Bihar Crime News: बिहार के इस थाने पर जन संवाद के दौरान किन्नरों का हंगामा, छेड़खानी के विरोध में किया बवाल; पुलिस पर लगाए यह आरोप T20 World Cup 2026: वर्ल्ड कप की शुरुआत से पहले भारत को झटका, हर्षित राणा की प्लेइंग 11 में शामिल होने पर संकट बिहार के युवाओं के लिए अच्छी खबर: पटना में इस दिन लगने जा रहा विशेष जॉब कैंप, देश की नामी कंपनियों में नौकरी का सुनहरा मौका बिहार के युवाओं के लिए अच्छी खबर: पटना में इस दिन लगने जा रहा विशेष जॉब कैंप, देश की नामी कंपनियों में नौकरी का सुनहरा मौका Vigilance Raid : पटना में निगरानी की रेड, नियोजन भवन में 5 लाख ररुपए रिश्वत लेते गिरफ्तार हुए बड़े अधिकारी, पढ़िए किस काम के किया था पैसों का डिमांड बिहार में बड़ा हादसा: घर में घुसी तेज रफ्तार स्कूल बस, हादसे में दो बच्चों की मौत; प्रेग्नेंट महिला की हालत गंभीर बिहार में बड़ा हादसा: घर में घुसी तेज रफ्तार स्कूल बस, हादसे में दो बच्चों की मौत; प्रेग्नेंट महिला की हालत गंभीर शराबबंदी वाले राज्य में हाई-प्रोफाइल शराब पार्टी: रेड में पकड़े गये 38 महिलाएं और 43 पुरुष, मची अफरा-तफरी police action : पटना में गोलीकांड, कबाड़ी दुकानदार हुआ घायल, पुलिस ने तीन आरोपितों की तलाश किया शुरू Bihar News: नीट छात्रा की मौत मामले में इंसाफ़ की मांग, 8 फरवरी को दिल्ली के जंतर-मंतर पर आंदोलन
05-Feb-2025 12:29 PM
By Viveka Nand
Bihar Land Survey: बिहार सरकार ने जिस जमीन का अधिग्रहण किया, उसका भी दाखिल खारिज नहीं हो रहा. सरकार के स्तर से विभिन्न योजनाओं के लिए भूमि अधिग्रहित की जाती है, लेकिन उस भूमि का न तो दाखिल खारिज हो रहा और न जमाबंदी कायम किया जा रहा. अब राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग ने सभी प्रमंडलीय आयुक्त और जिलाधिकारियों को पत्र लिखा है.
निदेशक चकबंदी ने लिखा पत्र
निदेशक, चकबंदी राकेश कुमार की तरफ से भेजे गए पत्र में कहा गया है, ''सरकारी कार्य के लिए अधिग्रहित भूमि का दाखिल खारिज एवं जमाबंदी सृजन करने की जरूरत है.'' राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग ने कहा है कि विभिन्न सरकारी कार्यों के लिए विभिन्न स्तरों पर हस्तांतरित या बंदोबस्त सरकारी भूमि तथा अधिग्रहित रैयती भूमि का जमाबंदी कायम करने में कठिनाई आ रही है. इसे दूर करने के लिए संबंधित विभाग, उपक्रम, निकाय के नाम से दाखिल खारिज तथा जमाबंदी कायम करने के लिए विभाग के स्तर से ऑनलाइन व्यवस्था की गई है .
दाखिल खारिज के सिर्फ 1250 मामले दायर हुए...निपटारा सिर्फ 1 का हुआ
राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग ने 20 मई 2024 को दाखिल खारिज के क्रियान्वयन ससमय करने के लिए सीमा निर्धारित की थी. 30 जून 2024 तक यह काम कर लेना था. लेकिन समय बीतने के बाद भी कार्य नहीं किए जा सके. विभिन्न विभागों, उपक्रमों, निकायों को हस्तांतरित बंदोबस्त, अधिग्रहित भूमि के दाखिल खारिज के मामले की विभाग के स्तर पर समीक्षा की गई. जिसमें पाया गया है कि राज्य में 37 जिलों से दाखिल खारिज के 1250 मामले सामने आए हैं. जिसमें सिर्फ एक मामले का निष्पादन किया गया है. शेष सभी मामले लंबित हैं. जिलों के द्वारा जो भी मामले दाखिल खारिज के लिए दायर किए गए हैं, उसकी समीक्षा में यह बात स्पष्ट हो रही है कि जिला स्तर पर ऐसे मामलों की जांच एवं छानबीन नहीं की गई.
पटना से सिर्फ 28 मामले आये..जबकि संख्या काफी अधिक
राजस्व विभाग ने उदाहरण के तौर पर बताया है कि पटना जिले से सिर्फ 28 मामले प्रतिवेदन किए गए,जबकि इस जिले के अंतर्गत भू हस्तांतरण, बंदोबस्ती, भू अधिग्रहण की कार्रवाई बड़े पैमाने पर की गई है. जिनकी संख्या काफी अधिक हो सकती है . चकबंदी निदेशक ने अपने पत्र में प्रमंडलीय आयुक्त और सभी जिलों के जिलाधिकारियों से कहा है कि ऐसे में लोक प्रयोजन के लिए हस्तांतरित भूमि, बंदोबस्त भूमि या अधिग्रहित भूमि का दाखिल खारिज एवं जमाबंदी सृजन के बिंदु पर जिला स्तर पर गहन जांच करें, एवं समीक्षा के बाद आगे की कार्रवाई करें.