ब्रेकिंग
मर्डर केस में पिता और दो बेटों समेत 6 दोषियों को उम्रकैद की सजा, सूबेदार मेजर शशिभूषण तिवारी हत्याकांड में फैसलाहल्दी बड़े भाई के नाम की, दूल्हा बना छोटा भाई, शादी से ठीक पहले खुला राज और हो गया खेलकेरलम में कांग्रेस ने तय किया CM फेस, 6 बार के विधायक वीडी सतीशन होंगे राज्य के नए मुख्यमंत्रीदिल्ली में बिहार की बस के भीतर महिला के साथ गैंगरेप, दुष्कर्म के बाद बाहर फेंका; ड्राइवर और कंडक्टर गिरफ्तारक्या कभी पेपर लीक पर भी बोलेंगे प्रधानमंत्री? रोहिणी आचार्य का पीएम मोदी से सवालमर्डर केस में पिता और दो बेटों समेत 6 दोषियों को उम्रकैद की सजा, सूबेदार मेजर शशिभूषण तिवारी हत्याकांड में फैसलाहल्दी बड़े भाई के नाम की, दूल्हा बना छोटा भाई, शादी से ठीक पहले खुला राज और हो गया खेलकेरलम में कांग्रेस ने तय किया CM फेस, 6 बार के विधायक वीडी सतीशन होंगे राज्य के नए मुख्यमंत्रीदिल्ली में बिहार की बस के भीतर महिला के साथ गैंगरेप, दुष्कर्म के बाद बाहर फेंका; ड्राइवर और कंडक्टर गिरफ्तारक्या कभी पेपर लीक पर भी बोलेंगे प्रधानमंत्री? रोहिणी आचार्य का पीएम मोदी से सवाल

मर्डर केस में पिता और दो बेटों समेत 6 दोषियों को उम्रकैद की सजा, सूबेदार मेजर शशिभूषण तिवारी हत्याकांड में फैसला

Bihar Crime News: भभुआ कोर्ट ने असम राइफल्स के सूबेदार मेजर शशिभूषण तिवारी हत्याकांड में बड़ा फैसला सुनाते हुए पिता-पुत्र सहित छह आरोपियों को उम्रकैद की सजा सुनाई है। सभी पर जुर्माना भी लगाया गया है।

Bihar Crime News
प्रतिकात्मक तस्वीर
© Google
Mukesh Srivastava
2 मिनट

Bihar Crime News: बिहार के भभुआ कोर्ट ने असम राइफल्स के सूबेदार मेजर शशिभूषण तिवारी की हत्या मामले में बड़ा फैसला सुनाते हुए पिता-पुत्र सहित छह लोगों को उम्रकैद की सजा दी है। अदालत ने सभी दोषियों पर एक-एक लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया है। जुर्माना नहीं भरने पर प्रत्येक को छह-छह महीने की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी। यह फैसला एडीजे द्वितीय अजीत कुमार मिश्रा की अदालत ने सुनाया।


सजा पाने वालों में चैनपुर थाना क्षेत्र के मेढ़ निवासी दीनानाथ गोंड के बेटे श्रवण गोंड और राकेश गोंड, बचाऊ सिंह के बेटे सुभाष सिंह, नचकू गोंड के बेटे अर्जुन कुमार, चांद थाना क्षेत्र के बभनियांव निवासी कुमार गोंड के बेटे अनिल गोंड और चैनपुर थाना क्षेत्र के तेनउरा निवासी सुदामा राम के बेटे राजेश कुमार उर्फ राजेश राम शामिल हैं। सभी दोषियों को न्यायालय के आदेश के बाद जेल भेज दिया गया है।


यह मामला करीब चार साल तक चला और लंबे इंतजार के बाद पीड़ित परिवार को न्याय मिला। फैसले के बाद मृतक के परिजनों ने अदालत के निर्णय पर संतोष व्यक्त किया। मामले की शुरुआत चांद थाने में दर्ज शिकायत से हुई थी, जो मृतक की पत्नी और अधिवक्ता सीमा तिवारी ने दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया था कि उनके पति शशिभूषण तिवारी मणिपुर के सलोन जिले में असम राइफल्स में सूबेदार मेजर के पद पर कार्यरत थे। वे 8 मई 2022 को छुट्टी पर अपने गांव आए थे।


इसके बाद 16 जून 2022 की रात को आरोपियों ने लोहे के फरसे और कुदाल से उनके सिर पर हमला कर उनकी हत्या कर दी। अगली सुबह 17 जून 2022 को पुलिस ने बयान दर्ज कर जांच शुरू की थी। जांच के दौरान मामले को दबाने और प्रभावित करने की कोशिशें भी हुईं, लेकिन पीड़ित पक्ष न्याय की मांग पर अडिग रहा और अंततः अदालत के फैसले का इंतजार किया।

रिपोर्टिंग
F

रिपोर्टर

FIRST BIHAR

FirstBihar संवाददाता

संबंधित खबरें