1st Bihar Published by: FIRST BIHAR Updated Jan 13, 2026, 10:41:30 AM
बिहार में होगा बड़ा सियासी खेला! - फ़ोटो Google
Bihar Politics: बिहार की राजनीति में मकर संक्रांति का त्योहार आते ही सियासत तेज हो जाती है। ऐसे कई मौके आए जब दही-चूड़ा भोज के बहाने सियासी खिचड़ी पकाई गई। एक बार फिर से बिहार में दही-चूड़ा भोज के बहाने जोड़-तोड़ की राजनीति शुरू है। जेडीयू ने जहां विपक्ष के विधायकों के लिए सभी दरवाजे खोल दिए हैं तो वहीं कांग्रेस और आरजेडी के विधायकों पर बीजेपी की पैनी नजर है।
दरअसल, बिहार कांग्रेस की तरफ से सोमवार को प्रदेश मुख्यालय सदाकत आश्रम में दही-चूड़ा भोज का आयोजन किया गया था। इस भोज में कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष राजेश राम समेत पार्टी के कई वरिष्ठ नेता तो शामिल हुए लेकिन पार्टी के सभी 6 विधायकों ने इस भोज से किनारा कर लिया। दलीलें दी गईं कि किसी कारण वश विधायक दही-चूड़ा भोज में शामिल नहीं हो सके।
अब इसको लेकर सियासत शुरू हो गई है। कांग्रेस के दही-चूड़ा भोज में पार्टी के सभी 6 विधायकों के शामिल नहीं होने पर जेडीयू ने उनके लिए अपने दरवाजे खोल दिए हैं। उधर, लोजपा (रामविलास) के चीफ चिराग पासवान ने पहले ही कह दिया है कि कांग्रेस और आरजेडी के विधायक उनकी और उनकी पार्टी के नेताओं के संपर्क में हैं और किसी भी वक्त पाला बदल सकते हैं।
बिहार सरकार में जेडीयू कोटे के मंत्री जमा खान ने कांग्रेस विधायकों को खुला ऑफर दे दिया है और कहा है कि अगर वह जेडीयू में आते हैं तो पार्टी बाहें खोलकर उनका स्वागत करेगी। जमा खान ने कहा कि जेडीयू में सबके लिए दरवाजा खुला है, कोई कहीं जा सकता है। हमारे नेता के साथ सब लोग काम करना चाहता हैं। अगर वह आते हैं तो उनका स्वागत है और हमारा दरवाजा उनके लिए खुला है।
वहीं पटना पहुंचे बीजेपी सांसद संजय जायसवाल ने कांग्रेस के दही-चूड़ा भोज से विधायकों के गायब रहने के सवाल पर कहा कि कांग्रेस डूब चुकी है इसलिए उसके विधायकों का दही-चूड़ा भोज में शामिल नहीं होना कोई बहुत बड़ी बात नहीं है। यह राहुल गांधी के कारण है। राहुल गांधी वियतनाम घूम रहे हैं और तेजस्वी यादव विदेश घूम रहे हैं जबकि एनडीए को विकास करने से फुर्सत नहीं है।
फर्स्ट बिहार के लिए पटना से प्रेम राज की रिपोर्ट..