SUPAUL: सुपौल के राजेश्वरी थाना क्षेत्र में 19 वर्षीय युवती की निर्मम हत्या ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया। गांव के एक सरकारी स्कूल परिसर में खून से लथपथ युवती का शव मिलने के बाद इलाके में सनसनी फैल गई। शुरुआत में यह मामला पूरी तरह रहस्यमय लग रहा था,लेकिन पुलिस ने महज 12 घंटे के भीतर इस हत्याकांड की गुत्थी सुलझाते हुए युवती के प्रेमी को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपी की पहचान जदिया थाना क्षेत्र के परसागढ़ी वार्ड-12 निवासी 20 वर्षीय नीतीश कुमार के रूप में हुई है। पुलिस ने उसकी निशानदेही पर हत्या में इस्तेमाल किया गया खून लगा चाकू, खून से सनी हुई टी-शर्ट और मृतका का मोबाइल फोन भी बरामद कर लिया है।
पुलिस के अनुसार,मृतका और आरोपी के बीच पिछले पांच-छह महीनों से प्रेम संबंध था। दोनों के बीच लगातार बातचीत होती थी और नजदीकियां भी बढ़ गई थीं। इसी दौरान युवती के परिवार में उसकी शादी कहीं और तय करने की चर्चा शुरू हो गई। इससे युवती मानसिक दबाव में थी और वह अपने प्रेमी नीतीश पर शादी करने का दबाव बनाने लगी। लेकिन नीतीश शादी के लिए तैयार नहीं था। पुलिस पूछताछ में आरोपी ने खुलासा किया कि युवती के लगातार दबाव और विवाद से परेशान होकर उसने उसे रास्ते से हटाने की साजिश रच डाली।
एसपी शरथ आर एस ने बुधवार को जानकारी देते हुए बताया कि घटना वाली रात आरोपी ने मोबाइल के जरिए युवती को घर के पास स्थित उत्क्रमित मध्य विद्यालय परिसर में मिलने के लिए बुलाया। युवती भरोसा कर देर रात स्कूल पहुंच गई। वहां दोनों के बीच कुछ देर बातचीत हुई,लेकिन इसी दौरान आरोपी ने पहले से बनाई योजना के तहत धारदार चाकू से युवती की गर्दन पर हमला कर दिया। गला रेतने के बाद आरोपी उसे वहीं छोड़कर फरार हो गया। सुबह जब स्कूल परिसर में युवती का शव मिला तो पूरे गांव में अफरा-तफरी मच गई।
सूचना मिलते ही राजेश्वरी थाना पुलिस और त्रिवेणीगंज एसडीपीओ मौके पर पहुंचे। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसपी के निर्देश पर त्रिवेणीगंज एसडीपीओ बिभाष कुमार के नेतृत्व में SIT का गठन किया गया। पुलिस ने तकनीकी और वैज्ञानिक अनुसंधान के आधार पर जांच शुरू की। एफएसएल टीम ने घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए, वहीं मोबाइल कॉल डिटेल और अन्य तकनीकी इनपुट के जरिए पुलिस आरोपी तक पहुंच गई। सख्ती से पूछताछ में आरोपी टूट गया और उसने हत्या की पूरी कहानी पुलिस के सामने बयां कर दी।
हत्या के बाद आरोपी मृतका का मोबाइल भी अपने साथ ले गया था। हालांकि गांव में पुलिस की सक्रियता बढ़ने के बाद उसने मोबाइल को एक उजाड़ जगह पर झाड़ियों में फेंक दिया। बाद में उसकी निशानदेही पर मोबाइल भी बरामद कर लिया गया। एसपी ने बताया कि मामले में पर्याप्त वैज्ञानिक और तकनीकी साक्ष्य जुटा लिए गए हैं। आरोपी को न्यायिक हिरासत में भेजा जा रहा है। इस त्वरित कार्रवाई में त्रिवेणीगंज एसडीपीओ बिभाष कुमार, जदिया थानाध्यक्ष नंदकिशोर नंदन,राजेश्वरी थानाध्यक्ष युगल किशोर, जिला तकनीकी शाखा और पुलिस टीम की अहम भूमिका रही।





