ब्रेकिंग
पटना में जाम से त्राहिमाम, शपथ ग्रहण और पीएम मोदी के रोड शो को लेकर कई रूट डायवर्ट; लोगों की बढ़ी परेशानीबिहार कैबिनेट विस्तार: कौन हैं इंजीनियर कुमार शैलेंद्र? जो सम्राट सरकार में बनने जा रहे मंत्रीशपथ ग्रहण से पहले पूर्व सीएम नीतीश कुमार पर रोहिणी आचार्य का तीखा तंज, बीजेपी को भी घेराबिहार कैबिनेट विस्तार: कौन हैं डॉ. श्वेता गुप्ता? जो पहली बार बनने जा रही हैं मंत्री, कई नए चेहरों को मौकाकैबिनेट विस्तार से पहले बजरंगबली के दरबार में शाह-सम्राट: पटना के राजवंशी नगर हनुमान मंदिर में की पूजा-अर्चनापटना में जाम से त्राहिमाम, शपथ ग्रहण और पीएम मोदी के रोड शो को लेकर कई रूट डायवर्ट; लोगों की बढ़ी परेशानीबिहार कैबिनेट विस्तार: कौन हैं इंजीनियर कुमार शैलेंद्र? जो सम्राट सरकार में बनने जा रहे मंत्रीशपथ ग्रहण से पहले पूर्व सीएम नीतीश कुमार पर रोहिणी आचार्य का तीखा तंज, बीजेपी को भी घेराबिहार कैबिनेट विस्तार: कौन हैं डॉ. श्वेता गुप्ता? जो पहली बार बनने जा रही हैं मंत्री, कई नए चेहरों को मौकाकैबिनेट विस्तार से पहले बजरंगबली के दरबार में शाह-सम्राट: पटना के राजवंशी नगर हनुमान मंदिर में की पूजा-अर्चना

BJP Meeting: बिहार BJP की दो दिवसीय बैठक की आज से शुरु, किसे मिलेगा मौका और कौन होगा आउट... तैयार हुआ यह फॉर्मूला

BJP Meeting: बीजेपी ने भी बैठक बुला ली है। बीजेपी का यह बैठक को दो दिवसीय बैठक के रुप में आयोजन किया जा रहा है। बताया जा रहा है कि इस बैठक में नेताओं से राय लेकर उम्मीदवार चयन, बूथ सशक्तिकरण और चुनावी रणनीति पर चर्चा होगी।

Bihar Politcis
बिहार की राजनीतिक में हलचल
© GOOGLE
PRIYA DWIVEDI
5 मिनट

BJP Meeting: बिहार में चुनावी गतिविधियां तेज हो चुकी हैं और राजनीतिक दल अपनी दावेदारी पुख्ता करने में जुटे हैं। इसी कड़ी में कांग्रेस पार्टी आजादी के बाद पहली बार बिहार में कार्यसमिति (CWC) की बैठक कर रही है। वहीं, दूसरी तरफ बीजेपी ने भी आज बड़ी बैठक बुलाई है। यह बैठक दो दिवसीय  होने वाली है। 


दरअसल, बिहार में बीजेपी  की तरफ से 24-25 सितंबर को प्रदेश कार्यालय में बैठक बुलाई गई है। इस बैठक में उम्मीदवार चयन, बूथ सशक्तिकरण और चुनावी रणनीति पर चर्चा होगी। दो दिन चलने वाली इस बैठक में पहले दिन आधे जिलों के प्रमुख नेताओं और पदाधिकारियों को बुलाया गया है, दूसरे दिन शेष जिलों की बैठक होगी। इस बैठक में लगभग कैंडिडेट के नाम की लिस्ट फाइनल कर दी जाएगी। 


वहीं, इस बैठक में हर जिले से लगभग 20 से 25 नेताओं को शामिल होने वाले है। बैठक सुबह 11 बजे से शुरू होगी और देर शाम तक चलेगी। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य विधानसभा चुनाव में उम्मीदवार चयन की प्रक्रिया को अंतिम रूप देना है। बैठकों में पार्टी कार्यकर्ताओं और स्थानीय नेताओं से राय ली जाएगी ताकि उम्मीदवारों के चयन में जमीनी हकीकत और स्थानीय समीकरणों को ध्यान में रखा जा सके। 


