1st Bihar Published by: Updated Jun 03, 2020, 4:11:38 PM
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PATNA: पटना हाई कोर्ट ने एससी एसटी एक्ट के तहत इस शर्त पर जमानत दिया कि आरोपी जिला स्वास्थ्य केंद्र के कोरोना अस्पताल में एक स्वयंसेवक के तौर पर काम करेगा.
पटना हाइकोर्ट ने बेगूसराय जिला में एससी/एसटी एक्ट के तहत आरोपित मनोज कुमार को इस शर्त पर जमानत दी कि रिहा होने के बाद जिला स्वास्थ्य केंद्र के कोरोना अस्पताल में स्वयंसेवक के तौर पर तीन महीने काम करेंगे. न्यायमूर्ति डॉक्टर अनिल कुमार उपाध्याय ने उक्त जमानत याचिका पर सभी पक्षों को सुनने के बाद अपना ये निर्देश दिया है.
आरोपी एससी/एसटी एक्ट के तहत दर्ज एससी/ एसटी थाना कांड संख्या 18 /20 20 मामलें में 25 जनवरी 2020 से जेल में है. बता दें कि 30 मई को हाईकोर्ट ने बिहार के एक जाने-माने बिल्डर को इस शर्त के साथ जमानत दी थी कि वह 3 महीने तक कोरोना वायरस की मदद करेंगे. हाईकोर्ट ने बिल्डर खालिद रशीद को इसी शर्त के साथ जमानत दी थी. जिसके बाद यह दूसरे केस में यह फिर अनोखी सजा दी गई है.