शराब और अवैध हथियार के खिलाफ सहरसा पुलिस की कार्रवाई, घर की घेराबंदी कर अपराधी को दबोचा, हथियार-कारतूस भी बरामद मोतिहारी में सेक्स रैकेट का भंडाफोड़, 4 महिलाएं और 2 दलाल गिरफ्तार पटना के मरीन ड्राइव पर नहीं लगेंगी दुकानें, अब यहां बनेगा नया वेंडिंग जोन भोजपुर में अनियंत्रित ऑटो के पलटने से युवक की मौत, महिला समेत कई लोग घायल बिहार का ऑफिसर राज: चार्टर प्लेन में सपरिवार सैर कर रहे हैं IAS अधिकारी, विधानसभा में उठा मामला लेकिन सरकार ने साध ली चुप्पी दरभंगा में पत्नी की अश्लील फोटो-वीडियो वायरल करने वाला पति गिरफ्तार, सालभर से फरार था आरोपी, मुंबई में बना रखा था ठिकाना राष्ट्रीय स्कॉलरशिप प्रवेश परीक्षा 2026: एस.के. मंडल ग्रुप की मेधावी छात्रों के लिए बड़ी पहल Bihar Crime News: चार दिनों से लापता युवक का नदी किनारे शव मिलने से सनसनी, हत्या की आशंका BIHAR: निकाह के 1 महीने बाद बीवी ने शौहर के चेहरे पर फेंका खौलता तेल, जिन्दगी और मौत के बीच जूझ रहा पति दिल्ली के कांस्टीट्यूशन क्लब में मनाई गई स्वामी सहजानंद सरस्वती जयंती, पूर्व सीजेआई समेत कई दिग्गज नेताओं ने दी श्रद्धांजलि
27-Dec-2025 03:24 PM
By Ranjan Kumar
Bihar Crime News: बिहार के प्रसिद्ध थावे भवानी मंदिर से माता के आभूषण की चोरी का मामला शांत भी नहीं हुआ कि कैमूर जिले के भभुआ शहर के वार्ड नंबर 20 स्थित प्रसिद्ध काली मंदिर में चोरी की दुर्भाग्यपूर्ण घटना सामने आई है, जिसने स्थानीय लोगों और श्रद्धालुओं में गहरा आक्रोश पैदा कर दिया है।
मंदिर में स्थापित मां काली की प्रतिमा से सात आंखें चोरी हो गई हैं। हैरानी की बात यह है कि यह चोरी केवल एक दिन की नहीं, बल्कि पिछले दो दिनों से लगातार हो रही है। चोरों ने बड़ी ही चालाकी से इस आस्था के केंद्र को निशाना बनाया है।
स्थानीय लोगों के अनुसार, चोरी गई आंखों की सटीक कीमत का अंदाजा तो नहीं लगाया जा सकता, क्योंकि यह भक्तों के लिए श्रद्धा का विषय है। लेकिन इस घटना ने मंदिर की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिस को भी इस मामले की सूचना दे दी गई है।
मंदिर में हुई इस घटना के बाद स्थानीय मोहल्ले के लोग एकजुट हो गए हैं। मंदिर समिति और श्रद्धालुओं ने निर्णय लिया है कि वे आपस में चंदा इकट्ठा करके माता की नई आंखें लगवाएंगे। साथ ही, भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए मंदिर परिसर में चारों तरफ सीसीटीवी कैमरे लगा दिए गए हैं, ताकि असामाजिक तत्वों पर पैनी नजर रखी जा सके।