ती संख्या और ट्रैफिक नियमों के उल्लंघन को रोकने के लिए परिवहन विभाग एक नई और सख्त पॉइंट सिस्टम योजना लागू करने की तैयारी में है। इस प्रस्तावित व्यवस्था के तहत ओवरस्पीड, रेड लाइट जंप, सीट बेल्ट न पहनना, और अन्य ट्रैफिक उल्लंघनों पर ड्राइवर्स के ड्राइविंग लाइसेंस पर निगेटिव पॉइंट्स जोड़े जाएंगे। यदि ये पॉइंट्स एक तय सीमा से अधिक हो जाते हैं, तो लाइसेंस को सस्पेंड या रद्द तक किया जा सकता है। यह सिस्टम मौजूदा चालान व्यवस्था से अलग होगा, यानी चालान के साथ-साथ पॉइंट्स भी लागू होंगे। मोटर व्हीकल्स ऐक्ट में संशोधन के बाद यह व्यवस्था अगले कुछ महीनों में लागू हो सकती है।
2019 में मोटर व्हीकल्स ऐक्ट में संशोधन के बाद ट्रैफिक चालान की राशि में भारी बढ़ोतरी की गई थी, जिसका मकसद रैश ड्राइविंग को रोकना और सड़क हादसों को कम करना था। हालांकि, इसका प्रभाव सीमित रहा। सरकारी आंकड़ों के अनुसार, भारत में हर साल करीब 1.7 लाख लोग सड़क हादसों में मारे जाते हैं या घायल होते हैं। इस स्थिति को देखते हुए परिवहन विभाग ने ऑस्ट्रेलिया, जर्मनी, ब्रिटेन, फ्रांस, कनाडा, और चीन के कुछ शहरों में लागू पॉइंट सिस्टम का अध्ययन किया।
इस सिस्टम में डिमेरिट पॉइंट्स: ओवरस्पीड, रेड लाइट जंप, सीट बेल्ट न पहनना, मोबाइल फोन का उपयोग, और लापरवाही से ड्राइविंग जैसे उल्लंघनों पर निगेटिव पॉइंट्स जोड़े जाएंगे।
मेरिट पॉइंट्स: नियमों का पालन करने और सुरक्षित ड्राइविंग के लिए प्रोत्साहन के रूप में पॉजिटिव पॉइंट्स दिए जा सकते हैं।
लाइसेंस सस्पेंशन/रद्द: अगर डिमेरिट पॉइंट्स एक तय सीमा को पार करते हैं, तो लाइसेंस 1 साल तक सस्पेंड या स्थायी रूप से रद्द हो सकता है।
कौन-कौन से नियम होंगे सख्त?
प्रस्तावित सिस्टम में निम्नलिखित ट्रैफिक उल्लंघनों पर विशेष ध्यान दिया जाएगा, जिनके लिए डिमेरिट पॉइंट्स लागू होंगे:
ओवरस्पीड: निर्धारित गति सीमा से अधिक तेज गाड़ी चलाना। उदाहरण के लिए, राजस्थान में तेज रफ्तार पर 1000 रुपये का चालान है, और अब इसके साथ पॉइंट्स भी जुड़ेंगे।
रेड लाइट जंप: सिग्नल तोड़ना, जिसके लिए वर्तमान में 100 रुपये का जुर्माना है।
सीट बेल्ट न पहनना: कार चालकों के लिए सीट बेल्ट अनिवार्य है, और उल्लंघन पर 1000 रुपये का चालान के साथ अब पॉइंट्स भी।
मोबाइल फोन का उपयोग: ड्राइविंग के दौरान फोन पर बात करना या अन्य डिवाइस का इस्तेमाल, जिसके लिए 1000 रुपये का जुर्माना है।
लापरवाही से ड्राइविंग: मोटर व्हीकल्स ऐक्ट की धारा 184 के तहत खतरनाक ड्राइविंग पर पहली बार 1000 रुपये और दूसरी बार 10,000 रुपये का जुर्माना, अब पॉइंट्स के साथ।
शराब पीकर ड्राइविंग: 10,000 रुपये के जुर्माने के साथ यह सबसे गंभीर उल्लंघन माना जाएगा, जिसके लिए भारी डिमेरिट पॉइंट्स हो सकते हैं।
अन्य उल्लंघन: गलत ओवरटेकिंग, अनधिकृत ट्रैफिक लेन में ड्राइविंग, और बिना बीमा के वाहन चलाना।
कैसे काम करेगा पॉइंट सिस्टम?
इलेक्ट्रॉनिक कैमरे और e-चालान सिस्टम के जरिए उल्लंघनों को रिकॉर्ड किया जाएगा। डिजिलॉकर और mParivahan जैसे प्लेटफॉर्म्स पर ड्राइविंग लाइसेंस की सॉफ्ट कॉपी मान्य होगी।
प्रत्येक ड्राइवर के लाइसेंस पर एक डिजिटल रिकॉर्ड होगा, जिसमें डिमेरिट और मेरिट पॉइंट्स दर्ज होंगे। यह परिवहन विभाग के डेटाबेस में अपडेट रहेगा। लाइसेंस सस्पेंड या रद्द होने का भय ड्राइवरों को नियमों का पालन करने के लिए प्रेरित करेगा।