ब्रेकिंग
घर के बाहर खेल रही 2 साल की बच्ची अचानक गायब, CCTV में महिला ले जाती दिखी✦रील का शौक बना जानलेवा: इंस्टाग्राम पर वीडियो बनाने के विवाद में छोटे भाई ने ले ली बड़े भाई की जान✦BIHAR: बनमनखी के केंद्रीयकृत रसोईघर में SDM का छापा, भोजन की गुणवत्ता से लेकर अग्नि सुरक्षा तक मिलीं खामियां✦मध्य प्रदेश में बंधक बनाए गए बिहार के मजदूरों को छुड़ाने की मांग, बिहार भवन ने जिला प्रशासन को लिखा पत्र✦नितिन नबीन ने विनय बिहारी की लगाई फटकार, कहा..सम्राट चौधरी सरकार के खिलाफ बोले तो खैर नहीं!✦घर के बाहर खेल रही 2 साल की बच्ची अचानक गायब, CCTV में महिला ले जाती दिखी✦रील का शौक बना जानलेवा: इंस्टाग्राम पर वीडियो बनाने के विवाद में छोटे भाई ने ले ली बड़े भाई की जान✦BIHAR: बनमनखी के केंद्रीयकृत रसोईघर में SDM का छापा, भोजन की गुणवत्ता से लेकर अग्नि सुरक्षा तक मिलीं खामियां✦मध्य प्रदेश में बंधक बनाए गए बिहार के मजदूरों को छुड़ाने की मांग, बिहार भवन ने जिला प्रशासन को लिखा पत्र✦नितिन नबीन ने विनय बिहारी की लगाई फटकार, कहा..सम्राट चौधरी सरकार के खिलाफ बोले तो खैर नहीं!

कोरोना काल में बंद हुआ स्कूल को बच्चों को गांव जाकर पढ़ा रहे हैं के शिक्षा मंत्री

DESK : कोरोना संकट के इस काल में अभी स्कूल बंद हैं. सिर्फ ऑनलाइन पढ़ाई करायी जा रही है. लेकिन इन सब के बच ग्रामीण इलाकों के बच्चों को नेटवर्क को लेकर भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है.

कोरोना काल में बंद हुआ स्कूल को बच्चों को गांव जाकर पढ़ा रहे हैं के शिक्षा मंत्री
Anamika
2 मिनट

DESK : कोरोना संकट के इस काल में अभी स्कूल बंद हैं. सिर्फ ऑनलाइन पढ़ाई करायी जा रही है. लेकिन इन सब के बच ग्रामीण इलाकों के बच्चों को  नेटवर्क को लेकर भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है.  नेटवर्क की समस्या के कारण ऑनलाइन पढ़ाई भी मुश्किल हो गयी .है

लेकिन संकट के इस काल में झारखंड के शिक्षा मंत्री गांव जाकर बच्चों को पढ़ा रहे हैं. झारखंड के शिक्षा मंत्री जगरनाथ महतो बोकारो जिले के बेरमो की अलारगो पंचायत के गट्टीगढ़ा पहुंचे और खुले आसमान के नीचे बैठकर कुछ देर बच्चों को पढ़ाया

इस दौरान शिक्षा मंत्री जगरनाथ महतो ने कहा कि कोरोना महामारी को लेकर स्कूल बंद हैं. ऐसे में शिक्षक अपने विवेक से काम करें. प्रतिदिन सुबह में बच्चों की क्लास गांवों में जाकर लें. सोशल डिस्टैंसिंग का पालन करते हुए खुले स्थानों पर 10-15 बच्चों को पढ़ाएं. रोजाना एक शिक्षक एक गांव में क्लास लेगा, तो बच्चों को जरूर लाभ मिलेगा.