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बस कंडक्टर ने पास की UPSC की परीक्षा, इस महिला IAS अफसर की मदद से मिली सफलता

DESK : हौसले बुलंद हों तो दुनिया की कोई भी बड़ी ताकत आपको कामयाब होने से नहीं रोक सकती है. एक बस कंडक्टर ने ऐसा कुछ कर दिखाया है कि आज हर कोई उनकी तारीफ कर रहा है. दरअसल बस कंड

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DESK : हौसले बुलंद हों तो दुनिया की कोई भी बड़ी ताकत आपको कामयाब होने से नहीं रोक सकती है. एक बस कंडक्टर ने ऐसा कुछ कर दिखाया है कि आज हर कोई उनकी तारीफ कर रहा है. दरअसल बस कंडक्टर ने UPSC की परीक्षा में सफलता हासिल की है. 8 घंटे बस पर कंडक्टरी करने के बावजूद घर में 5 घंटे पढ़ाई कर उन्होंने इस मुकाम को हासिल किया है. 


असफलता से नहीं मानी हार
UPSC में सफलता हासिल करने वाले बस कंडक्टर का नाम मधु है. 29 साल के मधु एनसी बीएमटीसी में बस कंडक्टर हैं. मधु इससे पहले 2014 में कर्नाटक प्रशासनिक सेवा के एग्जाम में फेल हो गए थे. हालांकि मधु एनसी यूपीएससी की प्री और मेन्स परीक्षा पास कर चुके हैं और 25 मार्च को इंटरव्यू में शामिल में शामिल होंगे. 


महिला IAS अफसर ने की मदद
मधु की इस बड़ी सफलता के पीछे एक महिला IAS अफसर का हाथ है. बेंगलुरु मेट्रोपॉलिटन ट्रांसपोर्ट कॉर्पोरेशन की मैनेजिंग डायरेक्टर आईएएएस सी शिखा ने मधु को रोज दो घंटे पढ़ाकर इस काबिल बनाया कि आज मधु ने उनका नाम रोशन किया है. मधु खुद IAS सी शिखा के जैसा बहादुर अफसर बनना चाहते हैं. 


कितना मुश्किल रहा सफर
मधु की इस सफलता से उनके घरवाले काफी खुश हैं. मधु का यह सफर काफी कठिन रहा है. उन्होंने बताया कि IAS सी शिखा मुझे इंटरव्यू के लिए भी तैयार कर रही हैं. पिछले साल प्री-परीक्षा का रिजल्ट आने के बाद ही मधु ने मेन्स के लिए दम लगाकर पढ़ाई की और आज इस मुकाम को हासिल किया. उन्होंने प्री-परीक्षा तो कन्नड़ में दी थी लेकिन मेन्स उन्होंने अंग्रेजी में लिखा. मेन्स परीक्षा के लिए मधु ने पॉलिटिकल साइंस, इंटरनेशनल रिलेशन्स, एथिक्स, लैंग्वेज के साथ-साथ कई अन्य विषयों की जमकर पढ़ाई की थी.