RailOne App : रेलवे का बड़ा फैसला, UTS मोबाइल ऐप बंद; अब सिर्फ रेलवन ऐप से बुक होगी टिकट

मार्च 2026 से UTS मोबाइल ऐप बंद होगा। अब देशभर में रेलवे टिकट बुकिंग के लिए सिर्फ रेलवन ऐप का प्रयोग होगा। यात्रियों को मिलेगी 3% किराया छूट, सुविधाजनक और सुरक्षित मोबाइल बुकिंग।

1st Bihar Published by: First Bihar Updated Sat, 03 Jan 2026 10:28:29 AM IST

RailOne App : रेलवे का बड़ा फैसला, UTS मोबाइल ऐप बंद; अब सिर्फ रेलवन ऐप से बुक होगी टिकट

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RailOne App : रेल यात्रा करने वाले यात्रियों के लिए बड़ा बदलाव आने वाला है। भारतीय रेलवे ने देशभर में अपनी टिकटिंग प्रणाली को और अधिक सुविधाजनक बनाने के लिए एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। इसके तहत मार्च 2026 से अनरक्षित टिकट बुकिंग के लिए इस्तेमाल होने वाला UTS मोबाइल ऐप पूरी तरह बंद कर दिया जाएगा। अब इसके स्थान पर रेलवन (RailWay One – RailOne) मोबाइल ऐप ही देशभर में रेलवे सेवाओं के लिए एकमात्र आधिकारिक ऐप होगा।


रेलवे के अधिकारियों ने बताया कि इस कदम का मुख्य उद्देश्य यात्रियों को अलग-अलग एप्लिकेशन या विकल्पों की तलाश से मुक्ति देना है। वर्तमान में, कई यात्री टिकट खरीदने के लिए UTS मोबाइल ऐप का उपयोग कर रहे हैं। यह ऐप काफी लोकप्रिय था क्योंकि इसके जरिए यात्रियों को न तो टिकट खिड़की पर जाना पड़ता था और न ही एटीएम या अन्य माध्यमों से टिकट लेने के लिए कर्मचारियों से संवाद करना पड़ता था। सीधे अपने मोबाइल फोन से यात्री अपनी यात्रा की टिकट आसानी से बुक कर लेते थे।


लेकिन अब, रेलवे पूरी तरह से रेलवन ऐप पर ध्यान केंद्रित करेगा। रेलवन ऐप एक ऐसा प्लेटफॉर्म है जो देशभर के सभी रेलवे नेटवर्क को जोड़ता है। इसके जरिए यात्री न केवल अनरक्षित टिकट बल्कि अन्य रेलवे सेवाओं के लिए भी सुविधाओं का लाभ उठा सकते हैं। यह एक केंद्रीकृत एप्लिकेशन है, जिससे यात्रियों को अलग-अलग ऐप्स या वेबसाइट की आवश्यकता नहीं होगी।


रेलवे ने यात्रियों को इस बदलाव के प्रति उत्साहित करने के लिए रेलवन ऐप से टिकट बुकिंग पर 3 प्रतिशत किराया में छूट देने की भी घोषणा की है। यह सुविधा 14 जनवरी 2026 से शुरू होगी। अधिकारी यह सुनिश्चित कर रहे हैं कि इस ऐप के जरिए बुकिंग प्रक्रिया सरल, तेज और सुरक्षित हो। रेलवन ऐप में सीट की उपलब्धता, ट्रेनों का शेड्यूल, प्लेटफॉर्म जानकारी और टिकट रद्द करने जैसी सभी सुविधाएँ मौजूद हैं।


रेलवे अधिकारियों के अनुसार, इस बदलाव के पीछे एक बड़ा उद्देश्य है: देशभर के रेलवे नेटवर्क में डिजिटल सेवाओं को और अधिक एकीकृत और सुलभ बनाना। पहले यात्रियों को अलग-अलग ऐप या सिस्टम के जरिए टिकट बुक करनी पड़ती थी, जिससे कभी-कभी भ्रम और परेशानी होती थी। रेलवन ऐप के आने के बाद यह पूरी प्रक्रिया एक ही प्लेटफॉर्म पर केंद्रीकृत हो जाएगी।


विशेषज्ञों का कहना है कि यह कदम यात्रियों के लिए समय और पैसे दोनों की बचत करेगा। उदाहरण के लिए, UTS ऐप के बंद होने के बाद यात्रियों को अलग-अलग ऐप डाउनलोड करने या विभिन्न प्लेटफॉर्म से जानकारी लेने की जरूरत नहीं पड़ेगी। एक ही ऐप से पूरे देश में किसी भी स्टेशन या ट्रेन की टिकट बुक करना संभव होगा।


रेलवे ने यह भी बताया कि रेलवन ऐप को मोबाइल और डेस्कटॉप दोनों प्लेटफॉर्म पर प्रयोग किया जा सकता है। इसमें सुरक्षित भुगतान विकल्प, टिकट रद्द और बदलाव की सुविधा, रियल-टाइम ट्रेन स्थिति और अन्य यात्रियों के लिए उपयोगी जानकारी उपलब्ध है। ऐप के जरिए यात्रियों को उनकी यात्रा से जुड़ी सभी जानकारी सीधे मोबाइल पर मिल जाएगी।


यात्रियों से रेलवे अपील कर रहा है कि वे जल्द से जल्द रेलवन ऐप को डाउनलोड कर लें और इस नए सिस्टम के साथ अपने अनुभव को सहज बनाएं। मार्च 2026 तक UTS मोबाइल ऐप बंद हो जाएगा, इसलिए इसके बाद सिर्फ रेलवन ऐप ही टिकट बुकिंग का माध्यम होगा।


इस बदलाव से भारतीय रेलवे का डिजिटल पहल और मजबूत होगा। रेल यात्रियों के लिए यह एक बड़ा फायदा है क्योंकि उन्हें अब कई ऐप्स के झंझट से नहीं गुजरना पड़ेगा और टिकट बुकिंग पूरी तरह मोबाइल पर सुरक्षित और आसान हो जाएगी।