ब्रेकिंग
दिल्ली-NCR समेत उत्तर भारत में भूकंप के तेज झटके, उत्तराखंड के चमोली में 4.9 तीव्रता से हिली धरती✦सहरसा में बंद फ्लैट से 25 लाख के गहनों की चोरी, कामवाली और गार्ड पर मिलीभगत का शक✦भोजपुर में घर के बाहर खड़े प्रॉपर्टी डीलर को मारी गोली, गंभीर हालत में मेडिकोन हॉस्पिटल में एडमिट, CCTV खंगालने में जुटी पुलिस✦11 साल से फर्जी डिग्री पर कर रहा था सरकारी नौकरी! शेखपुरा के शिक्षक हरेराम को स्कूल से पुलिस ने दबोचा✦जहानाबाद के सरकारी स्कूल में बच्चों के बीच बैठकर डीएम ने खाया मिड-डे मील, कम उपस्थिति पर जताई नाराजगी✦दिल्ली-NCR समेत उत्तर भारत में भूकंप के तेज झटके, उत्तराखंड के चमोली में 4.9 तीव्रता से हिली धरती✦सहरसा में बंद फ्लैट से 25 लाख के गहनों की चोरी, कामवाली और गार्ड पर मिलीभगत का शक✦भोजपुर में घर के बाहर खड़े प्रॉपर्टी डीलर को मारी गोली, गंभीर हालत में मेडिकोन हॉस्पिटल में एडमिट, CCTV खंगालने में जुटी पुलिस✦11 साल से फर्जी डिग्री पर कर रहा था सरकारी नौकरी! शेखपुरा के शिक्षक हरेराम को स्कूल से पुलिस ने दबोचा✦जहानाबाद के सरकारी स्कूल में बच्चों के बीच बैठकर डीएम ने खाया मिड-डे मील, कम उपस्थिति पर जताई नाराजगी

तिहरे हत्याकांड के दोषियों को फांसी की सजा दिए जाने की मांग की, रिटायर्ड जज से घटना की जांच हो- कीर्ति झा

DARBHANGA: दरभंगा के पूर्व सांसद कीर्ति झा आजाद ने तिहरे हत्याकांड के दोषियों को फांसी की सजा देने की मांग की है। कीर्ति झा आजाद ने मामले को लेकर दरभंगा पुलिस, बिजली विभाग और

तिहरे हत्याकांड के दोषियों को फांसी की सजा दिए जाने की मांग की, रिटायर्ड जज से घटना की जांच हो- कीर्ति झा
Jitendra Vidyarthi
3 मिनट

DARBHANGA: दरभंगा के पूर्व सांसद कीर्ति झा आजाद ने तिहरे हत्याकांड के दोषियों को फांसी की सजा देने की मांग की है। कीर्ति झा आजाद ने मामले को लेकर दरभंगा पुलिस, बिजली विभाग और दरभंगा राज के कुमार कपिलेश्वर सिंह पर कई सवाल खड़े किए हैं। कीर्ति झा आजाद ने घटना की जांच किसी सेवानिवृत्त जज से कराए जाने की मांग की है। 


कीर्ति झा आजाद ने कहा है कि बीते 10 फरवरी को दरभंगा में जो घटना हुई थी वह जघन्य अपराध है। उन्होंने कहा कि जिस समय वारदात को अंजाम दिया जा रहा था, उस समय 10 मिनट के लिए बिजली चली गई थी, जो महज संयोग नहीं हो सकता है। उन्होंने मांग की है कि इस घटना की जांच हाइकोर्ट के रिटायर्ड जज से कराई जानी चाहिए, कमिश्नर और आइजी स्तर से नीचे की जांच नहीं होनी चाहिए और जांच की समय सीमा निर्धारित होनी चाहिए। 


दरभंगा राज की संपत्ति के ट्रस्ट के बारे में चर्चा करते हुए कीर्ति झा आजाद ने कहा कि वे इस मामले की छानबीन कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि पिछले साल 20 फरवरी को कोलकाता हाइकोर्ट ने इसकी तीन सदस्यीय कमेटी को भंग कर नई कमेटी बना दी थी। साथ ही कोर्ट ने छोटे कुमार पर 10 लाख का जुर्माना लगाया था क्योंकि उन्होंने कोर्ट की अवमानना की थी। दरअसल, दरभंगा राज की संपत्ति की देखरेख करनेवाला ट्रस्ट कोलकाता हाइकोर्ट के न्याय क्षेत्र में आता है।


कीर्ति झा आजाद ने कहा कि दरभंगा राज के छोटे कुमार के माध्यम से वारदात से संबंधित जमीन बिकी। उनकी अपनी सगी मौसेरी बहन, उसके पेट में पल रहा बच्चा और उनके मौसेरे भाई की जान इस वारदात में चली गई। उन्होंने आरोप लगाया है कि वारदात में बहुत ऊपर तक के लोगों का हाथ है। उन्होंने पुलिस पर अपराधियों से सांठगांठ का आरोप लगाया है। 


उन्होंने कहा कि इस घटना के बारे में एसएसपी को मालूम था। उनके पास सीसीटीवी फुटेज है।उन्होंने कहा कि थाना प्रभारी को केवल सस्पेंड किया गया जबकि उनपर 302 का मुकदमा दर्ज किया जाना चाहिए था। राज परिवार, पुलिस प्रशासन और बिजली विभाग समेत जमीन खरीदनेवाले इन सबों को जांच के दायरे में लाकर दफा 302 के तहत सभी पर मुकदमा दर्ज होना चाहिए।