1st Bihar Published by: FIRST BIHAR Updated Thu, 26 Feb 2026 01:57:25 PM IST
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India Nepal Border: भारत-नेपाल सीमा तीन दिनों के लिए सील रहेगी। इस दौरान आम लोगों और वाहनों का प्रवेश पूरी तरह से बैन रहेगा। नेपाल में 5 मार्च को होने वाले चुनाव को शांतिपूर्ण और निष्पक्ष तरीके से सम्पन्न कराने के मद्देनजर 3 मार्च की रात से 6 मार्च की रात तक भारत-नेपाल अंतरराष्ट्रीय सीमा पूरी तरह सील रहेगी।
नवलपरासी जिला प्रशासन ने सुरक्षा कारणों से त्रिवेणी बॉर्डर को निर्धारित अवधि के लिए बंद रखने का निर्णय लिया है। इस दौरान वाल्मिकीनगर सीमा पर आम लोगों और वाहनों के प्रवेश पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा। केवल एम्बुलेंस और विशेष आपातकालीन सेवाओं को सघन जांच के बाद ही आने-जाने की अनुमति दी जाएगी।
नेपाल सशस्त्र पुलिस बल (APF) के त्रिवेणी वीओपी के सब-इंस्पेक्टर डम्मर ओली ने बताया कि चुनाव को देखते हुए सुरक्षा के मद्देनजर यह कदम उठाया गया है। हालांकि पूर्वी नवलपरासी के जिलाधिकारी भविश्वर पांडे की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक लिखित सूचना जारी नहीं की गई है, लेकिन मौखिक रूप से सीमा सील की जानकारी दी गई है।
सीमा सील रहने के दौरान वाहनों का आवागमन पूरी तरह ठप रहेगा। यदि कोई नेपाली मतदाता भारतीय सीमा से प्रवेश करता है, तो उसकी नागरिकता और मतदाता पहचान पत्र की जांच के बाद ही नेपाल में प्रवेश की अनुमति दी जाएगी।
बता दें कि जेएनजी आंदोलन के बाद नेपाल के प्रधानमंत्री के पी शर्मा ओली ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया था। इसके बाद सुशीला कार्की को प्रधानमंत्री नियुक्त कर उनके नेतृत्व में अंतरिम सरकार का गठन किया गया और 6 मार्च को चुनाव कराने का निर्णय लिया गया।
नेपाल में 5 मार्च को मतदान सुबह 7 बजे से शाम 5 बजे तक होगा। देश में कुल 18.9 मिलियन योग्य मतदाता House of Representatives के 275 सदस्यों के चुनाव के लिए वोट डालेंगे। इनमें से 165 सदस्य प्रत्यक्ष मतदान (डायरेक्ट वोटिंग) से चुने जाएंगे, जबकि 110 सदस्य आनुपातिक प्रतिनिधित्व प्रणाली के तहत निर्वाचित होंगे। चुनाव को लेकर नेपाल क्षेत्र में विशेष सतर्कता बरती जा रही है और सीमा क्षेत्र पर एपीएफ की कड़ी निगरानी जारी है।