BIHAR NEWS : नीतीश सरकार ने राज्य में प्रशासनिक कार्यों को और अधिक पारदर्शी एवं समयबद्ध बनाने की दिशा में एक अहम कदम उठाया है। अब सरकारी सेवक की सेवा अवधि के दौरान असामयिक मृत्यु होने की स्थिति में उनके योग्य आश्रितों को दी जाने वाली अनुकंपा नियुक्ति की पूरी प्रक्रिया ऑनलाइन कर दी गई है। इसके लिए “अनुकंपा नियुक्ति और निगरानी प्रणाली” नाम से एक नया पोर्टल विकसित किया गया है, जिसे शुक्रवार 26 सितंबर 2025 को सुबह 10 बजे लॉन्च किया जाएगा। इस पोर्टल की शुरुआत से अब पूरे राज्य में अनुकंपा नियुक्ति से जुड़ी प्रक्रिया अधिक सरल, पारदर्शी और प्रभावी हो जाएगी।


सामान्य प्रशासन विभाग की ओर से गुरुवार 25 सितंबर 2025 को जारी आधिकारिक बयान में बताया गया कि इस पोर्टल के माध्यम से मृतक सरकारी सेवक के योग्य आश्रित सीधे ऑनलाइन आवेदन कर सकेंगे। आवेदन की हर स्थिति जैसे आवेदन प्राप्त होना, उसकी जांच, स्वीकृति या अस्वीकृति की जानकारी पोर्टल पर ही उपलब्ध होगी। 


इससे आवेदकों को बार-बार कार्यालयों का चक्कर नहीं लगाना पड़ेगा और वे घर बैठे ही पूरी प्रक्रिया की निगरानी कर पाएंगे। विभाग ने यह भी स्पष्ट किया कि अब तक प्रत्यक्ष रूप से दिए गए आवेदन पर कार्रवाई जारी रहेगी, लेकिन 26 सितंबर 2025 से केवल ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से प्राप्त आवेदन ही मान्य होंगे।


विभाग के अनुसार, अब तक की प्रक्रिया में अक्सर देरी और अस्पष्टता देखने को मिलती थी, जिससे मृतक कर्मियों के आश्रित परिवार को समय पर राहत नहीं मिल पाती थी। नई प्रणाली को लागू करने का उद्देश्य इसी समस्या का समाधान करना है। एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि यह पोर्टल न केवल पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करेगा बल्कि तय समय सीमा के भीतर मामलों का निष्पादन भी संभव होगा।


सामान्य प्रशासन विभाग ने बताया कि पोर्टल के संचालन और कार्यान्वयन को सहज बनाने के लिए सभी विभागों एवं जिलों में नोडल पदाधिकारियों की नियुक्ति की गई है। इन पदाधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश, ‘यूजर मैनुअल’ और प्रक्रिया प्रवाह चार्ट उपलब्ध कराए गए हैं ताकि वे प्रणाली को सही ढंग से संचालित कर सकें। इसके अलावा, सात अक्टूबर 2025 को पूर्वाह्न 10 बजे से नोडल पदाधिकारियों के लिए एक ऑनलाइन प्रशिक्षण कार्यशाला भी आयोजित की जाएगी। इस प्रशिक्षण का उद्देश्य उन्हें पोर्टल के विभिन्न फीचर्स और प्रक्रियाओं से पूरी तरह अवगत कराना है।


सरकार का मानना है कि डिजिटल तकनीक का उपयोग कर प्रशासनिक सेवाओं को त्वरित और सरल बनाया जा सकता है। इसी सोच के तहत यह पोर्टल तैयार किया गया है। इससे शासन-प्रशासन में पारदर्शिता, जवाबदेही और नागरिकों को समय पर सेवा उपलब्ध कराने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया गया है। यह पहल न केवल मृतक सरकारी सेवकों के आश्रित परिवारों को त्वरित राहत प्रदान करेगी, बल्कि आम जनता का विश्वास भी प्रशासनिक व्यवस्था में और अधिक मजबूत करेगी।


संक्षेप में कहा जाए तो नीतीश सरकार का यह निर्णय सुशासन की दिशा में एक दूरगामी पहल है। "अनुकंपा नियुक्ति और निगरानी प्रणाली" न केवल तकनीकी रूप से आधुनिक है बल्कि मानवीय दृष्टिकोण से भी महत्वपूर्ण है। इससे जहां लाभार्थियों को समय पर सहायता मिलेगी, वहीं सरकारी कार्यप्रणाली की दक्षता और पारदर्शिता भी बढ़ेगी।