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'शांति ही मेरा रास्ता है'..हिंसा की कोशिशों पर बोले सोनम वांगचुक, समर्थकों से की गांधीवादी आंदोलन की अपील

अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल के 26वें दिन सोनम वांगचुक ने हिंसा की कोशिशों पर दुख जताते हुए समर्थकों से शांति और गांधीवादी तरीके से आंदोलन जारी रखने की अपील की। उन्होंने कहा कि किसी भी उकसावे का जवाब अहिंसा से दिया जाना चाहिए।

बिहार न्यूज
हिंसा की कोशिशों पर जताया दुख
© सोशल मीडिया
Jitendra Vidyarthi
2 मिनट

DELHI: केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर बैठे सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने अपने आंदोलन के 26वें दिन देशवासियों और समर्थकों से शांति बनाए रखने की अपील की है। उन्होंने स्पष्ट कहा कि "शांति और सिर्फ शांति ही मेरा रास्ता है।"


गुरुवार रात सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर साझा किए गए अपने संदेश में वांगचुक ने जंतर-मंतर पर चल रहे शांतिपूर्ण प्रदर्शन पर संतोष जताया, लेकिन दिल्ली के कुछ अन्य स्थानों पर हिंसा भड़काने की कथित कोशिशों पर गहरा दुख व्यक्त किया।


उन्होंने कहा कि कुछ असामाजिक तत्व शांतिपूर्ण आंदोलन का फायदा उठाकर माहौल बिगाड़ने की कोशिश कर रहे हैं। ऐसे लोगों को जिम्मेदार ठहराते हुए वांगचुक ने अपने समर्थकों से गांधीवादी मार्ग पर चलने और किसी भी परिस्थिति में हिंसा का जवाब हिंसा से नहीं देने की अपील की।


वांगचुक ने अपने संदेश में लिखा कि, "सामने वाला पक्ष चाहे कुछ भी करे, हमारा जवाब सिर्फ फूलों जैसा होना चाहिए। कृपया हर हाल में इस परंपरा को बनाए रखें।"


उन्होंने कहा कि उनका आंदोलन पूरी तरह अहिंसक है और आगे भी शांतिपूर्ण तरीके से जारी रहेगा। साथ ही उन्होंने सभी समर्थकों से संयम बनाए रखने और किसी भी उकसावे में न आने की अपील की।

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