ब्रेकिंग न्यूज़

मुजफ्फरपुर में हजरत दाता कंबल शाह का 144वां उर्स: पुलिस की चादर जुलूस, अमन-चैन की मांगी दुआ आरा में बाइक मैकेनिक की गोली मारकर हत्या, इलाके में सनसनी जन सुराज को फिर से खड़ा करने में जुटे प्रशांत किशोर, 15 नए प्रदेश महासचिव की लिस्ट जारी छपरा पहुंचे उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा, बोले..जन समस्याओं का होगा त्वरित समाधान बिहार में 6 अप्रैल से स्कूल का नया टाइमटेबल: 7 बजे से पहले बजेगी घंटी चंडीगढ़ में भाजपा कार्यालय के बाहर ब्लास्ट से हड़कंप, जांच में जुटीं पुलिस करप्शन किंग SDPO को हटाया गया: PHQ ने वापस बुलाया, EOU की रेड में करीब 80 करोड़ की संपत्ति का खुलासा टेंट हाउस के मालिक पर नाबालिग के साथ अश्लील हरकत करने का आरोप, आक्रोशित लोगों ने घर के बाहर किया हंगामा पटना में अगलगी की दो घटना: एंबुलेंस में लगी आग, AC फटने से नर्सिंग होम में मची अफरा-तफरी बिहार के इस जिले में नई चीनी मिल...100 एकड़ भूमि चिन्हित, गन्ना उद्योग विभाग के ACS ने जमीन का किया निरीक्षण

Home / crime / Khatushyamji Temple: खाटूश्यामजी मंदिर बंद, विशेष पूजा के लिए 19 घंटे तक नहीं...

Khatushyamji Temple: खाटूश्यामजी मंदिर बंद, विशेष पूजा के लिए 19 घंटे तक नहीं होंगे दर्शन

खाटूश्यामजी के भक्तों के लिए एक महत्वपूर्ण सूचना है। श्री श्याम मंदिर कमेटी ने बताया है कि 6 जनवरी की रात 9:30 बजे से लेकर 7 जनवरी की सुबह 5 बजे तक खाटूश्यामजी के मंदिर के कपाट बंद रहेंगे।

06-Jan-2025 07:00 AM

By First Bihar

Khatushyamji Temple: श्याम भक्तों के लिए एक महत्वपूर्ण जानकारी है। विश्व प्रसिद्ध खाटूश्यामजी मंदिर के कपाट 6 जनवरी रात 9:30 बजे से 7 जनवरी सुबह 5 बजे तक बंद रहेंगे। श्री श्याम मंदिर कमेटी खाटूश्यामजी ने सूचना दी है कि अमावस्या के बाद बाबा श्याम की विशेष पूजा और तिलक श्रृंगार के कारण यह निर्णय लिया गया है।


विशेष तिलक श्रृंगार और पूजा

कमेटी अध्यक्ष पृथ्वी सिंह चौहान ने बताया कि अमावस्या के बाद बाबा श्याम का विशेष तिलक श्रृंगार किया जाएगा। इस पूजा और श्रृंगार में कुल 12 से 15 घंटे लगते हैं। इसके बाद भक्त 7 जनवरी को मंगला आरती के समय बाबा श्याम के दर्शन कर सकेंगे।


श्याम वर्ण में दर्शन देंगे बाबा श्याम

मुख्य पुजारी मोहनदास महाराज ने बताया कि बाबा श्याम पिछले 7 दिनों से अपने मूल स्वरूप शालिग्राम में भक्तों को दर्शन दे रहे हैं। महीने में 23 दिन बाबा श्याम वर्ण (पीले रंग) में रहते हैं।


बाबा श्याम की कथा

बाबा श्याम, जिन्हें "हारे के सहारे" कहा जाता है, को भगवान कृष्ण का अवतार माना जाता है। महाभारत के युद्ध के दौरान भीम के पौत्र बर्बरीक ने भगवान कृष्ण को अपना शीश दान दिया था। भगवान कृष्ण ने उन्हें आशीर्वाद दिया कि कलयुग में वे श्याम नाम से पूजे जाएंगे और अपने भक्तों के दुखों का सहारा बनेंगे।


श्रद्धालुओं से अनुरोध

मंदिर कमेटी ने सभी श्रद्धालुओं से निवेदन किया है कि वे 7 जनवरी को कपाट खुलने के बाद बाबा श्याम के दर्शन के लिए आएं।