जानकारी में मुताबिक, इस बैठक में कैंडिडेट तय करने से पहले सभी अहम पक्षों की राय को संकलित की जाए। इसके साथ ही एकजुट होकर अपनी भागीदारी को प्रमुखता से बनाए रखें। इसके साथ ही एनडीए के कार्यों की चर्चा हरेक तबके तक पहुंचे। इस बैठक में प्रदेश अध्यक्ष, दोनों उपमुख्यमंत्री, सांसद, विधायक, विधान पार्षद, वर्तमान जिलाध्यक्ष, पूर्व जिलाध्यक्ष और पार्टी के वरिष्ठ पदाधिकारी शामिल होंगे। यह बैठक बिहार बीजेपी की चुनावी तैयारी का अहम चरण माना जा रहा है। 


बताया जा रहा है कि इस बैठक के बाद बिहार विधानसभा चुनाव को लेकर यह तह हो जाएगा कि बिहार में इस बार भाजपा कितने विधनसभा सीटों पर चुनाव लड़ेगी। उन सीटों पर पार्टी के उम्मीदवार कौन होंगे। इस बैठक में लगभग यह तय कर लिया जाएगा कि संगठन किन्हें वापस सिंबल दें रही है और किन्हें मार्गदर्शक के तौर पर चुनाव में शामिल कर रही है। इसके साथ ही इस बैठक में भाजपा की मातृ संगठन के तरफ से आई लिस्ट पर भी चर्चा की जाएगी। साथ ही इस बैठक के बाद जो नाम तय होंगे लगभग उन्हीं नामों पर केंद्र से भी फाइनल मुहर लगने की संभावना जा रही है। हालांकि अंतिम समय में केंद्रीय नेतृत्व और संगठन के आदेश के बाद कुछ नाम बदल सकती है और चौंकाने वाले चेहरे नजर आ सकते हैं। 


भाजपा के सूत्र बताते है कि पिछले दिनों केंद्रीय नेतृत्व के बिहार भाजपा के पदाधिकारियों की बैठक हुई थी तो उसमें इस बात की चर्चा हुई थी कि इस बार के विधानसभा के चुनाव में वैसे लोगों को अधिक महत्व दिया जाएगा जो अयाचक नहीं हैं। इसके साथ ही वैसे लोगों पर भी ध्यान दिया जाएगा जिनका उनके विधानसभा इलाके में काफी विरोध हो रहा है। क्योंकि, वह आसानी से अपने क्षेत्र में मौजूद नहीं रहते हैं। इसके अलावा वैसे लोगों पर भी ध्यान देने के लिया कहा गया है कि जिनकी उम्र 70 साल से अधिक की हो गई है। पार्टी में यह तय किया है इस बार इन लोगों को सिंबल ना देकर युवाओं को मौका दिया जाए। 


हालांकि पार्टी ने यह तय किया है कि इस बार किसी नए कैंडिडेट को टिकट दिया जाए, तो इस बात का ध्यान दिया जाए कि वह अपने शुरुआती दिनों से ही भाजपा या उसके अन्य संगठन या फिर मातृ संगठन से जुड़े हुए हो। ऐसे में आज इस बैठक में तय किया जाएगा कि किसका पता साफ होगा? किसे मौका मिलेगा और पार्टी की रणनिती क्या होगी। बहरहाल, अब देखना यह है कि इस बैठक के बाद बिहार भाजपा के तरफ से जो लिस्ट तैयार किया जाएगा उसमें कितने लोगों के नाम में अंतिम मुहर लगती है और नाम कटने वाले विदायक जी अपनी पैरवी के लिए कहां- कहां भटकते हैं। इसके साथ ही भाजपा इस बार सीट बंटवारा और टिकट बंटवारें की फॉर्मूला तय करती है। 

संबंधित खबरें