ब्रेकिंग न्यूज़

Bihar Governor : बिहार के नए राज्यपाल बने सैयद अता हसनैन, जानिए सैन्य अधिकारी से लेकर गवर्नर बनने तक का सफर बिहार को मिला नया राज्यपाल, सैयद अता हसनैन की नियुक्ति, आरिफ़ मोहम्मद ख़ान की छुट्टी राज्यपालों का बड़ा फेरबदल: नंद किशोर यादव नागालैंड के गवर्नर, सैयद अता हसनैन बने बिहार के राज्यपाल जहानाबाद: पुलिस महकमे में बड़ा फेरबदल, SP ने 6 थानाध्यक्ष समेत 50 पुलिसकर्मियों का किया तबादला, नीचे देखें पूरी लिस्ट.. सुपौल प्रखंड कार्यालय में DM का छापा, BDO-CO सहित कई कर्मचारी मिले गायब नीतीश के राज्यसभा जाने के फैसले से छोटी बहन इंदू नाराज, बोलीं..भईया बिहार छोड़ेंगे तो बहुत कमी महसूस होगी मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के फैसले का HAM ने किया स्वागत, जानिए.. क्या बोले मंत्री संतोष सुमन? मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के फैसले का HAM ने किया स्वागत, जानिए.. क्या बोले मंत्री संतोष सुमन? बेतिया में साइबर ठगी का आरोपी गिरफ्तार, व्हाट्सएप चैट में मिला पाकिस्तान का कोड रश्मिका-विजय की रिसेप्शन पार्टी में नंगे पैर क्यों पहुंचे एक्टर राम चरण? हैरान कर देगी वजह

Bihar News: बिहार के इन शहरों में 'बाइपास' का निर्माण शुरू...नेशनल हाईवे से जुड़ेगा, मिलेगा बड़ा लाभ

बिहार में तेजी से सड़क और बाइपास का जाल बिछा रहा है। राज्य में पहले चरण के 120 बाइपास में से कई पूरे हो चुके हैं। अब सुपौल, पिपरा, त्रिवेणीगंज, सिंहेश्वर, अरवल, दाउदनगर, औरंगाबाद, डुमरांव और दावथ में भी नए बाइपास बनाए जाएंगे।

02-Oct-2025 09:30 AM

By First Bihar

Bihar News: बिहार में सड़कों का जाल बिछाया जा रहा है. न सिर्फ सड़क बल्कि शहरों के बाहर बाईपास का भी निर्माण कराया जा रहा है. पहले चरण में सूबे में 120 बाइपास की पहचान की गई. अब पथ निर्माण विभाग ने नौ और शहरों में बाइपास बनाने का निर्णय लिया है. ये बाइपास नेशनल हाईवे से जुड़े होंगे.

इसके तहत सुपौल, पिपरा और त्रिवेणीगंज में एनएच 327 ई पर बाइपास बनेंगे. सिंहेश्वर में एनएच 106 पर, अरवल में एनएच 98 पर, और दाउदनगर और औरंगाबाद में भी एनएच 98 के मार्ग पर बाइपास का निर्माण होगा. एनएच 120 में डुमरांव और दावथ बाइपास तैयार किए जाएंगे. इन बाइपास के बनने के बाद लोग अब बिना शहरों में घुसे ही अपनी यात्रा पूरी कर सकेंगे.

बता दें, सूबे में पहले से 14 बाइपास बनकर तैयार हैं. इनमें छपरा (एनएच 19), सीवान और गोपालगंज (एनएच 85), कटिहार (एनएच 131 ए), गयाजी, जहानाबाद और मसौढ़ी (एनएच 83) शामिल हैं. इसके अलावा अस्थावां और बरबीघा (एनएच 82), सीतामढ़ी और जयनगर (एनएच 104), दनियावां और बाढ़ (एनएच 30 ए) और भागलपुर (एनएच 80) में भी बाइपास चालू हैं. 

वर्तमान में विभिन्न नेशनल हाईवे से जुड़े 17 बाइपास का निर्माण चल रहा है. इनमें रिविलगंज और छपरा (एनएच 19), रानीगंज (एनएच 327 ई), शेखपुरा, खैरा, जमुई, कटोरिया, बांका, पंजवारा, लखपुरा, मानगोबंदर, तोलोसोनो, केंदुआ, झाझा और नरगंजो (एनएच 333 ए), आरा (एनएच 319), बक्सर-चौसा (एनएच 319 ए) शामिल हैं. इनमें कई बाइपास अपने अंतिम निर्माण चरण में हैं और इसी साल गाड़ियों के लिए खोल दिए जाएंगे.

इन बाइपास के निर्माण का मकसद केवल लंबी दूरी की यात्रा को आसान बनाना ही नहीं है, बल्कि शहरों के भीतर लगने वाले जाम से भी मुक्ति दिलाना है. जब लोग शहरों में घुसने की बजाय सीधे बाइपास से गुजरेंगे, तो शहरों के मुख्य मार्गों पर ट्रैफिक कम होगा. इसका सीधा लाभ शहरवासियों को मिलेगा.