ब्रेकिंग
बिहार के 10 नवनिर्वाचित MLC का शपथ ग्रहण कल, पवन सिंह और निशांत कुमार पर रहेगी सबकी नजरखेत में मिले सोने के गहने, हिस्सेदारी को लेकर विवाद, लीज पर जमीन लेने के लिए मची होड़बिहार के 30 हजार भूमिहीन परिवारों को जमीन देगी सरकार, इस दिन मिलेगा प्रमाण-पत्र; सभी जिलों को निर्देश जारीबिहार के कोचिंग संस्थानों पर हाई कोर्ट में PIL दायर, मानकों के उल्लंघन की जांच की मांगशिक्षा विभाग में DPO प्रतिनियुक्ति का बड़ा खेल ! सारण ही नहीं मोतिहारी डीपीओ भी 4 सालों से हैं 'डेपूटेशन' पर, तबादला के बाद फिर से पूर्वी चंपारण में करा ली थी वापसी, खुलासे के बाद उठे गंभीर सवाल बिहार के 10 नवनिर्वाचित MLC का शपथ ग्रहण कल, पवन सिंह और निशांत कुमार पर रहेगी सबकी नजरखेत में मिले सोने के गहने, हिस्सेदारी को लेकर विवाद, लीज पर जमीन लेने के लिए मची होड़बिहार के 30 हजार भूमिहीन परिवारों को जमीन देगी सरकार, इस दिन मिलेगा प्रमाण-पत्र; सभी जिलों को निर्देश जारीबिहार के कोचिंग संस्थानों पर हाई कोर्ट में PIL दायर, मानकों के उल्लंघन की जांच की मांगशिक्षा विभाग में DPO प्रतिनियुक्ति का बड़ा खेल ! सारण ही नहीं मोतिहारी डीपीओ भी 4 सालों से हैं 'डेपूटेशन' पर, तबादला के बाद फिर से पूर्वी चंपारण में करा ली थी वापसी, खुलासे के बाद उठे गंभीर सवाल

Bihar News: पटना के जेलर और तीन कक्षपाल समेत जमादार पर गिरी गाज, जेल में शराब पार्टी का वीडियो हुआ था वायरल

Bihar News: पटना की मसौढ़ी जेल में फर्जी शराब पार्टी का वीडियो वायरल होने पर प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए जेलर और तीन अन्य अधिकारियों को निलंबित कर दिया है।

Bihar News
शराब पार्टी मामले में कार्रवाई
© file
Mukesh Srivastava
2 मिनट

Bihar News: पटना के मसौढ़ी जेल में कथित शराब पार्टी और गांजा पीने का वीडियो वायरल होने के मामले में बड़ा प्रशासनिक कदम उठाया गया है। जांच के बाद जेलर उमाशंकर शर्मा, जमादार चंद्रशेखर आजाद, और दो कक्षपाल आलोक कुमार व गौरव कुमार को निलंबित कर दिया गया है। यह कार्रवाई जेल आईजी प्रणव कुमार के आदेश पर की गई।


घटना के बाद जेल डीआईजी नवीन कुमार झा ने मसौढ़ी जेल पहुंचकर करीब 5 घंटे तक गहन जांच की। जांच में यह बात सामने आई कि शराब पीने की पुष्टि नहीं हुई, बल्कि वीडियो कक्षपाल की मिलीभगत से फर्जी रूप से बनाया गया था, ताकि जेल प्रशासन को बदनाम किया जा सके।


डीएम के आदेश पर एसडीएम और डीएसपी की संयुक्त जांच रिपोर्ट में भी यह स्पष्ट किया गया कि वीडियो फर्जी है। इसके बावजूद, जेल की छवि धूमिल करने के प्रयास को गंभीरता से लेते हुए कार्रवाई की गई।


जेल अधीक्षक महेश रजक के अनुसार, छह कैदी- दीपक कुमार, मोहम्मद इमाम, विपिन कुमार, गोलू कुमार, अजीत कुमार और बोतल कुमार पर फर्जी वीडियो बनाकर जेल की छवि खराब करने का आरोप है। इन सभी के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है और उन्हें बेऊर जेल स्थानांतरित कर दिया गया।

रिपोर्टिंग
F

रिपोर्टर

FIRST BIHAR

FirstBihar संवाददाता