ब्रेकिंग
ED का बड़ा एक्शन: TMC के तीन बैंक खातों को किया सील, अकाउंट में 440 करोड़तेजस्वी पर रोहित कुमार सिंह का बड़ा हमला, बोले- यूरोप में पार्टी के लिए नई जमीन तलाश रहे नेता प्रतिपक्षविक्रमशिला सेतु पर आज रात 10 बजे से वाहनों की आवाजाही होगी बंद, दूसरे दिन भी नहीं चलेंगी गाड़ियां; क्यों लिया गया बड़ा फैसला?JDU Bihar की नई प्रदेश कमिटी की घोषणा: 38 महासचिव, 9 प्रवक्ता, 12 उपाध्यक्ष, ललन सर्राफ बने कोषाध्यक्ष, देखिये पूरी लिस्ट..बिहार में इंटरनेशनल बॉर्डर से बांग्लादेशी नागरिक गिरफ्तार, नेपाल भागने की कर रहा था कोशिश; पुलिस और SSB की कार्रवाईED का बड़ा एक्शन: TMC के तीन बैंक खातों को किया सील, अकाउंट में 440 करोड़तेजस्वी पर रोहित कुमार सिंह का बड़ा हमला, बोले- यूरोप में पार्टी के लिए नई जमीन तलाश रहे नेता प्रतिपक्षविक्रमशिला सेतु पर आज रात 10 बजे से वाहनों की आवाजाही होगी बंद, दूसरे दिन भी नहीं चलेंगी गाड़ियां; क्यों लिया गया बड़ा फैसला?JDU Bihar की नई प्रदेश कमिटी की घोषणा: 38 महासचिव, 9 प्रवक्ता, 12 उपाध्यक्ष, ललन सर्राफ बने कोषाध्यक्ष, देखिये पूरी लिस्ट..बिहार में इंटरनेशनल बॉर्डर से बांग्लादेशी नागरिक गिरफ्तार, नेपाल भागने की कर रहा था कोशिश; पुलिस और SSB की कार्रवाई

दिल्ली में हार के बाद कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने दिया इस्तीफा, एक सीट भी नहीं जीत पाई पार्टी

DELHI: इस वक्त की बड़ी खबर दिल्ली से आ रही है. विधानसभा चुनाव में बुरी तरह से कांग्रेस की हार के बाद कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष सुभाष चोपड़ा ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है.

FirstBihar
Manish Kumar
2 मिनट

DELHI: इस वक्त की बड़ी खबर दिल्ली से आ रही है. विधानसभा चुनाव में बुरी तरह से कांग्रेस की हार के बाद कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष सुभाष चोपड़ा ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है. तीन दिन पहले सर्वे को लेकर चोपड़ा ने कहा था कि इस सर्वे से बेहतर रिजल्ट 11 फरवरी को आएगा, लेकिन रिजल्ट में कांग्रेस साफ हो गई. 

एक सीट नहीं मिली कांग्रेस को

2020 के विधानसभा चुनाव में कांग्रेस को एक सीट भी नहीं मिली है. दिल्ली चुनाव से कुछ माह पहले ही चोपड़ा को अध्यक्ष बनाया गया था, लेकिन इस चुनाव में कुछ भी फायदा कांग्रेस को नहीं हुआ. 

2015 विधानसभा चुनाव में भी कांग्रेस एक सीट भी जीत नहीं पाई थी. बताया जा रहा है कि चुनाव के दौरान कांग्रेस के अंदर टिकट को लेकर असंतोष अधिक था. प्रचार करने से अधिक कांग्रेस के नेता गुटबाजी में व्यवस्थ रहते थे. यही कारण है कि राहुल गांधी, प्रियंका गांधी समेत कई बड़े नेताओं के प्रचार के बाद भी कांग्रेस एक सीट जीत नहीं पाई.

टैग्स