Bihar Crime News: बिहार में शराबबंदी के बावजूद तस्कर शराब पहुंचाने के लिए नए-नए तरीके अपना रहे हैं. सीतामढ़ी जिले में शराब तस्करी का ऐसा ही एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है, जहां तस्करों ने पुलिस और लोगों को चकमा देने के लिए विदेशी शराब को फ्रूटी जूस के कार्टन के नीचे छिपाकर रखा था. लेकिन पुलिस की कार्रवाई में पूरा खेल उजागर हो गया.
बोखड़ा थाना क्षेत्र के बुधनगरा पुरानी बाजार के पास और मुजफ्फरपुर जिले की सीमा से सटे पुल के समीप गुरुवार शाम एक संदिग्ध ट्रक से भारी मात्रा में विदेशी शराब बरामद की गई. ट्रक में शराब इस तरह छिपाई गई थी कि पहली नजर में किसी को शक तक नहीं हो सके.
जानकारी के अनुसार, हिमाचल प्रदेश नंबर के एक दस चक्का ट्रक को काफी देर तक सड़क किनारे संदिग्ध हालत में खड़ा देखा गया. ट्रक के पास चालक या कोई अन्य व्यक्ति मौजूद नहीं था, जिसके बाद स्थानीय लोगों को शक हुआ. कुछ लोग मौके पर पहुंचे और ट्रक की जांच करने लगे.
इसी दौरान लोगों को लगा कि ट्रक में शराब की खेप रखी गई है. देखते ही देखते वहां भीड़ जुट गई और लोग कार्टन लेकर भागने लगे. खास बात यह रही कि जिसे लोग शराब समझकर ले जा रहे थे, वह असल में फ्रूटी जूस निकला.
लोगों को असली तस्करी का अंदाजा तब हुआ जब पुलिस मौके पर पहुंची और ट्रक की गहराई से जांच शुरू की. पुलिस ने पाया कि तस्करों ने ट्रक में ऊपर की तरफ फ्रूटी जूस के कार्टन सजाकर रखे थे, जबकि नीचे एक गुप्त तहखाना बनाकर उसमें विदेशी शराब छिपाई गई थी.
बोखड़ा थाना पुलिस ने ट्रक की तलाशी ली तो अंदर से 3576 लीटर विदेशी शराब बरामद हुई. इसके अलावा बड़ी मात्रा में फ्रूटी जूस के कार्टन भी मिले. पुलिस के अनुसार, तस्करों ने शराब छिपाने के लिए यह तरीका अपनाया था ताकि जांच के दौरान किसी को शक न हो.
बोखड़ा थानाध्यक्ष ललन कुमार ने बताया कि पुलिस के पहुंचने से पहले कुछ लोग ट्रक से सामान लेकर भागने लगे थे. हालांकि मौके पर पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित किया गया और ट्रक को जब्त कर लिया गया.
उन्होंने बताया कि ट्रक से करीब 100 कार्टन फ्रूटी जूस और 3576 लीटर विदेशी शराब बरामद की गई है. वहीं करीब 200 कार्टन फ्रूटी जूस क्षतिग्रस्त पाए गए हैं.
घटना के बाद पुलिस ने सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो और तस्वीरों के आधार पर उन लोगों की पहचान शुरू कर दी है, जो ट्रक से सामान लेकर भागे थे. पुलिस का कहना है कि इस मामले में शामिल लोगों के खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई की जाएगी.
फिलहाल पुलिस ट्रक मालिक, चालक और शराब तस्करी से जुड़े अन्य लोगों की तलाश में जुटी हुई है. मामले में बिहार मद्य निषेध एवं उत्पाद अधिनियम के तहत प्राथमिकी दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है.




