1st Bihar Published by: First Bihar Updated Mon, 10 Nov 2025 03:28:24 PM IST
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राजधानी पटना से एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है, जिसने न सिर्फ लोगों को हैरान कर दिया बल्कि यह भी दिखाया कि कैसे मामूली सी बात पर हिंसा हो जाती है। घटना कोतवाली थाना क्षेत्र की है, जहां एक छोटे होटल के संचालक का सिर सिर्फ इसलिए फोड़ दिया गया क्योंकि उसने एक ग्राहक को ठंडा चावल और कम नमक वाली दाल परोसी थी।
घटना का पूरा मामला
मिली जानकारी के अनुसार, सोमवार की दोपहर करीब 1 बजे कोतवाली थाना क्षेत्र के गांधी मैदान के पास स्थित एक स्थानीय होटल में यह घटना घटी। होटल का नाम - भोजनालय’ बताया जा रहा है, जिसे ऋषि कुमार नामक व्यक्ति पिछले कई वर्षों से चला रहे हैं। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, एक युवक होटल में खाना खाने आया था। युवक ने प्लेट में चावल, दाल और सब्जी का ऑर्डर दिया।
ऋषि कुमार ने बताया कि “उस वक्त लंच का समय था, इसलिए कई ग्राहक मौजूद थे। हमने सबको समान रूप से खाना परोसा। लेकिन वह युवक अचानक गुस्से में आ गया और बोला कि दाल में नमक कम है और चावल ठंडा है।”
मामूली विवाद ने लिया हिंसक रूप
ऋषि कुमार ने जब उसे शांत करने की कोशिश की और कहा कि वह ताज़ा खाना बनवा देता है, तब तक स्थिति बिगड़ चुकी थी। युवक ने पहले गालियां देनी शुरू कर दीं और फिर पास रखी स्टील की पानी की जग उठाकर होटल संचालक के सिर पर दे मारी। वार इतना जोरदार था कि ऋषि कुमार के सिर से खून बहने लगा।
घटना के बाद होटल में अफरा-तफरी मच गई। मौके पर मौजूद ग्राहकों ने हमलावर को पकड़ने की कोशिश की, लेकिन उसने खुद को छुड़ाते हुए धमकी दी – “मेरी पहचान सीएम हाउस तक है, कोई मेरा कुछ नहीं बिगाड़ सकता।” इतना कहकर आरोपी वहां से फरार हो गया।
मौके पर पहुंची पुलिस
घटना के तुरंत बाद घायल संजय प्रसाद ने 112 नंबर पर कॉल कर पुलिस को सूचना दी। कुछ ही देर में कोतवाली थाना की टीम मौके पर पहुंच गई और होटल संचालक को प्राथमिक उपचार के लिए पास के अस्पताल भेजा गया। डॉक्टरों के अनुसार, उनके सिर पर गहरा जख्म है, लेकिन हालत स्थिर बताई जा रही है।
कोतवाली थाना ने बताया कि “घटना की सूचना मिलते ही हम मौके पर पहुंचे। घायल व्यक्ति का बयान दर्ज किया गया है। आरोपी की पहचान सीसीटीवी फुटेज के आधार पर की जा रही है। वह खुद को किसी वीआईपी से जुड़ा हुआ बताकर फरार हो गया है, लेकिन जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।”
स्थानीय लोगों में आक्रोश
घटना के बाद स्थानीय व्यापारियों और होटल संचालकों में आक्रोश फैल गया है। उन्होंने कहा कि “आज एक व्यक्ति के सिर पर चोट की गई है, कल किसी की जान भी जा सकती है। अगर पुलिस सख्त कार्रवाई नहीं करेगी, तो अपराधी तत्व इस तरह आम दुकानदारों को डराने लगेंगे।”
होटल संघ के प्रतिनिधि ने कहा, “हम मांग करते हैं कि आरोपी की तत्काल गिरफ्तारी हो और उसे उदाहरणात्मक सजा दी जाए। सिर्फ इसलिए कि किसी को खाना पसंद नहीं आया, इसका मतलब यह नहीं कि वह किसी पर हमला कर दे।”
सोशल मीडिया पर चर्चा
इस घटना की खबर सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गई है। कई लोगों ने इसे “अहंकार और गुंडागर्दी” का उदाहरण बताया है। लोग सवाल उठा रहे हैं कि आखिर कोई व्यक्ति मामूली बात पर इतना हिंसक कैसे हो सकता है और यदि वह सच में किसी वीआईपी से जुड़ा है, तो क्या कानून से ऊपर है?
पुलिस की कार्रवाई जारी
पुलिस सूत्रों के अनुसार, आरोपी की पहचान जल्द कर ली जाएगी और उसके खिलाफ हत्या के प्रयास (धारा 307), गाली-गलौज (504), धमकी (506) और हमला (323) जैसी धाराओं में मामला दर्ज किया जाएगा। थाना प्रभारी ने कहा, “चाहे कोई कितना भी प्रभावशाली क्यों न हो, कानून सबके लिए समान है। इस तरह की गुंडागर्दी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।”
पटना की यह घटना एक बार फिर यह सोचने पर मजबूर करती है कि समाज में गुस्सा और असहिष्णुता किस कदर बढ़ रही है। ठंडा खाना या नमक कम होना एक असंतोष का विषय हो सकता है, लेकिन इसके लिए हिंसा का सहारा लेना न केवल असामाजिक बल्कि अपराध है। अब देखना यह होगा कि पुलिस इस मामले में कितनी जल्दी आरोपी को गिरफ्तार कर पीड़ित को न्याय दिलाती है।