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27-Aug-2025 07:33 AM
By First Bihar
Bihar Weather: बिहार में पिछले कुछ दिनों से उमस भरी गर्मी ने लोगों का जीना मुश्किल कर दिया है, लेकिन मौसम विभाग ने अब राहत की खबर दी है। 28 अगस्त से बंगाल की खाड़ी में बनने वाले लो-प्रेशर सिस्टम के कारण राज्यभर में भारी बारिश का दौर शुरू होगा जो उमस से परेशान लोगों को ठंडक प्रदान करेगा। फिलहाल, 13 जिलों में येलो अलर्ट जारी किया गया है, जहां आज हल्की से मध्यम बारिश की संभावना है। सुपौल, अररिया, किशनगंज, सहरसा, मधेपुरा, पूर्णिया, कटिहार, खगड़िया, मुंगेर, भागलपुर, बांका, जमुई और उत्तर बिहार के कुछ हिस्सों में गरज-चमक के साथ बूंदाबांदी हो सकती है। दक्षिण बिहार के जिलों पटना, गया और बक्सर में मौसम शुष्क रहेगा, जहां दिन का तापमान 34-36 डिग्री सेल्सियस और रात का 26-27 डिग्री तक रह सकता है।
राजधानी पटना में आज सुबह से बादल छाए रहेंगे, लेकिन दोपहर बाद हल्की बारिश की संभावना कम है। तापमान अधिकतम 35 डिग्री और न्यूनतम 26-27 डिग्री के आसपास रहेगा, जिससे उमस का असर बना रहेगा। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि 27 अगस्त तक भारी बारिश की कोई संभावना नहीं है, क्योंकि मानसून ट्रफ लाइन दक्षिण की ओर खिसक गई है। लेकिन 28 और 29 अगस्त को बंगाल की खाड़ी से नमी लाने वाला लो-प्रेशर एरिया पूरे राज्य में तेज बारिश लाएगा जो सितंबर के पहले हफ्ते तक जारी रह सकती है। इससे नदियों का जलस्तर बढ़ने का खतरा है और बाढ़ प्रभावित इलाकों में स्थिति बिगड़ सकती है। विभाग ने लोगों से सतर्क रहने और खुले स्थानों से बचने की सलाह दी है।
इस बीच, बाढ़ की स्थिति ने बिहार को त्राहिमाम की स्थिति में डाल दिया है। 10 जिलों में 17 लाख से अधिक लोग प्रभावित हो चुके हैं, गंगा, कोसी और पुनपुन नदियां उफान पर हैं। भागलपुर सबसे ज्यादा प्रभावित है, जहां लाखों लोग गांव छोड़ने को मजबूर हो गए हैं। बेगूसराय, भोजपुर, मुंगेर, वैशाली, खगड़िया और पटना जैसे जिलों में निचले इलाकों में पानी भर गया है और फसलें डूब रही हैं। नेपाल से पानी की अतिरिक्त आवक ने स्थिति को और गंभीर बना दिया है। राहत कार्य तेज हैं लेकिन जलभराव और तटबंध टूटने से चुनौतियां बढ़ गई हैं। NDRF और SDRF की 27 टीमें बचाव में लगी हैं और राहत शिविरों में भोजन व दवाइयां वितरित की जा रही हैं।