ब्रेकिंग
नहीं रहे 'गजनी' फिल्म के विलेन प्रदीप रावत, 74 साल की उम्र में ली अंतिम सांस, फिल्म इंडस्ट्रीज में शोक की लहरबेगूसराय में नशीला स्प्रे छिड़क 48 लाख की चोरी, प्रोफेसर और अधिकारी के घर से नकदी-जेवरात उड़ाएपटना नगर निगम कर्मचारी संघ की महापौर के साथ बैठक, सफाई कर्मियों की अनिश्चितकालीन हड़ताल और तीन सूत्री मांगों पर चर्चापटना हाई कोर्ट का बड़ा फैसला: अनुकंपा पर बहाल शिक्षकों को मिलेगा नियमित वेतनमान, शिक्षा विभाग को 3 महीने का समयशराबबंदी वाले राज्य में 75 लाख की शराब बरामद, राजस्थान का ड्राइवर गिरफ्तारनहीं रहे 'गजनी' फिल्म के विलेन प्रदीप रावत, 74 साल की उम्र में ली अंतिम सांस, फिल्म इंडस्ट्रीज में शोक की लहरबेगूसराय में नशीला स्प्रे छिड़क 48 लाख की चोरी, प्रोफेसर और अधिकारी के घर से नकदी-जेवरात उड़ाएपटना नगर निगम कर्मचारी संघ की महापौर के साथ बैठक, सफाई कर्मियों की अनिश्चितकालीन हड़ताल और तीन सूत्री मांगों पर चर्चापटना हाई कोर्ट का बड़ा फैसला: अनुकंपा पर बहाल शिक्षकों को मिलेगा नियमित वेतनमान, शिक्षा विभाग को 3 महीने का समयशराबबंदी वाले राज्य में 75 लाख की शराब बरामद, राजस्थान का ड्राइवर गिरफ्तार

Bihar Election 2025: पूर्णिया सांसद पप्पू यादव ने वोटर लिस्ट पुनरीक्षण का किया बहिष्कार, बोले- BLO को गांव में नहीं घुसने दें

Bihar Election 2025: सांसद पप्पू यादव ने बिहार में चल रहे वोटर लिस्ट पुनरीक्षण अभियान का विरोध करते हुए बहिष्कार का आह्वान किया है। उन्होंने इसे गरीब और पिछड़े वोटरों को वंचित करने की साजिश बताया।

Bihar Election 2025
© google
Mukesh Srivastava
2 मिनट

Bihar Election 2025: बिहार में आगामी विधानसभा चुनाव से पहले वोटर लिस्ट के विशेष गहन पुनरीक्षण को लेकर राजनीति गर्मा गई है। पूर्णिया से सांसद राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव ने इस अभियान का पूर्ण बहिष्कार करने का एलान किया है। 


पप्पू यादव ने सोशल मीडिया के जरिए लोगों से अपील की है कि वे किसी भी बीएलओ या चुनाव कर्मी को अपने गांवों में प्रवेश की अनुमति न दें, और अगर कोई आ जाए तो चाय-पानी कराकर विदा कर दें, लेकिन कोई दस्तावेज या जानकारी न दें। पप्पू यादव ने मतदाता पुनरीक्षण कार्य को नौटंकी बताया है।


पप्पू यादव ने कहा कि यह अभियान गरीबों, युवाओं और पिछड़े वर्गों को मतदान से वंचित करने की साजिश है। उन्होंने कहा कि जनता सर्वोपरि है, चुनाव आयोग लोकतंत्र की सेवा के लिए है लेकिन जब रक्षक ही भक्षक बन जाए, तो जनता को महायुद्ध छेड़ना होगा।


पप्पू यादव का आरोप है कि गरीबों के पास जन्म प्रमाणपत्र नहीं होते हैं। पिछड़े, दलित, और ग्रामीण क्षेत्रों में बिना दस्तावेजों के लाखों लोग वंचित हो सकते हैं। उन्होंने कहा कि जब बच्चों का जन्म प्रमाणपत्र नहीं बना, तो उनके माता-पिता के कागजात कहां से आएंगे?


बता दें कि चुनाव आयोग 22 साल बाद बिहार में घर-घर जाकर वोटर सत्यापन करवा रहा है। जिन लोगों के नाम 2003 के बाद वोटर लिस्ट में जुड़े हैं, उन्हें पहचान प्रमाण देना होगा। यह प्रक्रिया आगामी अक्टूबर-नवंबर में संभावित विधानसभा चुनाव से पहले हो रही है। विपक्ष का आरोप है कि गरीबों का नाम वोटर लिस्ट से हटाने की साजिश हो रही है। RJD, कांग्रेस और वाम दलों ने भी मतदाता पुनरीक्षण की टाइमिंग पर सवाल उठाए हैं।

रिपोर्टिंग
F

रिपोर्टर

FIRST BIHAR

FirstBihar संवाददाता