1st Bihar Published by: First Bihar Updated Nov 21, 2024, 8:13:09 AM
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AURNGABAD : बिहार सरकार ने औरंगाबाद के पूर्व एसपी सुधीर पोरिका को अवैध बालू खनन और भ्रष्टाचार से जुड़े मामले में क्लीनचिट दे दी है। इसके बाद अब उन्हें निलंबन अवधि का दो साल का पूरा वेतन और भत्ता भी दिया जाएगा। सुधीर फिलहाल विशेष शाखा में एसपी हैं।
दरअसल, औरंगाबाद जिले के एसपी रहते हुए सुधीर पोरिका पर ये आरोप लगे थे कि वह अवैध बालू खनन और भ्रष्टाचार से जुड़े मामले में शामिल है। उसके बाद साल 2021 में उन्हें सस्पेंड कर दिया गया था। वे दो साल तक निलंबित रहे। गृह विभाग ने उनके खिलाफ चल रही विभागीय कार्यवाही खत्म कर दी है। साथ ही निलंबन अवधि का पूरा वेतन एवं भत्ता देने का आदेश भी दिया है। अब गृह विभाग ने इसका संकल्प जारी किया है।
मालूम हो कि आर्थिक अपराध इकाई (ईओयू) की रिपोर्ट के बाद इस मामले में जुलाई 2021 में आईपीएस सुधीर कुमार को निलंबित कर विभागीय कार्यवाही शुरू की गई थी। विभाग ने इस साल सितंबर में उनके खिलाफ चल रही विभागीय कार्यवाही समाप्त की थी। अब गृह विभाग ने अपने नए आदेश में कहा है कि सुधीर पोरिका के 27 जुलाई 2021 से 16 जुलाई 2023 तक, करीब दो वर्ष की निलंबन अवधि को विनियमित किया जाता है। निलंबन अवधि का पूरा वेतन और भत्ता उन्हें दिया जाएगा।
इधर, निलंबन अवधि में उन्हें मिले जीवन निर्वाह भत्ता और अन्य भत्तों को इसमें एडजस्ट किया जाएगा। साथ ही सुधीर पोरिका की निलंबन अवधि को ड्यूटी में जोड़ा जाएगा। बता दें कि सुधीर कुमार पोरिका साल 2010 बैच के आईपीएस अधिकारी हैं। वर्तमान में वह विशेष शाखा में एसपी है। यहां अपनी सेवा प्रदान कर रहे हैं।