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अब बिना डॉक्टर की पर्ची के नहीं मिलेगी कोई भी कफ सिरप, केंद्र सरकार ने बदले दवा बिक्री के नियम

Cough Syrup Rules: केंद्र सरकार ने दवा बिक्री नियमों में बड़ा बदलाव करते हुए खांसी, सर्दी और बुखार समेत सभी प्रकार की सिरप की बिक्री के लिए डॉक्टर की पर्ची अनिवार्य कर दी है। नए नियम का उद्देश्य दवाओं के दुरुपयोग पर रोक लगाना है।

Cough Syrup Rules
प्रतिकात्मक तस्वीर
© AI
Mukesh Srivastava
2 मिनट

Cough Syrup Rules: देशभर में दवाओं की बिक्री को लेकर केंद्र सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। अब खांसी की दवा समेत किसी भी प्रकार की सिरप बिना डॉक्टर की पर्ची के नहीं खरीदी जा सकेगी। केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय ने इस संबंध में 9 जून को अधिसूचना जारी कर नए नियम लागू कर दिए हैं।


मंत्रालय ने औषधि नियम, 1945 में संशोधन करते हुए अनुसूची ‘K’ से ‘सिरप’ शब्द को हटा दिया है। पहले इस श्रेणी के तहत छोटे गांवों में कुछ प्रकार की सिरप की बिक्री को लाइसेंस संबंधी नियमों से छूट प्राप्त थी। नए नियम लागू होने के बाद यह छूट समाप्त हो गई है।


अब खांसी, सर्दी, बुखार या अन्य किसी भी प्रकार की सिरप केवल डॉक्टर की लिखित पर्ची पर ही खरीदी जा सकेगी। साथ ही कफ सिरप और अन्य सिरप की बिक्री एवं वितरण केवल लाइसेंस प्राप्त मेडिकल स्टोर या फार्मेसी के माध्यम से ही किया जाएगा।


नए नियमों के तहत 1000 से कम आबादी वाले गांवों में भी बिना लाइसेंस के कफ सिरप बेचने की अनुमति नहीं होगी। यह व्यवस्था औषधि एवं प्रसाधन सामग्री अधिनियम, 1940 और उससे संबंधित नियमों के अंतर्गत लागू की गई है।


स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, यह फैसला दवाओं के दुरुपयोग पर रोक लगाने, कफ सिरप की बिक्री पर बेहतर निगरानी सुनिश्चित करने और जनस्वास्थ्य सुरक्षा को मजबूत करने के उद्देश्य से लिया गया है। सरकार का मानना है कि इससे देशभर में दवाओं की बिक्री अधिक जिम्मेदारी और निर्धारित मानकों के अनुरूप हो सकेगी। मंत्रालय ने कफ सिरप बनाने वाली कंपनियों, वितरकों और दवा विक्रेताओं को सभी लाइसेंस और नियामकीय प्रावधानों का सख्ती से पालन करने के निर्देश भी दिए हैं।

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FIRST BIHAR

FirstBihar संवाददाता