ब्रेकिंग
Bihar News : बिहार की महिलाओं के लिए बड़ी खुशखबरी! अब गांव-प्रखंड तक चलेगी पिंक बस, 50 नई बसों की तैयारीBihar News: शराब नहीं मिली फिर भी जब्त कर लिया ट्रक! हाईकोर्ट ने बिहार सरकार पर लगाया 2.15 लाख का जुर्मानाBihar News : बिहार में गजब प्रमोशन का मामला! 4 महीने पहले बने सीनियर डॉक्टर, नए नोटिफिकेशन में फिर हो गए जूनियरBihar News: Degree से लेकर परीक्षा तक बदलेंगे नियम? बिहार में नए विश्वविद्यालय कानून की तैयारी तेजBihar Marine Drive : बिहार को मिलेगा नया मरीन ड्राइव! मुंगेर से सबौर तक बनेगा 82.80 KM लंबा गंगा पथ, जानें पूरी योजनाBihar News : बिहार की महिलाओं के लिए बड़ी खुशखबरी! अब गांव-प्रखंड तक चलेगी पिंक बस, 50 नई बसों की तैयारीBihar News: शराब नहीं मिली फिर भी जब्त कर लिया ट्रक! हाईकोर्ट ने बिहार सरकार पर लगाया 2.15 लाख का जुर्मानाBihar News : बिहार में गजब प्रमोशन का मामला! 4 महीने पहले बने सीनियर डॉक्टर, नए नोटिफिकेशन में फिर हो गए जूनियरBihar News: Degree से लेकर परीक्षा तक बदलेंगे नियम? बिहार में नए विश्वविद्यालय कानून की तैयारी तेजBihar Marine Drive : बिहार को मिलेगा नया मरीन ड्राइव! मुंगेर से सबौर तक बनेगा 82.80 KM लंबा गंगा पथ, जानें पूरी योजना

पटना यूनिवर्सिटी के कुलपति अजय कुमार सिंह को बड़ी राहत, गवर्नर ने फिर से किया बहाल; लगे थे यह आरोप

Patna University: पटना विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. अजय कुमार सिंह जांच के बाद चेतावनी के साथ पद पर बहाल कर दिया गया है. उनके ऊपर गेस्ट टीचर के नवीनीकरण में नियमों के उल्लंघन और प्रशासनिक संवेदनशीलता की कमी के आरोप लगे थे.

Patna University
© Google
Mukesh Srivastava
2 मिनट

Patna University: पटना विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. अजय कुमार सिंह को जांच के बाद पद पर बहाल कर दिया गया है। उन पर अतिथि शिक्षकों के नवीनीकरण में नियमों के उल्लंघन और प्रशासनिक संवेदनशीलता की कमी के आरोप थे। लोक भवन ने जांच समिति की रिपोर्ट और कुलपति के स्पष्टीकरण के आधार पर उन्हें दोबारा नियुक्त किया है। 


राजभवन को कुलपति के खिलाफ कई शिकायतें प्राप्त हुई थीं, जिनके आधार पर जांच प्रक्रिया शुरू की गई थी। जांच के लिए न्यायमूर्ति रवि रंजन की अध्यक्षता में एक सदस्यीय समिति गठित की गई थी। जांच के दौरान कुलपति को अनिवार्य अवकाश पर भेजा गया। समिति ने सभी आरोपों और दस्तावेजों की विस्तृत जांच की। 


रिपोर्ट में कुलपति के आचरण पर सवाल उठाए गए थे, जिसके बाद उन्हें कारण बताओ नोटिस जारी किया गया। कुलपति ने अपने जवाब में खेद व्यक्त किया और स्पष्टीकरण दिया कि उनका उद्देश्य निर्देशों की अवहेलना करना नहीं था। उन्होंने भविष्य में नियमों का पालन करने का आश्वासन भी दिया।


सभी तथ्यों और दस्तावेजों पर विचार करने के बाद लोक भवन ने कुलपति को चेतावनी के साथ बहाल कर दिया। उन्हें तत्काल प्रभाव से कुलपति पद पर नियुक्त किया गया है। फैसले के बाद विश्वविद्यालय प्रशासन में स्थिति सामान्य होने की उम्मीद जताई गई है।

रिपोर्टिंग
F

रिपोर्टर

FIRST BIHAR

FirstBihar संवाददाता