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उत्पीड़न मामले में फंसे इंफोसिस के को-फाउंडर गोपालकृष्‍णन, SC/ST एक्ट के तहत केस दर्ज

Kris Gopalakrishnan Infosys Co-Founder: इंफोसिस के को-फाउंडर क्रिस गोपालकृष्णन के खिलाफ पुलिस केस दर्ज हुआ है। उन पर जातिसूचक गालियां और धमकी देने के आरोप लगे हैं। कर्नाटक के बेंगलुरु में उनके खिलाफ FIR दर्ज कराई गई है।

Kris Gopalakrishnan Infosys Co-Founder
क्रिस गोपालकृष्णन के खिलाफ केस दर्ज
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Khushboo Gupta
Khushboo Gupta
2 मिनट

Kris Gopalakrishnan Infosys Co-Founder: कर्नाटक पुलिस ने बेंगलुरु में INFOSYS के को-फाउंडर क्रिस गोपालकृष्णन के खिलाफ SC/ST अत्याचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया है। उनके अलावा भारतीय विज्ञान संस्थान (IISC) के पूर्व डायरेक्टर बलराम और 16 अन्य लोगों के खिलाफ भी इस एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है। रिपोर्ट्स के मुताबिक बेंगलुरु के 71वें सिविल और सेशन कोर्ट (CCH) के निर्देश पर सदाशिव नगर पुलिस स्टेशन में मामला दर्ज किया गया है।


इस मामले के शिकायतकर्ता दुर्गाप्पा आदिवासी बोवी समुदाय से हैं। वो भारतीय विज्ञान संस्थान (आईआईएससी) में सेंटर फॉर सस्टेनेबल टेक्नोलॉजी में एक फैकल्टी मेंबर थे। उन्होंने आरोप लगाया कि साल 2014 में उन्हें हनी ट्रैप के झूठे मामले में फंसाया गया और बाद में IISC की सेवा से बर्खास्त कर दिया गया, जहां क्रिस गोपालकृष्णन बोर्ड ऑफ ट्रस्टीज के सदस्य के रूप में काम करते हैं। IISC के सेंटर फॉर सस्टेनेबल टेक्नोलॉजी में फैकल्टी मेंबर रहे दुर्गाप्पा ने आरोप लगाते हुए कहा कि उन्हें जातिवादी गाली और धमकियां दी गईं। इस मामले में दूसरे आरोपियों में गोविंदन रंगराजन, श्रीधर वारियर, संध्या विश्वेश्वरैया, हरि केवीएस, दासप्पा, बलराम पी, हेमलता मिशी, चट्टोपाध्याय के, प्रदीप डी सावरकर और मनोहरन शामिल हैं।


आपको बता दें कि इंफोसिस की स्‍थापना पुणे में की गई थी। फिलहाल इसका मुख्यालय बेंगलुरु में है। गोपालकृष्णन ने 2007 से 2011 तक इंफोसिस के सीईओ और प्रबंध निदेशक के रूप में कार्य किया। क्रिस गोपालकृष्णन 2011 से 2014 तक इस कंपनी के उपाध्यक्ष और 2007 से 2011 तक चीफ एक्जिक्यूटिव ऑफिसर और मैनेजिंग डायरेक्टर रहे थे।  जनवरी 2011 में भारत सरकार ने गोपालकृष्णन को देश के तीसरे सर्वोच्च नागरिक सम्मान पद्म भूषण से सम्मानित किया था। 

रिपोर्टिंग
K

रिपोर्टर

KHUSHBOO GUPTA

FirstBihar संवाददाता