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निलंबित इंजीनियर वीरेंद्र राम पर ED के बाद अब ACB का शिकंजा, रुपये बरामदगी मामले में हो रही है तहकीकात

RANCHI: ग्रामीण कार्य विकास के निलंबित चीफ इंजीनियर वीरेंद्र राम को ED ने गिरफ्तार किया था. अब ACB में भी आय से अधिक अर्जित करने का मामला चलेगा. बता दें आय से अधिक संपति मामले की ज

निलंबित इंजीनियर वीरेंद्र राम पर ED के बाद अब ACB का शिकंजा, रुपये बरामदगी मामले में हो रही है तहकीकात
Aprajita  Shila
Aprajita Shila
2 मिनट

RANCHI: ग्रामीण कार्य विकास के निलंबित चीफ इंजीनियर वीरेंद्र राम को ED ने गिरफ्तार किया था. अब ACB में भी आय से अधिक अर्जित करने का मामला चलेगा. बता दें आय से अधिक संपति मामले की जांच को लेकर वीरेंद्र राम पर एसीबी को विभाग के द्वारा अनुमति प्रदान कर दी गई है.


बता दें नवंबर 2020 में एसीबी के दर्ज केस के आधार पर वीरेंद्र राम पर मुकदमा चलाने की अनुमति एसीबी ने विभाग से मांगी थी. लेकिन लंबे समय से अनुमति नहीं मिल पाने की वजह से वीरेंद्र राम के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने की जांच शुरू नहीं हो पायी थी. लेकिन अब विभागीय आदेश के बाद ASB ने अब कोर्ट को जानकारी देते हुए मामले की जांच शुरू कर दी है.


आपको बता दे कि 15 नवंबर 2020 को एसीबी ने  रिश्वत लेते पकड़े जाने के बाद जमशेदपुर में सुरेश प्रसाद नाम के जूनियर इंजीनियर के घर पर छापेमारी की थी.  तब उनके मकान से 2.67 करोड़ बरामद किए गए थे. सुरेश प्रसाद ने उस समय एंटी करप्शन ब्यूरो के पूछताछ में बताया था कि यह सारे पैसे वीरेंद्र राम के हैं. वीरेंद्र राम के चचेरे भाई आलोक रंजन के द्वारा मकान किराए पर लेने की बात भी सुरेश प्रसाद ने बतायी थी. सुरेश प्रसाद ने तब मकान का रेंट एग्रीमेंट भी एसीबी को दिया था. एसीबी ने इसी आधार पर वीरेंद्र राम के खिलाफ जांच के लिए विभाग से अनुमति मांगी थी.

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