Bihar Viral Video: सुपौल के छातापुर में आंगनबाड़ी सेविका से कथित रिश्वत लेने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद जिला प्रशासन ने कार्रवाई की है. सुपौल डीएम सावन कुमार ने छातापुर सीडीपीओ कार्यालय में तैनात महिला पर्यवेक्षिका संगीता कुमारी को जिला प्रोग्राम कार्यालय, आईसीडीएस, सुपौल में योगदान करने का आदेश दिया है.
मामला जीवछपुर पंचायत स्थित आंगनबाड़ी केंद्र संख्या-52 से जुड़ा है. केंद्र की सेविका ममता कुमारी ने आरोप लगाया था कि केंद्र से जुड़ी राशि और वाउचर भुगतान, टीएचआर, क्रय पंजी के संधारण और अन्य काम के नाम पर हर महीने 2,600 रुपये की कथित वसूली की जाती है. इसी से जुड़ा एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था, जिसमें महिला पर्यवेक्षिका पर रिश्वत की राशि लेने का आरोप लगाया गया.
वीडियो सामने आने के बाद डीएम ने मामले को गंभीरता से लेते हुए लिखित आदेश जारी किया. आदेश में कहा गया है कि महिला पर्यवेक्षिका संगीता कुमारी द्वारा आंगनबाड़ी सेविका से रिश्वत की राशि लेते हुए वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ है. इसके साथ ही उनके कार्यों के निष्पादन में अनियमितता और भ्रष्टाचार से जुड़े गंभीर आरोप भी प्राप्त हुए हैं.
डीएम ने कहा कि मामले की निष्पक्ष जांच और संबंधित अभिलेखों एवं साक्ष्यों को सुरक्षित रखने के उद्देश्य से महिला पर्यवेक्षिका को जिला प्रोग्राम कार्यालय में योगदान करने का निर्देश दिया गया है.
सीडीपीओ को तीन दिन में जांच रिपोर्ट देने का निर्देश
डीएम के आदेश के अनुसार, छातापुर की बाल विकास परियोजना पदाधिकारी को महिला पर्यवेक्षिका से संबंधित सभी सरकारी अभिलेख, दस्तावेज और अन्य प्रभार नियमानुसार प्राप्त करने का निर्देश दिया गया है.
इसके अलावा वायरल वीडियो और प्राप्त शिकायत के आधार पर संगीता कुमारी से कारण-पृच्छा करने को कहा गया है. सीडीपीओ को पूरे मामले की जांच कर स्पष्ट मंतव्य के साथ अपनी रिपोर्ट तीन दिनों के भीतर डीएम कार्यालय को उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया है.
फिलहाल महिला पर्यवेक्षिका को जिला प्रोग्राम कार्यालय में योगदान करने का आदेश दिया गया है. अब मामले की जांच रिपोर्ट में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी.





